Live News »

INDvsWI : 18 साल के पृथ्वी शॉ ने डेब्यू टेस्ट में ठोका सैकड़ा, घर के पास जश्न का माहौल

INDvsWI : 18 साल के पृथ्वी शॉ ने डेब्यू टेस्ट में ठोका सैकड़ा, घर के पास जश्न का माहौल

राजकोट। भारत और वेस्ट इंडीज के बीच राजकोट में खेले जा रहे 2 टेस्ट मैचों की सीरीज का पहले मुकाबले में भारत के युवा बल्लेबाज पृथ्वी शॉ ने अपनी शानदार बल्लेबाजी का प्रदर्शन किया है। 18 साल के पृथ्वी शॉ ने अपने पहले ही डेब्यू टेस्ट में 99 गेंदों पर सैकड़ा ठोक दिया, जिसके साथ ही वह डेब्यू टेस्ट में सेंचुरी मारने वाले सबसे युवा भारतीय क्रिकेटर बन गए हैं। वहीं उनके इस शानदार प्रदर्शन को लेकर मुंबई में उनके घर के पास जश्न का माहौल है, जहां उनके प्रशंसक आतिशआजी कर जश्न मना रहे हैं।

वेस्ट इंडीज जैसी टीम के सामने डेब्यू मैच खेल रहे भारत के युवा बल्लेबाज बल्लेबाज पृथ्वी शॉ ने गजब का खेल दिखाते हुए सेंचुरी ठोकी है। पृथ्वी ने 99 गेंदों पर सैकड़ा ठोक दिया, जिसकी बदौलत टीम इंडिया पहले टेस्ट में वेस्ट इंडीज पर अपनी पकड़ मजबूत बनाने की ओर बढ़ रही है। टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत का स्कोर एक विकेट के नुकसान पर 231 रन के पार पहुंच चुका है। क्रीज पर इस समय पृथ्वी शॉ 154 गेंदों पर 134 रन बनाकर खेल रहे हैं, जिनके साथ विराट कोहली भी डटे हैं।

राजकोट में टेस्ट डेब्यू करने वाले पृथ्वी शॉ ने शानदार बैटिंग कर खेल प्रेमियों का दिल जीत लिया। सचिन के बाद टेस्ट में सेंचुरी लाने वाले पृथ्वी शॉ दूसरे सबसे युवा भारतीय क्रिकेटर बन गए हैं। बता दें कि शॉ की कप्तानी में ही भारत ने इसी साल अंडर-19 विश्व कप का खिताब जीता था। शॉ ने पिछले साल इसी मैदान पर रणजी ट्रोफी में पदार्पण किया था और शतक बनाया था। 

गौरतलब है कि मंगलवार को ही एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अंजिक्य रहाणे ने भी उनकी प्रशंसा करते हुए कहा कि मैंने उन्हें करियर की शुरूआत से देखा है। हम साथ में अभ्यास करते थे। वह आक्रामक सलामी बल्लेबाज हैं और भारत A के लिए अच्छा खेलने का फल उन्हें मिला है। भारतीय उपकप्तान अजिंक्य रहाणे ने कहा था कि वेस्ट इंडीज के खिलाफ सीरीज के जरिए टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण की दहलीज पर खड़े पृथ्वी शॉ को अपनी बल्लेबाजी की आक्रामक शैली को ही जारी रखना चाहिए। पृथ्वी शॉ उनकी उम्मीदों पर खरे उतरे हैं।

और पढ़ें

Most Related Stories

फांसी के फंदे पर लटकी मिली विवाहिता, पीहर पक्ष ने लगाया दहेज हत्या का आरोप

फांसी के फंदे पर लटकी मिली विवाहिता, पीहर पक्ष ने लगाया दहेज हत्या का आरोप

सैपऊ(धौलपुर): सैपऊ थाना क्षेत्र में दहेज की खातिर एक विवाहिता की हत्या कर देने का मामला सामने आया है. पुलिस की ओर से मृतका का पोस्टमार्टम कराकर शव पीहर पक्ष को सुपुर्द कर दिया. तभी पीहर पक्ष के लोग शव को ले जा रहे थे इसी दरमियान ट्रैक्टर के द्वारा शव ले जाते समय रास्ते में पीहर पक्ष तथा ससुराली जनों के बीच विवाद हो गया. दोनों पक्षों के बीच हुए विवाद के चलते रास्ते में लोगों की भीड़ जमा हो गई. दाह संस्कार के लिए शव ले जाने पर हुए विवाद की सूचना पर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों से समझाइश के प्रयास किए गए. 

