जयपुर बजट बहस पर जवाब दे रहे मुख्यमंत्री गहलोत, कहा-हमारे बजट की चर्चा पूरे देश में हो रही, आंकड़े कोई भी खड़ा होकर पढ़ सकता है

बजट बहस पर जवाब दे रहे मुख्यमंत्री गहलोत, कहा-हमारे बजट की चर्चा पूरे देश में हो रही, आंकड़े कोई भी खड़ा होकर पढ़ सकता है

बजट बहस पर जवाब दे रहे मुख्यमंत्री गहलोत, कहा-हमारे बजट की चर्चा पूरे देश में हो रही, आंकड़े कोई भी खड़ा होकर पढ़ सकता है

जयपुर: मुख्यमंत्री अशोक गहलोत सदन में बजट पर रिप्लाई दे रहे हैं. मुख्यमंत्री गहलोत आज कई अहम घोषणाएं कर सकते है. बजट बहस पर मुख्यमंत्री गहलोत जवाब दे रहे हैं. मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा कि हमारे बजट की चर्चा पूरे देश में हो रही है. आंकड़े कोई भी खड़ा होकर पढ़ सकता है. कटारिया जी ने सिर्फ कटाक्ष किया. बजट पर बात करने की बजाय आप गुमराह कर रहे है. लोगों को हम नहीं,आप गुमराह कर रहे हैं. केंद्र की अनुमति के बिना लोन नहीं ले सकते. आंकड़ों पर नहीं,कमियों पर बहस होनी चाहिए. 

मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा कि हर क्षेत्र में सरकार ने काम किया है. फिर भी विपक्ष कहता है कुछ काम नहीं किया. जिस तरह समुद्र मंथन के बाद अमृत निकला था, उसी तरह बजट भी मंथन के बाद ही पेश किया गया है. बहुत ही सोच-समझकर यह बजट पेश किया गया है. किसानों,छात्रों,धर्मगुरुओं सहित सभी लोगों के साथ मंथन हुआ . मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा कि बजट घोषणाएं कैसे पूरी होंगी,उसकी चिंता आप ना करें. बजट को लेकर मेरी जगह आप चिंता क्यों कर रहे हैं ? आप ERCP योजना पर चर्चा कीजिए. इसे राष्ट्रीय परियोजना का दर्जा मिलना चाहिए. 45 हजार सुझावों के बाद बजट पेश किया गया है.

सीएम गहलोत ने कहा कि सभी सदस्यों से जो सुझाव आये उन पर अमल होगा. राजस्थान के बजट की चर्चा पूरे देश में हो रही है. कटारिया जी 45 मिनट तो आंकड़े पढ़ते रहे. कटारिया जी हमेशा ऐसा ही करते है. आप प्रदेशवासियों को गुमराह करना चाहते है. मैंने पैरामीटर के आधार पर बजट पेश किया. आंकड़ों में जाने की जरूरत क्या है, काम की बात करो. बजट तो अधिकारी बनाते है. आपको तो कमियां निकालनी चाहिए थी. JJM में हम आधा पैसा देते है. नेता प्रतिपक्ष कहते हैं कि पैसा कहां से आएगा ? यह चिंता हमें करनी चाहिए, आप कर रहे हैं. बजट बनाने से पहले 45 हजार सुझाव आये. समुद्र मंथन किया है, उसके बाद यह बजट अमृत के रूप में निकला है.

राजेन्द्र राठौड़ पर टिप्पणी:
सीएम गहलोत ने कहा कि हम इकोनॉमी को 15 लाख करोड़ तक लेकर जाएंगे. राजेन्द्र राठौड़ पर टिप्पणी करते हुए गहलोत ने कहा कि राठौड़ ने तो भैरोंसिंह जी से ट्रेनिंग ली है, 5-6 बार MLA रह चुके. हमारी सरकार एक बार भी ओवर ड्राफ्ट में नहीं गई. मैंने कोरोना व गवर्नेंस के लिए 550 से अधिक vc की. जब बात जीवन-मरण की हो तो फिर कैसी राजनीति. देश व राज्यों की आर्थिक स्थिति में अब सुधार हो रहा है. तीसरी लहर के खत्म होने के साथ ही गाड़ी पटरी पर आ जाएगी.

सतीश पूनियां पर टिप्पणी:
सीएम गहलोत ने सतीश पूनियां पर टिप्पणी करते हुए कहा कि पूनियां जी ने काली दुल्हन से बजट की तुलना की, लेकिन अच्छी बात है कि उन्होंने अपने कथन पर माफी मांग ली. हमें केन्द्र से जो पैसा मिलना चाहिये था वह नहीं मिला, आगे भी मिलने की कम संभावना है.

और पढ़ें