नई दिल्ली AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने ‘Z’ श्रेणी की सुरक्षा लेने से किया इनकार, कहा- मुझे घुटन के साथ नहीं रहना, मुझे आजाद रहना है

AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने ‘Z’ श्रेणी की सुरक्षा लेने से किया इनकार, कहा- मुझे घुटन के साथ नहीं रहना, मुझे आजाद रहना है

AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने ‘Z’ श्रेणी की सुरक्षा लेने से किया इनकार, कहा- मुझे घुटन के साथ नहीं रहना, मुझे आजाद रहना है

नई दिल्ली: एआईएमआईएम सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने गुरुवार को पश्चिम उत्तर प्रदेश में अपनी गाड़ी पर गोलियां चलने की घटना के बाद ‘जेड’ श्रेणी सुरक्षा देने की सरकार की पेशकश शुक्रवार को ठुकरा दी, वहीं सरकार ने कहा कि इस घटना के बाद राज्य सरकार गंभीरता से कार्रवाई कर रही है. केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने लोकसभा में यह जानकारी भी दी कि इस घटना के संबंध में गृह मंत्री अमित शाह सोमवार को सदन में बयान देंगे. हैदराबाद से सांसद और देश के प्रमुख मुस्लिम नेता ओवैसी ने शुक्रवार को लोकसभा में कहा, ‘‘मुझे ‘जेड’ श्रेणी की सुरक्षा नहीं चाहिए.

मुझे घुटन के साथ नहीं रहना, मुझे आजाद रहना है. मुझे जिंदा रहना है तो आवाज उठानी है और सरकार के खिलाफ बोलना है. आधिकारिक सूत्रों के अनुसार गुरुवार को पश्चिम उत्तर प्रदेश में ओवैसी की कार पर गोलियां चलने की घटना के बाद केंद्र सरकार ने शुक्रवार को ओवैसी को केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के कमांडो के घेरे वाली ‘जेड’ श्रेणी की सुरक्षा मुहैया कराने का फैसला किया. लोकसभा में ओवैसी ने कहा कि आखिर कौन लोग हैं जो गोली पर भरोसा करते हैं, वोट पर नहीं. कौन लोग हैं, जिन्हें संविधान पर भरोसा नहीं. कौन लोग हैं जो इतनी नफरत पैदा करते हैं. मैं दो बार का विधायक हूं और चार बार का सांसद हूं. टोल पर मेरी गाड़ी रुकती है और छह फुट के फासले से चार गोलियां चलाई जाती हैं.’’

उन्होंने कहा कि इस नफरत को खत्म करिए. मैं सुरक्षा नहीं चाहता. मुझे ‘ए’ श्रेणी का नागरिक रहना है. लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा, ‘‘हमें आपकी चिंता है इसलिए आपको सुरक्षा दे रहे हैं.’’ ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के सांसद ने कहा कि वह छह फुट के फासले से चार-चार गोली चलने से डरकर खोमाश बैठने वाले नहीं हैं. उन्होंने कहा कि हमलावर ‘‘किसकी किताबें पढ़कर इतने कट्टर हुए’’. ओवैसी ने कहा कि अगर इस तरह की कट्टरता जारी रही तो ‘‘दक्षिणपंथी सांप्रदायिकता और आतंकवाद बढ़ेगा.’’ ओवैसी ने मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘मैं आपको आगाह कर रहा हूं कि पिछली गलती मत कीजिए. आपको नुकसान होगा, देश को नुकसान होगा.’’

उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह की कट्टरता वाले लोगों पर ‘विधिविरुद्ध क्रियाकलाप निवारण अधिनियम’ (यूएपीए) क्यों नहीं लगाया जाता. ओवैसी ने घटना के बाद फोन कर उनका हालचाल पूछने और पुलिस अधिकारियों से उनकी सुरक्षा के बारे में बात करने के लिए लोकसभा अध्यक्ष बिरला का शुक्रिया अदा किया. एआईएमआईएम सांसद ने कहा कि पंजाब में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सुरक्षा में चूक के मामले में उन्होंने कहा था कि यह गलत हुआ है और प्रधानमंत्री पूरे देश के हैं. उन्होंने कहा कि तब विपक्ष के कुछ नेताओं ने मेरे बोलने पर आपत्ति जताई. उन्होंने कहा कि धन के आधार पर दो भारत होने की बात कही जा रही है, जबकि दो हिंदुस्तान दौलत के आधार पर नहीं, मुहब्ब्त और नफरत के आधार पर बन रहे हैं.

 

ओवैसी ने कहा कि पिछले दिनों हरिद्वार और रायपुर में कुछ कार्यक्रमों में ‘‘मेरे बारे में क्या-क्या कहा गया. उसकी रिपोर्ट है.’’ उन्होंने कहा कि अगर संविधान के तहत देश के अल्पसंख्यकों और गरीबों को सुरक्षा मिलेगी और उनकी जान बचेगी तब ‘‘ओवैसी की जान भी बचेगी’’. सांसद ने कहा कि उत्तर प्रदेश की जनता गोली चलाने वालों का जवाब वोट, नफरत का जवाब मोहब्बत से देगी. केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि ओवैसी की कार पर हमले की घटना के तत्काल बाद राज्य सरकार ने कार्रवाई की. उन्होंने कहा कि पूरी गंभीरता से कार्रवाई हो रही है, आरोपी पकड़े भी गये हैं और घटना में इस्तेमाल गाड़ी और हथियार बरामद कर लिये गये हैं. गोयल ने कहा कि गृह मंत्री अमित शाह आज दिल्ली में नहीं हैं और वह सोमवार को सदन में इस घटना पर विस्तार से जानकारी देंगे.

ओवैसी ने गुरुवार को कहा था कि वह पश्चिम उत्तर प्रदेश में चुनाव प्रचार के सिलसिले में कार्यक्रम में भाग लेकर मेरठ की तरफ से लौट रहे थे, तभी राष्ट्रीय राजमार्ग 24 के हापुड़-गाजियाबाद खंड पर छिजारसी टोल प्लाजा के पास शाम करीब छह बजे उनकी कार पर गोली चलाई गई जिसमें कोई घायल नहीं हुआ. उन्होंने लोकसभा में दावा किया कि दो लोगों ने रैकी की थी और उन्हें पता था कि वह मेरठ की तरफ से आ रहे हैं. वहीं, आईयूएमएल के ई टी मोहम्मद बशीर ने इस घटना की निंदा करते हुए कहा कि सरकार को इस मामले में कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए .

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