'अंतर्राष्ट्रीय माहवारी स्वच्छता' दिवस: महिलाएं स्वच्छ व स्वस्थ रहकर ही अपने परिवार को स्वस्थ रख पाएंगी- ममता भूपेश  

पुलिस से पीहर पक्ष के लोग उलझ गए:
इस दरमियान समझाइश कर रही पुलिस से पीहर पक्ष के कुछ महिला और पुरुष उलझ गए. पुलिस और इन लोगों के बीच काफी देर तक गहमागहमी होती रही. इस दरमियान पुलिस के साथ कुछ लोगों के द्वारा हाथापाई कर देने की बात भी सामने आई है. हालांकि पुलिस अधिकारियों की ओर से इस तरह की घटना से इनकार किया गया है. सूचना पाकर पुलिस उपाधीक्षक विजय कुमार मौके पर पहुंचे और पुलिस के साथ अभद्र व्यवहार कर रहे कुछ लोगों को हिरासत में लिया तथा दोनों पक्ष के लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की. उधर सबको पीहर पक्ष के लोगों के साथ दाह संस्कार के लिए रवाना किया गया. 

पीहर पक्ष ने लगाया दहेज हत्या का आरोप:
आपको बता दें कि सैपऊ थाना क्षेत्र के पथैना गांव निवासी अंजलि की 6 माह पूर्व उत्तर प्रदेश के चीत गांव में सम्मेलन के द्वारा शादी हुई थी. जिसकी आज मौत हो गई है. घर पर फांसी के फंदे पर लटका हुआ शव मिला है. घटना को लेकर परिजनों की ओर से दहेज हत्या का आरोप लगाया गया है. मृतका के भाई सचिन ने बताया कि शादी के दिन से ही ससुराली जनों के द्वारा दहेज के लिए प्रताड़ित किया जाता था जिसकी खातिर आज उसकी हत्या कर दी गई है. पुलिस उपाधीक्षक विजय कुमार ने बताया कि महिला की मौत के बाद पोस्टमार्टम कार्यवाही करा कर शव पीहर पक्ष को सौंप दिया है. तथा दर्ज कराए गए मामले के आधार पर कार्यवाही शुरू कर दी है. 

राज्य में एनपीआर रजिस्टर बनाने के सॉफटवेयर के नाम पर घोटाला, हाईकोर्ट ने 6 अधिकारियों को जारी किया नोटिस 

पुलिस के साथ भी लोग अभद्रता करने पर उतारू हो गए:
पुलिस कार्रवाई के बाद दाह संस्कार के लिए शव ले जाते समय दोनों पक्षों के लोगों के बीच रास्ते में तकरार हो गई. इस दरमियान मौके पर पहुंची पुलिस के साथ भी लोग अभद्रता करने पर उतारू हो गए. इस दरमियान शव ले जाने पर काफी देर तक पहले दोनों पक्षों के बीच हंगामा फिर पुलिस से तकरार होती दिखी. 

'अंतर्राष्ट्रीय माहवारी स्वच्छता' दिवस: महिलाएं स्वच्छ व स्वस्थ रहकर ही अपने परिवार को स्वस्थ रख पाएंगी- ममता भूपेश

'अंतर्राष्ट्रीय माहवारी स्वच्छता' दिवस: महिलाएं स्वच्छ व स्वस्थ रहकर ही अपने परिवार को स्वस्थ रख पाएंगी- ममता भूपेश

जयपुर: महिला एवं बाल विकास राज्यमंत्री ममता भूपेश ने कहा कि अपने परिवार को स्वस्थ रखने के लिए महिलाओं को पहले स्वयं के स्वास्थ्य पर ध्यान देना होगा. उन्होंने कहा कि महिलाएं स्वच्छ व स्वस्थ रह कर ही अपने परिवार को स्वस्थ रख सकती है. 

