VIDEO: जल्द होगा उत्तरी रिंग रोड का निर्माण कार्य, एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट जारी करने की मिली स्वीकृति

VIDEO: जल्द होगा उत्तरी रिंग रोड का निर्माण कार्य, एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट जारी करने की मिली स्वीकृति

जयपुर: प्रदेश की राजधानी जयपुर में प्रस्तावित उत्तरी रिंग रोड बनाने के लिए जयपुर विकास प्राधिकरण ने पहला कदम बढ़ा लिया है. प्राधिकरण की ओर से जल्द ही विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करने के लिए कंसलटेंसी फर्मों से प्रस्ताव मांगे जाएंगे. अब तक के अन्य प्रोजेक्ट से इतर यह कंसलटेंसी कई मायनों में खास होगी . 

जेडीए ने कंसल्टेंसी फर्मों से प्रस्ताव मांगने का किया फैसला:
जयपुर के बाहर दक्षिण रिंग रोड शुरू की जा चुकी है. यह रिंग रोड अजमेेेर रोड से टोंक रोड और टोंक रोड से आगरा रोड तक बनाई गई है. अब प्रदेश की अशोक गहलोत सरकार का फोकस उत्तरी रिंग रोड बनाने को लेकर है. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मौजूदा वित्तीय वर्ष के बजट भाषण में इस रिंग रोड के लिए जेडीए के माध्यम से विस्तृत परियोजना रिपोर्ट बनाने की घोषणा की थी. इसी घोषणा को अमलीजामा पहनाने के लिए जेडीए ने कंसल्टेंसी फर्मों से प्रस्ताव मांगने का फैसला किया. प्रस्ताव के प्रारूप पर जेडीए की वित्तीय शाखा ने हरी झंडी दे दी है. इसके बाद जेडीए आयुक्त गौरव गोयल ने एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट जारी करने की स्वीकृति दे दी है. 

जानिए, रिंग रोड प्रोजेक्ट की क्या होगी खासियत:
-45 किलोमीटर लंबे इस रिंग रोड प्रोजेक्ट की  लागत 2887.03 करोड रुपए है
-यह रिंग रोड आगरा रोड पर बगराना से दिल्ली रोड पर अचरोल तक बनेगी 
-दक्षिण रिंग रोड की तर्ज पर ही इसका निर्माण किया जाएगा 
-360 मीटर की चौड़ाई में भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा
-90 मीटर चौड़ा ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर रहेगा 
-135-135 मीटर चौड़ाई में डेवलपमेंट कॉरिडोर होगा 
-इसी कॉरिडोर में प्रभावित खातेदारों को विकसित भूखंड का मुआवजा दिया जाएगा 
-दिल्ली रोड सी जोन बाईपास के माध्यम से अजमेर रोड से पहले ही जुड़ी हुई है
- इस तरह राजधानी के चारों तरफ पूरी रिंग में एक बायपास रोड का निर्माण हो जाएगा 

जेडीए के अब तक के प्रोजेक्ट्स में कंसलटसी फर्म का काम विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार करने तक ही रहता था. लेकिन इस बार प्रोजेक्ट की प्रभावी मॉनिटरिंग और उसके क्रियान्वयन में आने वाली दिक्कतों को समय रहते हल करने के लिहाज से प्रोजेक्ट के लिए चयनित कंसलटेंसी फर्म को विस्तृत परियोजना रिपोर्ट बनाने के साथ ही प्रोजेक्ट से जुड़े अन्य काम भी करने होंगे. आपको बताते हैं इस प्रोजेक्ट के लिए कंसलटेंसी फर्म के क्या प्रमुख कार्य होंगे.

प्रोजेक्ट के लिए कंसलटेंसी फर्म के ये होंगे प्रमुख कार्य: 
-कंसलटैंसी फर्म भूमि अवाप्ति के लिए लेटेस्ट टेक्नोलोजी से सर्वे करेगी
-प्रस्तावित एलाइनमेंट में संबंधित विभाग से डाटा कलेक्शन,एलाइनमेंट में आ रहे राजस्व रिकॉर्ड का डिजिटाईजेशन कर भूमि अवाप्ति के प्रस्ताव तैयार करेगी
-भूमि अधिग्रहण के लिए जेडीए को अलग-अलग विकल्प प्रस्तावित करेगी
-रिंग रोड निर्माण के लिए फर्म के चयन में जेडीए को तकनीकी मदद देगी
-खातेदारों को अवाप्ति के बदले मुआवजे के विकसित भूखंडों की प्लानिंग करेगी
-प्रोजेक्ट की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार करेगी 

शहर वासी उत्तरी रिंग रोड का निर्माण कार्य जल्द शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं. ताकि शहर की घनी आबादी में भारी वाहनों का प्रवेश बंद किया जा सके और इन वाहनों के कारण होने वाली दुर्घटनाओं से भी निजात मिले.

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