ब्यावर ब्यावर: कांग्रेसी पार्षद गोविन्द पंडित ने ग्रहण किया सभापति का पदभार, फूल मालाएं पहनाकर दी बधाइयां

ब्यावर: कांग्रेसी पार्षद गोविन्द पंडित ने ग्रहण किया सभापति का पदभार, फूल मालाएं पहनाकर दी बधाइयां

ब्यावर: कांग्रेसी पार्षद गोविन्द पंडित ने ग्रहण किया सभापति का पदभार, फूल मालाएं पहनाकर दी बधाइयां

ब्यावर(अजमेर): राज्य सरकार की ओर से 21 दिनों के लंबे इंतजार के बाद नगर परिषद (Beawar City Council) के सभापति के रूप में कांग्रेसी पार्षद गोविन्द पंडित (Govind Pandit) को 60 दिनों के लिए सभापति मनोनीत करने के बाद सोमवार को पंडित ने मनोनीत सभापति का पदभार ग्रहण कर लिया. इस दौरान सहायक प्रशासनिक अधिकारी दमयंती परमार (Damyanti Parmar) ने उन्हें कार्यभार ग्रहण करवाया. इस दौरान सभापति कक्ष में उपस्थित कांग्रेसजनों तथा नगर परिषद कर्मचारियों ने पंडित को फूल मालाओं से लाद दिया. 

साथ ही उपस्थित कांग्रेसजनों ने कांग्रेस पार्टी जिंदाबाद के नारे लगाते हुए सभापति कक्ष को गुंजायमान कर दिया. इससे पूर्व नगर परिषद की गाड़ी से नगर परिषद पहुंचे. गोविन्द पंडित गाड़ी से नीचे उतरते ही सबसे पहले परिषद परिसर में बने मंदिर में जाकर हनुमानजी को धोक लगाई. यहां पर मौजूद कांग्रेसजनों ने उनका मालाएं पहनाकर स्वागत किया. मंदिर में दर्शन के बाद पंडित सीधे सभापति कक्ष पहुंचे. यहां पर बड़ी संख्या में कांग्रेसजन, पार्षदगण, विधानसभा प्रत्याशी पारस पंच सहित नगर परिषद के कर्मचारी आदि उपस्थित थे. सभी ने पंडित के कक्ष में पहुंचते ही वहां पर भी उन्हें फूल मालाएं पहनाकर बधाइयां दी. 

सभापति की कुर्सी पर बैठने से पहले गोविन्द पंडित ने सबसे पहले कुर्सी पर एक कन्या को बिठाकर उसको माला पहनाई. इसके बाद सभापति कक्ष में मौजूद पंडित ने वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ पूजा-अर्चना करवाई. पूजा-अर्चना के पश्चात हाथ जोडकर सभी का अभिवादन करते हुए सभापति की कुर्सी पर पदासीन हुए. इस दौरान नगर परिषद की सहायक प्रशासनिक अधिकारी दमयंती जयपाल ने उन्हें पदभार ग्रहण करवाने के लिए नोटिंग किए गए रजिस्टर में उनके हस्ताक्षर करवाएं. सभापति का पदभार ग्रहण करते ही उपस्थित सभी ने उन्हें शुभकामनाएं तथा बधाईयां दी.

पदभार ग्रहण करने के पश्चात मीडिया से बातचीत करते हुए मनोनीत सभापति गोविन्द पंडित ने कहा कि समय कम है और चुनौतियां ज्यादा है. ऐसी स्थिति में प्रयास यही रहेगा कि शहरहित तथा जनहित के कार्यों में कहीं भी कोई कमी नहीं हो. सभी काम प्राथमिकता से हो. राज्य सरकार की ओर से 60 दिन के मनोनयन पर उन्होंने कहा कि उनका प्रयास रहेगा कि वे 24 घंटे काम कर इस मनोनयन काल को 120 दिन का करेंगे ताकि समय का अभाव ना हो. 

सीएम अशोक गहलोत सहित अन्य का आभार जताया:

बातचीत के दौरान सीएम अशोक गहलोत सहित अन्य का आभार जताया. इस दौरान मीडियाकर्मियों की ओर से शहर की मूलभूत जरूरतें पूरी नहीं होने तथा अब उनके द्वारा किए गए सवाल पर उन्होंने कहा कि बेशक अगर पूर्व सभापति इस ओर ध्यान देते तो अव्यवस्थाएं नहीं होती. उनकी ओर से समान रूप से शहर के सभी वार्डों में ध्यान दिया जाता तो स्थितियां सामान्य बनी रहती. उन्होंने इसके लिए आश्वस्त किया कि सभी वार्डों में समान रूप से बिजली, रोशनी, साफ-सफाई तथा पानी निकासी की व्यवस्था की जाएगी.

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