राज्य में एनपीआर रजिस्टर बनाने के सॉफटवेयर के नाम पर घोटाला, हाईकोर्ट ने 6 अधिकारियों को जारी किया नोटिस 

भूपेश गुरुवार को अन्तर्राष्ट्रीय माहवारी स्वच्छता दिवस पर अपने निवास पर महिला अधिकारिता विभाग द्वारा सोशल एवं फिजिकल डिस्टेंसिंग को ध्यान में रखते हुए आयोजित राष्ट्रीय कार्यक्रम में बोल रही थी. उन्होंने बताया कि 28 मई जो कि 28 दिन के अंतराल पर 5 दिवस के माहवारी दिवस के प्रतीक के रूप में महिलाओं के स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए जागरूकता हेतु आयोजित किया जाता है. 

महिलाएं अपने स्वास्थ्य को नजरअंदाज नहीं करें:
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के चलते महिलाएं अपने स्वास्थ्य को नजरअंदाज नहीं करें. आज हमारा प्रदेश, देश एवं संपूर्ण विश्व जिन विषम परिस्थितियों से गुजर रहा है उनमें महिलाओं को अपने घर एवं परिवार जनों की देखभाल पहले की तुलना में अधिक सजग होकर करने की जरूरत है. ऎसी स्थिति में महिलाएं अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखेंगी तभी अपने परिवार को भी स्वस्थ रख पाऎंगी. इसके लिए जरूरी है कि महिलाएं अपने 5 दिनों में स्वच्छता विधियों एवं साधनों का प्रयोग करें. 

आगामी समय में निसंदेह हमारे लिए वित्तीय परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण रहेंगी: 
भूपेश ने यह भी कहा कि आगामी समय में निसंदेह हमारे लिए वित्तीय परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण रहेंगी इसलिए हमारे प्रदेश की बेटियां और बहनें मजबूती से अपने को संभाले एवं परिवार को स्वस्थ एवं सुरक्षित रखें और एक स्वस्थ भारत का निर्माण करें. 

प्रत्येक 10 महिलाओं को इसके लिए जागरूक करेंगी:
इस अवसर पर उपस्थित पांच महिला लाभार्थियों को जागरूकता संदेश के साथ सेनेटरी नैपकिन तथा साबुन का वितरण किया गया एवं कार्यक्रम समाप्ति के पश्चात जयपुर जिले की विभिन्न जगहों पर लाभार्थी महिलाओं को भी सैनेटरी नैपकिन तथा साबुन का वितरण करवाया गया. कार्यक्रम में उपस्थित सभी महिलाओं ने संकल्प भी लिया कि वे अपने आसपास की प्रत्येक 10 महिलाओं को इसके लिए जागरूक करेंगी. 

सोशल मीडिया की अफवाह पर परिजनों ने जताई कोरोना पॉजिटिव की आंशका, एसडीएम ने कराया दाह संस्कार 

इस मौके पर ये अधिकारी रहे मौजूद:
इस मौके पर विभाग के शासन सचिव के के पाठक, निदेशक समेकित बाल विकास सेवाएं डॉ. प्रतिभा सिंह, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना की ब्रांड एंबेसडर अनुपमा सोनी ,महिला सुरक्षा एवं सलाह केंद्र की राज्य स्तरीय स्टीयरिंग कमेटी की सदस्य निशा सिद्धू ,मीनाक्षी माथुर एवं डॉक्टर मेनका व विभाग के अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे. 

राज्य में एनपीआर रजिस्टर बनाने के सॉफटवेयर के नाम पर घोटाला, हाईकोर्ट ने 6 अधिकारियों को जारी किया नोटिस

राज्य में एनपीआर रजिस्टर बनाने के सॉफटवेयर के नाम पर घोटाला, हाईकोर्ट ने 6 अधिकारियों को जारी किया नोटिस

जयपुर: देश में राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर को लेकर कि जा रही कवायद में राज्य के सूचना विभाग की कंपनी राजकॉम्प ने सॉफटवेयर के नाम पर ही 2 करोड़ से अधिक का घोटाला किया है. बिना सॉफटवेयर के बिना निर्माण और बिना कम्प्यूटर में इंस्टाल किये ही करीब 2 करोड़ 40 लाख का भुगतान किया गया. मामले में शिकायत के बाद भी कार्यवाही नहीं करने पर राजस्थान हाईकोर्ट ने तत्कालिन यूआईडी आधार के अतिरिक्त निदेशक हंसराज यादव, आधार उपनिदेशक रणवीरसिंह, प्रोजेक्ट अधिकारी सीताराम स्वरूप, तत्कालिन वित्त निदेशक निलेश शर्मा, मैनेजेर वित्त कौशल गुप्ता, राजकॉम्प एमडी और एसीबी महानिदेशक को हाईकोर्ट ने नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है. खण्डपीठ ने प्रकरण की अगली सुनवाई 6 जुलाई को तय की है. 

