जयपुर डिजिटल बाल मेला संग हिंदूस्तान के बच्चों के लिये यादगार बना जश्न- ए- आज़ादी का पर्व 

डिजिटल बाल मेला संग हिंदूस्तान के बच्चों के लिये यादगार बना जश्न- ए- आज़ादी का पर्व 

डिजिटल बाल मेला संग हिंदूस्तान के बच्चों के लिये यादगार बना जश्न- ए- आज़ादी का पर्व 

जयपुर: आज देशभर में स्वतंत्रता दिवस की धूम मची है. आजादी की 75वीं वर्षगांठ हिंदूस्तान के बच्चों के लिए सबसे यादगार दिवस उभर कर सामने आया है. जब देश के हर राज्यों से जुड़कर बच्चों ने लाइव जश्न- ए- आजादी की शुभकामनाएं दी. तो वही देश के पहले डिजिटल सांस्कृतिक कार्यक्रम में भाग लेकर इतिहास रच दिया. बच्चों की देशभक्ति देख हर कोई देशप्रेम की भावना में बह गया. बच्चों ने कविता/भाषण/गीत/नृत्य की प्रस्तुति देते हुए आजादी का जश्न मनाया. तो वही एक दूसरे को अपने अंदाज में राष्ट्रीय पर्व का महत्व भी बताया. तो वही लाइव कार्यक्रम में बच्चों ने अपने राष्ट्र गौरव तिरंगे को सम्मान देते हुए उन वीर स्वतंत्रता सेनानियों को याद किया जिनकी वजह से भारत को आजादी मिली है.

वतन है मेरा सबसे महान, 
प्रेम सौहार्द का दूजा नाम, 
वतन-ए-आबरू पर है सब कुर्बान, 
शांति का दूत है मेरा हिन्दुस्तान ..

कुछ इसी तरह की पंक्तियों से बच्चों ने एक- दूसरे को देशप्रेम से संबोधित किया. बच्चों ने सरकार की योजनाओं के बारें में भी इस अवसर पर चर्चा की. जिसमें राष्ट्र को मिली आजादी में बच्चों को किन वास्तव में किस आजादी की सबसे ज्यादा जरूरत है.बच्चों ने भ्रष्ट्राचार,झूठ ना बोलना, अन्याय के खिलाफ लड़ना, हिंसा ना करना तो वही महापुरूषों के कदमों को अनुसरण करते रहने का भी संदेश दिया.तिरंगे का मान बढ़ाते हुए बच्चों ने अपने राष्ट्रध्वज को हमेशा ऊंचा रखने की कसमें खाई. 

विजयी विश्व तिरंगा प्यारा,
झंडा ऊंचा रहे हमारा..

जैसे गीतों के जरिये एक- दूसरे को देशप्रेम की भावना के प्रति प्रेरित किया. लाइव समारोह में बच्चों ने देश के भविष्य को लेकर भी बात की. ऐसे में देश के रक्षक बन कैसे बच्चे अपने भारत देश का मान बढ़ाएंगे और कैसे उसे हर किसी बुराई से बचाएंगे के बारें में चर्चा की.

पन्द्रह अगस्त का यह शुभ दिन
कभी न भूला जायेगा
स्वर्णाक्षर में अंकित होगा
उच्च अमर पद पायेगा.

 

बच्चों द्वारा बोली गयी इन कविताओं ने देश के हर नागरिक का दिल जीत लिया. आज का ये कार्यक्रम हर स्वतंत्रता दिवस पर एक नयी रोशनी के साथ याद​ किया जाएगा. डिजिटल बाल मेला के बच्चों की प्रस्तुति दुनियाभर में कमाल कर गयी. हर बच्चे को मिला उनका पूर्ण समय उनमें उत्साह की चमक बन गया. कुछ इसी तरह देशभर के बच्चों ने एक साथ एक सुर में राष्ट्रगान गाकर कार्यक्रम का समापन किया और डिजिटल बाल मेला को धन्यवाद दिया.

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