मैकुलम ने की शीर्ष क्रम के बल्लेबाजों की आलोचना, कहा- खिलाड़ी चयन में निष्ठा चाहते हैं, लेकिन उनका आक्रामक नहीं होना निराशाजनक

मैकुलम ने की शीर्ष क्रम के बल्लेबाजों की आलोचना, कहा- खिलाड़ी चयन में निष्ठा चाहते हैं, लेकिन उनका आक्रामक नहीं होना निराशाजनक

मैकुलम ने की शीर्ष क्रम के बल्लेबाजों की आलोचना, कहा- खिलाड़ी चयन में निष्ठा चाहते हैं, लेकिन उनका आक्रामक नहीं होना निराशाजनक

अहमदाबाद: कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) के कोच ब्रैंडन मैकुलम ने अपने शीर्ष क्रम के बल्लेबाजों की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि वे इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के वर्तमान सत्र में अपने इरादे नहीं दिखा रहे हैं और उनमें आक्रामकता की कमी है जबकि टीम चयन में वे उनसे निष्ठा चाहते हैं. मैकुलम ने किसी का नाम नहीं लिया लेकिन भारत के उदीयमान बल्लेबाज शुभमन गिल उन खिलाड़ियों में शामिल हैं जो फॉर्म में नहीं है. इस सलामी बल्लेबाज ने अब तक सात मैचों में केवल 132 रन बनाए हैं.

हम निश्चित तौर पर वह नहीं कर पा रहे हैं जिसकी हमें जरूरत हैः
मैकुलम ने दिल्ली कैपिटल्स के हाथों मिली टीम की हार के बाद संवाददाता सम्मेलन में कहा कि यह बेहद निराशाजनक है. एक खिलाड़ी के तौर पर जब चयन की बात आती है तो आप स्वतंत्रता और आत्मविश्वास तथा निष्ठा की बात करते हो. आप जब मैदान पर उतरते हो तो आपको आक्रामक होकर खेलने और चीजों को टीम के पक्ष में मोड़ने की आवश्यकता होती है. उन्होंने कहा कि मैं और कप्तान (इयोन मोर्गन) खिलाड़ियों से इस तरह की क्रिकेट खेलने के लिए कहते रहे हैं लेकिन दुर्भाग्य से हम ऐसा नहीं कर पा रहे हैं. हम निश्चित तौर पर वह नहीं कर पा रहे हैं जिसकी हमें जरूरत है. 

पृथ्वी शॉ ने खेली थी 82 रनों की पारीः
केकेआर ने दिल्ली कैपिटल्स को 154 रन का लक्ष्य दिया जो उसने आसानी से हासिल कर दिया. पृथ्वी शॉ ने शिवम मावी के पहले ओवर में छह चौके लगाए. उनके 41 गेंदों पर 82 रन से टीम को आसान जीत दिलाई.

प्रत्येक गेंद पर चौका या छक्का नहीं जड़ सकते हो लेकिन इसका इरादा होना चाहिएः
मैकुलम ने कहा कि हमने आज पृथ्वी शॉ की जैसी बल्लेबाजी देखी वह इसका शानदार उदाहरण है कि हम कैसा खेलना चाहते हैं. आप हमेशा प्रत्येक गेंद पर चौका या छक्का नहीं जड़ सकते हो लेकिन आपके पास ऐसा करने के लिए इरादा होना चाहिए विशेषकर तब जबकि आपको स्वच्छंद होकर खेलने की छूट दी गई हो. उन्होंने कहा कि यदि आप रन बनाने के लिए शॉट नहीं खेलते हो तो मुश्किल होती है और दुर्भाग्य से आज रात हमने पर्याप्त शॉट नहीं खेले.
सोर्स भाषा

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