सोशल मीडिया की अफवाह पर परिजनों ने जताई कोरोना पॉजिटिव की आंशका, एसडीएम ने कराया दाह संस्कार 

टेण्डर में अतिशय लिमिटेड को 2 करोड़ 40 लाख का वर्क आर्डर दिया: 
पब्लिक अगेंस्ट करप्शन संस्था की ओर से दायर जनहित याचिका में एडवोकेट पूनम चंद भंडारी और डॉ टी एन शर्मा ने अदालत को बताया कि 7 मार्च 2018 को निकाले गये टेण्डर में अतिशय लिमिटेड को 2 करोड़ 40 लाख का वर्क आर्डर दिया गया. इस आर्डर के तहत 36 लाख रूपये सॉफटवेयर के निर्माण के लिए, 1 करोड़ 4 लाख रूपये सपोर्ट के लिए जारी किये गये. लेकिन कंपनी द्वारा ना तो ऐसा कोई सॉफ्टवेयर बनाया गया और ना ही किसी भी कम्प्यूटर में इंस्टाल ही किया गया. फिर भी सॉफ्टवेयर बनाने के लिए एक करोड़ 36 लाख और सपोर्ट एवं हेल्प डेस्क के नाम पर 26 लाख से अधिक का भुगतान कर दिया गया.

फेफड़े मजबूत करने के लिए खाएंगे ये चीजें तो रोगों से रहेंगे दूर 

6 अधिकारियों को नोटिस जारी कर जवाब तलब:
याचिका मे कहा गया कि सिरोही, टोंक और गंगानगर जिलों से प्राप्त आरटीआई  सूचना के अनुसार इन तीन जिलों मे सॉफ्टवेयर इंस्टाल ही नहीं किया गया है. मामले की शिकायत एसीबी में किेय जाने के बावजूद कोई कार्यवाही नहीं की गयी. बहस सुनने के बाद जस्टिस सबीना की खण्डपीठ ने राज्य के एसीबी महानिदेशक सहित 6 अधिकारियों को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है. 

सोशल मीडिया की अफवाह पर परिजनों ने जताई कोरोना पॉजिटिव की आंशका, एसडीएम ने कराया दाह संस्कार

सोशल मीडिया की अफवाह पर परिजनों ने जताई कोरोना पॉजिटिव की आंशका,  एसडीएम ने कराया दाह संस्कार

भीलवाड़ा: जिले के करेड़ा में कोरोना पॉजिटिव से नेगटिव होकर सकुशल घर पहुंची 3 माह की मासूम बच्ची की मौत के बाद परिजनों ने हंगामा खड़ा कर दिया. कारण यह रहा की सोशल मीडिया पर कांट छांट कर एक खबर को प्रस्तुत किया गया. उसी खबर को तथ्यात्मक मानते हुए परिजनों ने प्रशासन को आड़े हाथ ले लिया जिसके बाद प्रशासनिक अधिकारी सहित थानाधिकारी जगदीश प्रसाद ने समझाइश कर मामले को शांत कराया.

कांग्रेस का बड़ा ऑनलाइन अभियान, सोनिया गांधी ने की हर परिवार को 7500 रुपये प्रति माह देने की मांग 

अस्पताल से उसे डिस्चार्ज कर घर भेज दिया गया:
हुआ यूं कि करेड़ा थाना क्षेत्र के एक परिवार को गत दिनों(कोविड-19) संक्रमण हो गया. जिन्हें जिला अस्पताल में इलाज के लिए ले जाया गया. परिवार की महिला व एक 3 माह की बच्ची की कोरोना रिपोर्ट नेगिटिव आने के बाद अस्पताल से उसे डिस्चार्ज कर घर भेज दिया गया. बुधवार को बच्ची की तबियत बिगड़ने के बाद नजदीकी अस्पताल ले जाया गया वहां प्राथमिक उपचार कर घर ले गए जहां बच्ची ने दम तोड़ दिया. उसी दरमियान किसी व्यक्ति में सोशल मीडिया पर बच्ची के कोरोना पॉजिटिव होने की तथ्यहीन खबर वायरल कर दी. जिससे परिजनों के मन मे एक गलत धारण बन गई कि जब बच्ची कोरोना पॉजिटिव थी तो उसे नेगिटिव बता कर घर क्यो भेज दिया गया.

