कटक ओडिशा महसूस कर रहा अच्छे दिन, राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी संख्या में राज्य से प्रतिनिधि: अमित शाह

ओडिशा महसूस कर रहा अच्छे दिन, राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी संख्या में राज्य से प्रतिनिधि: अमित शाह

ओडिशा महसूस कर रहा अच्छे दिन, राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी संख्या में राज्य से प्रतिनिधि: अमित शाह

कटक:  केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को कहा कि भाजपा नीत केंद्र सरकार ओडिशा के लोगों के समग्र विकास के लिए नवीन पटनायक की अगुवाई वाली सरकार के साथ करीबी तालमेल के साथ काम कर रही है. उन्होंने यह भी कहा कि देश के शीर्ष शासन तंत्र में बड़ी संख्या में राज्य के प्रतिनिधि हैं.गृह मंत्री ने ओडिया दैनिक प्रजातंत्र की 75 वीं वर्षगांठ पर यहां इनडोर स्टेडियम में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि चाहे आरबीआई के गवर्नर हों या भारत की राष्ट्रपति, राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी संख्या में ओडिशा के प्रतिनिधि हैं. राज्य वर्तमान समय में अच्छे दिन’महसूस कर रहा है.

शाह जब भाषण देने स्टेज पर पहुंचे तो लोगों ने अमित शाह जिंदाबाद के नारे लगाए. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र बीजद सरकार के साथ तालमेल बनाते हुए ओडिशा में सर्वांगीण विकास लाने का प्रयत्न कर रहा है.शाह ने कहा कि गरीब आदिवासी गांव की एक महिला भारत की महामहिम (राष्ट्रपति) बन गई हैं. इस राज्य से धर्मेंद्र प्रधान केंद्रीय शिक्षा मंत्री और अश्वनी वैष्णव रेल मंत्री हैं. टुडु (विश्वेश्वर) भी मंत्रिपरिषद में हैं. आजादी के बाद से ओडिशा का राष्ट्रीय स्तर पर इतना बड़ा प्रतिनिधित्व कभी नहीं रहा.

संभावनाओं के राज्य के रूप में उभरने के लिए ओडिशा में विपुल संभावनाएं होने का दावा करते हुए केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि यहां लंबी तटरेखा है, समृद्ध खनिज संसाधन हैं, वन हैं एवं प्रतिभाशाली मानव संसाधन हैं. मुझे ओडिशा का बेहतर भविष्य नजर आता है. ओडिशा और गुजरात के बीच तुलना करते हुए उन्होंने कहा कि भगवान जगन्नाथ की दोनों राज्यों में व्यापक रूप पूजा की जाती है. उन्होंने कहा कि ओडिशा पूरब में स्थित है तो गुजरात पश्चिम में. भगवान जगन्नाथ ऐसे देव हैं जो पूरब और पश्चिम के लोगों को जोड़ते हैं.

स्वतंत्रता आंदोलन में योगदान को लेकर ‘प्रजातंत्र’ के संस्थापक डॉ. हरेमकृष्णा महताब की प्रशंसा करते हुए शाह ने कहा कि लोग ओडिया साहित्य में उनके कार्य के कारण भी उन्हें याद करेंगे.इससे पहले दिन में शाह भुवनेश्वर में लिंगराज मंदिर पहुंचे. वह कटक में नेताजी संग्रहालय भी गए जहां उन्होंने महान स्वतंत्रता सेनानी को श्रद्धांजलि दी.(भाषा)
 

और पढ़ें