पूर्व विधानसभा अध्यक्ष दीपेन्द्र सिंह शेखावत ने भी खोला नोटबंदी के खिलाफ मोर्चा

Published Date 2017/01/02 19:41, Written by- Ravish Tailor

टोंक। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 500 और एक हजार के नोट बंद किये जाने के बाद से शुरू हुआ विपक्ष के सरकार पर आरोप लगाने का दौर नये साल मे भी रूकने का नाम ही नहीं ले रहा है। केन्द्र से लेकर प्रदेश के नेता नोटबंदी को लेकर दोबारा मोदी सरकार को घेरने मे जुगत मे दिखाई दे रहे हैं। इसी को लेकर प्रदेश मे प्रमुख विपक्षी दल यानि कांग्रेसी नेता अब आंदोलन का ताना-बाना बुनने लगे हैं। इसी के तहत आज टोंक मे प्रेस कांफ्रेंस कर पूर्व विधानसभा अध्यक्ष दीपेन्द्रसिंह शेखावत ने मोदी सरकार द्वारा लिये गए नोटबंदी के फैसले को आजादी के बाद से अब तक को सबसे बड़ा घोटाला करार दिया।


शेखावत ने भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए कहा कि नोटबंदी को छोटे कारोबारियों से लेकर आम आवाज, किसान और मजदूर पर सर्जिकल स्ट्राइक की संज्ञा देते हुये शेखावत ने बड़े कारोबारियों को ऋण मे छूट दिये जाने पर सवाल उठाये। साथ ही 8 नवम्बर को नोटबंदी किये जाने से लेकर 50 दिन पूरे होने तक बार-बार नियमों मे परिवर्तन किये जाने को लेकर भी उन्होंने सरकार और आरबीआई पर कटाक्ष किये। वित्तमंत्री द्वारा 6 महिने पहले नये नोटों की छपाई करवाने के बयान को हास्यास्पद बताकर चुटकी लेते हुये कहा कि उन नोटों पर नये गर्वनर के साईन कहां से आये।


शेखावत ने कहा कि जब मोदी सरकार ने नोटबन्दी का फैसला लिया तो हर कोई खुश था, लेकिन अब आश्चर्यचकित है। नोटबन्दी पर सरकार की पोल खुलती जा रही है, उन्होंने मोदी सरकार पर गम्भीर आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार ने नोटबन्दी का ताना-बाना सिर्फ अपने करीबी कॉर्पोरेट घरानों को फायदा पहुंचाने के लिए बुना गया था। शेखावत ने कहा कि सरकार ने नोटबन्दी के नाम 125 लाख रुपए का घोटाला किया है। 


उन्होंने कहा की सरकार ने नोटबन्दी के नाम पर जनता की कमर तोड कर रख दी है, जबकि सरकार के फैसले को लेकर अब तक हुई गिरफ्तारियों और उनकी जांच को लेकर भी कई गम्भीर सवालिया निशान खडे किए, जबकि गुजराती कारोबारी महेश शाह के मामले मे भी जांच की मांग करते हुये उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी और भाजपा सुप्रीमो अमित शाह से रिश्तों पर गंभीर आरोप लगाये हैं।


कांग्रेस ने नोटबन्दी के सरकार के फैसले के खिलाफ एक बार फिर से अपनी तैयारियां शुरू कर दी है। उन्होंने कहा कि 4 जनवरी को नोटबन्दी को लेकर प्रदेश स्तरीय बैठक करेगी, जिसमें केन्द्र से भी पार्टी के कई ऑबजर्वर हिस्सा लेंगे और आने वाले दिनों में कांग्रेस पार्टी की ओर से प्रदेश में नोटबन्दी के खिलाफ एक बड़ा जन आन्दोलन देखने को मिलेगा। 

 

Tonk Rajasthan Demonetisation Deependra Singh Shekhawat PM Narendra Modi Congress

 

First India News से जुड़े अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करे!
हर पल अपडेट रहने के लिए अभी डाउनलोड करें First India News Mobile Application
लेटेस्ट वीडियो के लिए हमारे YOUTUBE चैनल को विजिट करें

Stories You May be Interested in


Most Related Stories


-------Advertisement--------



-------Advertisement--------