फेफड़े मजबूत करने के लिए खाएंगे ये चीजें तो रोगों से रहेंगे दूर 

बच्ची के पिता को भीलवाड़ा में क्वॉरेंटाइन: 
आज सुबह जब घरवालों ने बच्ची का अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया तो उपखंड अधिकारी महिपाल सिंह, तहसीलदार हरेंद्र सिंह, नायब तहसीलदार ओमप्रकाश शर्मा, थाना प्रभारी जगदीश प्रसाद आदि ने मौके पर पहुंचकर परिजनों से समझाइस की. उपखंड अधिकारी महिपाल सिंह ने गड्डा खोदकर बच्ची का अंतिम संस्कार का कार्यक्रम करवाया. वहीं बताया गया कि बच्ची के पिता को भीलवाड़ा में क्वॉरेंटाइन किया हुआ है. 

फेफड़े मजबूत करने के लिए खाएंगे ये चीजें तो रोगों से रहेंगे दूर

फेफड़े मजबूत करने के लिए खाएंगे ये चीजें तो रोगों से रहेंगे दूर

जयपुर: शरीर में ऑक्सीजन पहुंचाने वाले फेफड़ों का सही तरीके से काम करना अतिआवश्यक है. यदि फेफड़ों में कोई बीमारी है तो शरीर में ऑक्सीजन की कमी हो सकती है, ऐसे में फेफड़ों का हमेशा ख्याल रखना आवश्यक है. दुनियाभर में कोरोना वायरस से मरने वालों की रिपोर्ट बताती है कि ये वायरस उनके फेफड़ों को कितनी तेजी से खराब करता है. उन्हें सांस लेने में भी तकलीफ इसी वजह से होती है. ऐसे में आज हम आपको कुछ ऐसी चीजें बता रहे हैं जो फेफड़ों को मजबूत करने में सहायता करेगी...

कांग्रेस का बड़ा ऑनलाइन अभियान, सोनिया गांधी ने की हर परिवार को 7500 रुपये प्रति माह देने की मांग 

पानी- पानी पीना फेफड़ों के लिए बहुत आवश्यक होता है. हर दिन 6 से 8 गिलास पानी पीना ही चाहिए. ये फेफड़ों को प्योरीफाई कर उन्हें रोगों से दूर रखता है.

लहसुन- भोजन करने के बाद एक कली लहसुन खाने से फेफड़े साफ होते हैं. लहसुन के सेवन से इम्यून सिस्टम भी मजबूत होता है. 

बीन्स- बीन्स का सेवन भी फेफड़ों के लिए बहुत जरूरी है. बीन्स में शरीर के लिए जरूरी हर तरह के न्यूट्रीशन पाए जाते हैं.

विटामिन ‘सी’-  सभी खट्टे फलों जैसे नींबू, संतरा, कीवी, अंगूर, टमाटर अनानास और स्ट्रॉबेरी आदि में विटामिन सी भरपूर मात्रा में होता है. विटामिन ‘सी’  के सेवन से फेफड़े मजबूत होते हैं. 

तुलसी-  तुलसी के पत्तों को सुखाकर उसमें कत्था, मैन्थाल और इलायची बराबर मात्रा में पीस लें और इसमे एक चम्मच पिसी हुई चीनी मिलाकर दिन में दो बार आधा चम्मच खाने से फेफड़ों में जमा हुआ कफ कम होता है.

ब्रोकोली- एंटी-ऑक्सीडेंट्स से भरपूर ब्रोकोली फेफड़ों को स्वस्थ बनाए रखने में कारगर है. 

