जयपुर VIDEO: 3 विभागों में ACB के 191 लंबित मामले, सीएस उषा शर्मा ने दिए निर्देश, देखिए ये खास रिपोर्ट

VIDEO: 3 विभागों में ACB के 191 लंबित मामले, सीएस उषा शर्मा ने दिए निर्देश, देखिए ये खास रिपोर्ट

जयपुर: सीएस उषा शर्मा ने भ्रष्टाचार के खिलाफ गहलोत सरकार की जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत ACB को ट्रैप करने के बाद कार्रवाई का पूरा मैकेनिज्म तय करने के निर्देश दिए हैं. गृह ACS और पुलिस के आला अधिकारियों को सीएस उषा शर्मा ने ACB को ट्रैप के बाद 'लाइन ऑफ एक्शन' तय करने के लिए कहा है ताकि वास्तविक दोषी संभावित कार्रवाई से बच न सके. अक्सर देखा जाता है कि एक बार ACB के ट्रैप के बाद सालों साल प्रकरण लंबित रहता है. लगातार सालों साल गुजर जाने के बाद प्रकरण में कमी- खामी छूट दी जाती है या पर्याप्त सबूतों के अभाव या गवाहों के मुकरने या तथ्य स्थापित नहीं होने के चलते न्यायसम्मत सजा नहीं मिलती. इसके मद्देनजर सीएस उषा शर्मा ने गृह ACS और अन्य पुलिस अधिकारियों को ये निर्देश दिए.

सबूत पुख्ता रखने, आरोपित को संदेह का लाभ का अवसर न देने संबंधी दिए निर्देश:
-3 विभागों में एसीबी के सबसे ज्यादा लंबित 191 केसेस में प्रक्रिया तेज करने के निर्देश
-केसेस के निस्तारण और जांच में तेजी लाने के दिए निर्देश
-ACB ट्रैप के बाद आगे की 'लाइन ऑफ एक्शन' तय करके कार्रवाई के निर्देश
-केसेस में अनुसंधान बेहतर करने के निर्देश
-अनुसंधान बेहतर होने पर तथ्यों में गड़बड़ी या कमी की संभावना रहेगी कम
-एसीबी ट्रैप की कार्रवाई के बाद केसेस  ठंडे बस्ते में नहीं डाले जाएं
-इसके बजाय उन पर तेजी से निस्तारण का काम किया जाए।

ये हैं भ्रष्टाचार निवारण संशोधन अधिनियम के तहत लंबित प्रकरण:
-ग्रामीण विकास व पंचायती राज, स्वायत्त शासन और नगरीय विकास विभाग में एसीबी के 191 केस लंबित
-सबसे ज्यादा पंचायतीराज के 104 केस लंबित
-LSG के 60 और यूडीएच के 27 केस लंबित

सीएस का मानना है कि ACB अपना अनुसंधान पुख्ता रखे और केस की गंभीरता अनुसार उच्च अधिकारियों को उसमें लगाए तो केसेस बेहतर तरीके से हैंडल किए जा सकते हैं.

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