जयपुर VIDEO: मुख्यमंत्री निरोगी राजस्थान चिरंजीवी स्वास्थ्य शिविरों का आगाज, चिकित्सा मंत्री डॉ.रघु शर्मा ने किया शुभारंभ

VIDEO: मुख्यमंत्री निरोगी राजस्थान चिरंजीवी स्वास्थ्य शिविरों का आगाज, चिकित्सा मंत्री डॉ.रघु शर्मा ने किया शुभारंभ

जयपुर: मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के निरोगी राजस्थान के सपने को साकार करने के लिए प्रदेशभर में मुख्यमंत्री निरोगी राजस्थान चिरंजीवी स्वास्थ्य शिविरों का आज से आगाज हो गया.चिकित्सा मंत्री डॉ रघु शर्मा ने दिल्ली से वर्चुअल माध्यम से शिविरों का शुभारम्भ किया.इस दौरान वीसी के जरिए राज्यमंत्री सुभाष गर्ग, प्रमुख चिकित्सा सचिव अखिल अरोड़ा भी कार्यक्रम से कनेक्ट हुए, जबकि स्वास्थ्य भवन से चिकित्सा सचिव वैभव गालरिया, मिशन निदेशक NHM सुधीर शर्मा निदेशक जन स्वास्थ्य डॉ.केके शर्मा समेत अन्य अतिथि कार्यक्रम में मौजूद रहे.चिकित्सा मंत्री शिविरों के शुभारंभ के अवसर पर बांसवाडा, भरतपुर, हनुमानगढ, जोधपुर, उदयपुर, अलवर, सवाईमाधोपुर, अजमेर एवं बारां जिलों के ग्रामीण क्षेत्रों के लाभार्थियों से सीधा संवाद किया और शिविर आयोजन के अनुभव साझा किए.

सवा सौ दिनों में 12000 से अधिक मेडिकल कैम्प का आयोजन:
मुख्यमंत्री निरोगी राजस्थान चिरंजीवी स्वास्थ्य शिविरों का आगाज हो गया है. सवा सौ दिनों में 12000 से अधिक मेडिकल कैम्प का आयोजन किया जाएगा. सीएम गहलोत का निरोगी राजस्थान सपना साकार होगा. ग्राम पंचायत स्तर पर 11341  मेडिकल शिविर आयोजित किए जाएंगे. जबकि पंचायत समिति स्तर पर 704 मेगा हेल्थ कैम्प लगेंगे. दोनों स्तर पर कुल 12045 मेडिकल शिविरों का आयोजन किया जाएगा. CHC लेवल की सभी जांचें शिविर के दौरान ग्राम पंचायत स्तर पर होगी.
शिविरों में मरीजों को स्पेशलिटी-सुपर स्पेशलिटी की भी सुविधा मिलेगी. जिला अस्पतालों से स्कीन, मनोरोग, नेत्ररोग के चिकित्सक कनेक्ट होंगे, जबकि मेडिकल कॉलेज से जुड़े कार्डियोलॉजी, न्यूरोलॉजी, यूरोलॉजी, ग्रेस्ट्रोलॉजी के वरिष्ठ चिकित्सक, ऑनलाइन मरीजों को परामर्श देंगे.

जांच के बाद सर्जरी की आवश्यकता होने पर बड़े सेंटर पर करवाई जाएगी सर्जरी: 
आइये अब आपकों बताते हैं शिविरों में क्या क्या होगा. सभी प्रकार के कम्यूनिकेबल-नॉन कम्यूनिकेबल रोगों की जांच और उपचारी की सुविधा. जांच के बाद सर्जरी की आवश्यकता होने पर बड़े सेंटर पर सर्जरी करवाई जाएगी. 30 साल से अधिक आयु के सभी लोगों की ब्लड शुगर,बीपी औ तीन कॉमन कैंसर की जांच. होगी. कैम्पों में गर्भवती महिलाओं की प्रसव पूर्व जांच की जाएगी. जननी सुरक्षा योजना,शिशु सुरक्षा योजना, मुख्यमंत्री राजश्री योजना को लाभान्वित किया जाएगा. कुपोषित बच्चों की पहचान,उनके पोषाहार की व्यवस्था के लिए समन्वय, आंखों की जांच कर कमजोर नजर-मोतियाबिन्द की पहचान होगी. आवश्यतानुसार ब्लॉक स्तरीय कैम्प में मोतियाबिन्द का ऑपरेशन होगा. टीबी के संभावित मरीजों का स्पूटम फोर एएफबी की जांच.एक्स-रे और  कैम्पों में सिलिकोसिस बीमारी की स्क्रीनिंग होगी. कुष्ट रोग की पहचान और उपचार होगा. कोविड़ टीकाकरण के अलावा अन्य सभी प्रकार के नियमित टीकाकरण होगा.

राजस्थान को निरोगी रखने के लिए सीएम गहलोत की बड़ी पहल:
राजस्थान को निरोगी रखने के लिए सीएम गहलोत की बड़ी पहल की है. प्रत्येक ग्राम पंचायत स्तर पर लगाए जा रहे जांच व ट्रीटमेंट शिविर आयोजित होंगे. मुख्यमंत्री निरोगी राजस्थान चिरंजीवी शिविरों का आयोजन शुरू हो गया है. 21 मार्च तक ग्राम पंचायत स्तर पर चिकित्सा शिविर लगाए जाएंगे. शिविरों में संचारी, गैर संचारी व अन्य बीमारियों की न सिर्फ जांच होगी. बल्कि इस दरमियान चिकित्सा की जरूरत होने पर उन्हें भर्ती कराया जाएगा. 30 साल से अधिक आयु वर्ग के सभी लोगों का ब्लड शुगर टेस्ट कराया जाएगा. ब्लड प्रेशर व तीनों कॉमन कैंसर की टेस्ट, गर्भवती महिलाओं की प्रसव पूर्व जांच होगी. कुपोषित बच्चों की पहचान और उनके लिए आवश्यक पोषाहार की व्यवस्था की गई है. प्रत्येक शिविर के लिए 20000 हजार रुपए का बजट निर्धारित किया गया.

ग्रामीण जनता को सीधे मिलेगा बड़े चिकित्सकों से परामर्श:
ग्रामीण जनता को सीधे बड़े चिकित्सकों से परामर्श मिलेगा ! प्रत्येक ब्लॉक में सप्ताह में दो या तीन कैम्प आयोजित किये जाएंगे. शिविर में लोगों के लिए टेली कंसलटेंसी सबसे बड़ी सेवा रहेगी. गांवों में लगने वाले शिविर में स्पेशिलिटी चिकित्सकों का परामर्श मिलेगा. चिकित्सा शिक्षा विभाग ने इसके लिए मेडिकल कॉलेज में जिम्मेदारी दी. विभागवार बड़े चिकित्सकों को टेली कंसलटेंसी के लिए जिम्मेदारी दी गई.

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