VIDEO: फ्लाइट्स में नहीं बढ़ रहा यात्री भार, 70 फीसदी सीटें खाली 

हरियाणा में बिजली उपभोक्ताओं के लिए खुशखबरी, मिली यह सुविधा

हरियाणा में बिजली उपभोक्ताओं के लिए खुशखबरी, मिली यह सुविधा

चंडीगढ़: हरियाणा बिजली निगम ने एक नई सुविधा शुरू की है. इससे बिजली उपभोक्ता अब ऑनलाइन ही अपने त्रुटिपूर्ण बिजली बिल ठीक करवा सकेंगे. ऐसे में बिजली बिल गलत मीटर रीडिंग के लिए दर-दर नहीं भटकेंगे. हरियाणा बिजली वितरण निगमों ने उपभोक्ताओं के लिए ट्रस्ट रीडिंग की सुविधा शुरू की है. ऐसे में अब उपभोक्ता ऑनलाइन माध्यम से ही सही मीटर रीडिंग प्रदान करके बिल ठीक करवा सकते हैं. 

कांग्रेस का बड़ा ऑनलाइन अभियान, सोनिया गांधी ने की हर परिवार को 7500 रुपये प्रति माह देने की मांग 

जानकारी निगमों की वेबसाइटों पर उपलब्ध: 
यह सुविधा घरेलू, गैर-घरेलू और एलटी औद्योगिक श्रेणियों (अधिकतम 20 किलोवाट तक लोड) के उपभोक्ताओं के लिए है. इसके लिए उपभोक्ता निगमों की वेबसाइट पर जाकर ट्रस्ट रीडिंग की सुविधा का उपयोग कर सकते हैं.  इस बारे में सारी जानकारी भी निगमों की वेबसाइटों पर उपलब्ध हैं. 

पहले चरण में प्रदेश के 42 शहरों में यह सुविधा शुरू की जा रही: 
पहले चरण में प्रदेश के 42 शहरों में यह सुविधा शुरू की जा रही है. जिसमें उत्तर हरियाणा के अधीन पंचकूला, करनाल, पानीपत, सोनीपत, रोहतक, झज्जर, कैथल, अंबाला सिटी, अंबाला कैंट, यमुनानगर, शाहबाद, बहादुरगढ़, कालका, पिंजौर, चीका, गोहाणा, घरौंडा, पेहवा, थानेसर, गन्नौर और समालखा शहर शामिल हैं. वहीं दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम के तहत गुरुग्राम, फरीदाबाद, फतेहाबाद, जींद, सिरसा, हिसार, रेवाड़ी, भिवानी, चरखीदादरी, पलवल, डबवाली, बरवाला, एलनाबाद, टोहाना, हांसी, नरवाना, नारनौल, होडल, बावानी खेड़ा, सिवानी और लौहारु शहर शामिल हैं. 

जम्मू-कश्मीर में टला बड़ा आतंकी हमला, पुलवामा की तरह गाड़ी में रखी गई थी IED 

दो माह में कई उपभोक्ताओं की मीटर रीडिंग नहीं हो पाई:
गौरतलब है कि लॉकडाउन होने की वजह से बीते दो माह में कई उपभोक्ताओं की मीटर रीडिंग नहीं हो पाई, उन्हें औसत के आधार पर ही बिजली बिल जारी किए गए हैं. ऐसे में वे उपभोक्ता भी इस सुविधा का उपयोग कर अपने बिलों को वास्तविक रीडिंग के अनुसार ठीक करवा पाएंगे. 

पानी के लिए मचने लगा हाहाकार, मटकियां फोड़कर की नारेबाजी

पानी के लिए मचने लगा हाहाकार, मटकियां फोड़कर की नारेबाजी

जैसलमेर: जिले के पोकरण उपखण्ड के वार्ड संख्या दो व तीन के निवासियों के साथ भाजपा कार्यकर्ताओं ने जलदाय विभाग के अधिशासी अभियंता कार्यालय में बिगड़ी जलापूर्ति व्यवस्था को लेकर जमकर विरोध प्रदर्शन किया. साथ ही मटकियां फोड़कर जलापूर्ति सुचारु करने की मांग की और अधिशासी अभियंता को एक खाली मटकी भी सुपुर्द की.

Rajasthan Corona Updates: पिछले 12 घंटे में सामने आए 131 नए पॉजिटिव, 6 की मौत, जिलेवार जाने आंकड़े 

एक माह से जलापूर्ति व्यवस्था पूरी तरह से लड़खड़ाई हुई: 
गौरतलब है कि कस्बे के वार्ड संख्या दो, तीन, कोरियाबास, बागवानों का बास, दाऊ का बास, सेवापुरी कॉलोनी में गत एक माह से जलापूर्ति व्यवस्था पूरी तरह से लड़खड़ाई हुई है. भीषण गर्मी में बिगड़ी जलापूर्ति व्यवस्था के कारण आमजन को पेयजल संकट से रूबरू होना पड़ रहा है. साथ ही ट्रैक्टर टंकियों से पानी खरीदकर मंगवाना पड़ रहा है. इस संबंध में लोगों ने कई बार जलदाय विभागाधिकारियों को अवगत करवाया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं होने पर मजबूरन उनकी ओर से बुधवार को विरोध प्रदर्शन किया गया. 

विभाग के विरुद्ध जमकर नारेबाजी की:
भाजयुमो प्रदेश मंत्री आईदानसिंह भाटी नेतृत्व में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता व वार्डवासी जलदाय विभाग के अधिशासी अभियंता कार्यालय पहुंचे. यहां उन्होंने विभाग के विरुद्ध जमकर नारेबाजी की. विरोध प्रदर्शन की सूचना पर अधिशासी अभियंता सुशीलकुमार कश्यप कार्यालय से बाहर समस्या सुनने पहुंचे. इस दौरान गुस्साए लोगों ने उनके समक्ष मटकियां फोड़ी और रोष जताया.  

जम्मू-कश्मीर में टला बड़ा आतंकी हमला, पुलवामा की तरह गाड़ी में रखी गई थी IED 

जलापूर्ति व्यवस्था से परेशानी हो रही:
उन्होंने बताया कि एक माह से अवगत करवाने के बावजूद जलापूर्ति सुचारु नहीं की गई है. इन बस्तियों में मजदूर वर्ग निवास करता है. जिन्हें बिगड़ी जलापूर्ति व्यवस्था से परेशानी हो रही है. उन्होंने आरोप लगाते हुए बताया कि विभाग की ओर से टैंकरों से जलापूर्ति के दावे किए जा रहे है, लेकिन पोकरण कस्बे में न तो पर्याप्त जलापूर्ति हो रही है, न ही अभावग्रस्त वार्डों में टैंकर पहुंच रहे हैं. विरोध कर रहे लोगों ने खाली मटकी व समस्या के निराकरण की मांग को लेकर एक ज्ञापन सुपुर्द कर बताया कि यदि उनकी समस्या का शीघ्र निराकरण नहीं होता है, तो उनकी ओर से धरना शुरू कर उग्र आंदोलन किया जाएगा. 

VIDEO: फ्लाइट्स में नहीं बढ़ रहा यात्री भार, 70 फीसदी सीटें खाली

जयपुर: हवाई यात्रा को शुरू हुए आज तीसरा दिन है, लेकिन फ्लाइट्स में हवाई यात्रीभार में बढ़ोतरी होती नहीं दिख रही है. पहले 2 दिनों में मात्र 25 से 30% यात्रियों ने ही विमानों में आवागमन किया है. यानी करीब 70 से 75% सीटें खाली हैं. 

Rajasthan Corona Updates: पिछले 12 घंटे में सामने आए 131 नए पॉजिटिव, 6 की मौत, जिलेवार जाने आंकड़े 

तय मानकों के अनुरूप ही यात्रियों से किराया लिया जा रहा:
जयपुर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से फ्लाइट संचालन का बुधवार को तीसरा दिन था. बुधवार को सुबह पहली फ्लाइट जब बेंगलुरु के लिए रवाना हुई तो 180 सीट क्षमता के इस विमान में मात्र 30 यात्री मौजूद थे. विमान में सफर करने वाले यात्रियों के लिहाज से तो यह अच्छी खबर थी, कि वे सोशल डिस्टेंसिंग रखते हुए बेंगलुरु तक पहुंच सकते हैं. लेकिन फ्लाइट का संचालन कर रही एयरलाइन के लिए कम यात्रीभार मुनाफे का सौदा नहीं है. एयरलाइंस ने केंद्र सरकार के निर्देश पर हवाई किराए की दरें भी बहुत अधिक नहीं बढ़ाई हैं. तय मानकों के अनुरूप ही यात्रियों से किराया लिया जा रहा है. लेकिन इसके बावजूद यात्रियों की संख्या काफी कम है. सबसे खराब स्थिति तो पहले दिन 25 मई को देखी गई, जब दिल्ली से जयपुर पहुंची एयर इंडिया की फ्लाइट में मात्र 2 यात्री दिल्ली से जयपुर आए. 70 सीट क्षमता के इस विमान में मात्र 2 यात्री ही मौजूद थे. इसी तरह 26 मई को भी जयपुर से अमृतसर रवाना हुए 80 सीट क्षमता के विमान में मात्र 6 यात्री मौजूद थे. यात्री भार में कमी के चलते एयरलाइंस को कई फ्लाइट रद्द भी करनी पड़ रही हैं. पहले दिन जहां जयपुर एयरपोर्ट से 12 फ्लाइट रद्द रही. वहीं दूसरे दिन 9 फ्लाइट्स का संचालन रद्द करना पड़ा. आज भी जयपुर एयरपोर्ट से 10 फ्लाइट संचालित नहीं हो रही हैं. 

पिछले 2 दिन में एक जैसा यात्रीभार, बढ़ोतरी नहीं:
- 25 मई को पहले दिन 8 फ्लाइट का हुआ डिपार्चर
- 289 यात्री गए जयपुर से इन 8 फ्लाइट से
- 8 फ्लाइट में 1130 सीट थी, केवल 289 यात्री गए यानी 25.57% रहा यात्रीभार
- 25 मई को 11 फ्लाइट का हुआ अराइवल
- इन फ्लाइट से 893 यात्री आए जयपुर
- 11 फ्लाइट में थी 1670 सीट, 893 यात्रियों का आगमन हुआ, यानी यात्री भार रहा 53.47%
- 26 मई को 10 फ्लाइट का हुआ डिपार्चर
- कुल 440 यात्री गए जयपुर से इन 10 फ्लाइट से
- 10 फ्लाइट में थी 1390 सीट, यात्री गए 440, यानी औसत यात्रीभार रहा 31.65 प्रतिशत
- 26 मई को 11 फ्लाइट का हुआ अराइवल
- 872 यात्री जयपुर आए इन फ्लाइट से
- 1570 सीट थी विमान में, यात्री आए 872, यानी यात्रीभार रहा 55.54 प्रतिशत

जम्मू-कश्मीर में टला बड़ा आतंकी हमला, पुलवामा की तरह गाड़ी में रखी गई थी IED 

दरअसल कम यात्रीभार के पीछे सख्त क्वॉरेंटाइन नियमों को कारण माना जा रहा है. कई राज्यों ने दूसरे राज्य से यात्रियों के आने पर 14 दिन तक संस्थागत क्वॉरेंटाइन रखने के निर्देश दिए हैं. महाराष्ट्र में मुम्बई पहुंचते ही यात्रियों का कोविड-19 टेस्ट किया जा रहा है. वहीं तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश आदि राज्यों ने भी सख्त नियम बनाए हैं. राजस्थान आने वालों को भी 14 दिन होम क्वॉरेंटाइन किया जा रहा है. अभी केवल वे लोग ही यात्रा कर रहे हैं जिन्हें जरूरी कार्य से ड्यूटी ज्वाइन करनी है या फिर पिछले 2 माह से लॉक डाउन के कारण फंस गए थे. बिजनेस या अन्य कार्यों के सिलसिले में यात्रा करने वाले लोग अभी यात्रा करने से बच रहे हैं. उन्हें डर है कि यात्रा के तुरंत बाद 14 दिन तक क्वॉरेंटाइन कर दिया जाएगा. ऐसे में यह जरूरी है कि एविएशन इंडस्ट्री को बढ़ावा देने के लिए क्वॉरेंटाइन नियमों में शिथिलता दी जाए. जिस तरह दिल्ली सरकार ने हवाई यात्रा को लेकर क्वॉरेंटाइन समाप्त किया है, उसी तरह के निर्णय सभी राज्यों को लेने होंगे, तभी फ्लाइट्स में यात्री भार बढ़ सकता है. यदि इसी तरह के हालात रहे तो कम यात्रीभार के चलते एयरलाइंस का आर्थिक संकट बढ़ेगा और उनके लिए फ्लाइट संचालित कर पाना संभव नहीं होगा.  

...काशीराम चौधरी, फर्स्ट इंडिया न्यूज़, जयपुर

Open Covid-19