नागौर गैंगस्टर संदीप के मर्डर की 7 साल से प्लानिंग, जीजा की हत्या का बदला लेने के लिए बदमाश साले ने खाई थी कसम

गैंगस्टर संदीप के मर्डर की 7 साल से प्लानिंग, जीजा की हत्या का बदला लेने के लिए बदमाश साले ने खाई थी कसम

गैंगस्टर संदीप के मर्डर की 7 साल से  प्लानिंग, जीजा की हत्या का बदला लेने के लिए बदमाश साले ने खाई थी कसम

नागौर: 19 सितंबर को नागौर में दिनदहाड़े न्यायालय परिसर के बाहर सुपारी किलर संदीप शेट्टी को गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई थी ,ये एक चुनौती थी नागौर पुलिस को जिसे नागौर पुलिस ने कबूल करते हुए महज 8 दिन में ही हत्याकांड का खुलासा कर दिया. नागौर पुलिस ने कैसे हत्याकांड मामले में जांच की और खुलासा किया . आज एक आरोपी की शिनाख्त परेड की गई  नागौर जिला पुलिस अधीक्षक राममूर्ति जोशी ने फर्स्ट इंडिया न्यूज़ को जानकारी दी.

बीती 19 सितंबर को नागौर न्यायालय परिसर के बाहर हरियाणा के सुपर किलर संदीप शेट्टी को दिनदहाड़े गोलियों से भून कर हत्या कर दी गई थी .  नागौर जिला पुलिस अधीक्षक राममूर्ति जोशी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए बताया की यह एक खुला चैलेंज था नागौर पुलिस के लिए के  जल्द से जल्द कार्रवाई कर हत्याकांड का खुलासा करें ताकि लोगों में  पुलिस का इकबाल हमेशा की तरह बुलंद रहे . जैसा कि एसपी राममूर्ति जोशी ने बताया पुलिस ने सचमुच में महज 8 दिन में ही इस पूरे मामले का खुलासा करते हुए मामले के मुख्य आरोपी को नागौर पुलिस ने पंजाब के अजीतनगर के रहने वाले सुनिल पंडित, हरियाणा के हिसार निवासी संदीप लांबा और फतेहाबाद हरियाणा निवासी जितेंद्र कुमार को गिरफ्तार किया. उन्होंने बताया की  संदीप विश्नोई का मर्डर दीप्ति और सुनिल पंडित ने कराया था. सुनिल पंडित  ने अपने जीजा और दीप्ति गैंग के सरगना दीप्ति सिंह ने अपने दोस्त संदीप के मर्डर का बदला लेने के लिए गैगस्टर संदीप सेठी की हत्या करवाई. गैंगस्टर संदीप के मर्डर के लिए दोनों गैंग के सरगना 7 साल से प्लान बना रहे थे. 28 जुलाई और 16 अगस्त को नरेश सांखला मर्डर केस मे संदीप सेठी की पेशी थी सभी शूटर दोनों तारिख पर नागौर में थे लेकिन पुलिस की मौजूदगी मे वे मर्डर नही कर पाए ऐसे मं संदीप की जमानत का इंतजार किया 19 सितम्बर को पेशी के बाद संदीप कोर्ट से बाहर आया उसे गोलियों से भून दिया शूटर तीन बाइक पर हिसार से नागौर आए थें.

SP ने बताया कि गैंगस्टर संदीप से सुनिल की दुश्मनी 2009 में शुरू हुई थी. संदीप विश्नोई ने सुनिल के जीजा और उनके परिवार के एक सदस्य का 25 जून 2009 को मर्डर कर दिया था. इसके बाद संदीप ने बहन की चूड़ियां तोड़ने की रस्म में गैंगस्टर संदीप को मारने की कसम खाई थी. संदीप को मारने के लिए सुनिल 2011 में कुलवीर तानसेन गैंग से जुड़ा.इस बीच दीप्ति और संदीप के बीच गैंगवार शुरू हुई. दीप्ति ने 2013 में संदीप के दोस्त किशोरी की हत्या कर दी थी. इसके बाद संदीप ने 2015 में हिसार में ही दीप्ति के खास दोस्त संदीप गोदारा की हत्या कर दी. दोनों के बीच गैंगवार की आशंका बढ़ गई. सुनिल 2015 में जब जेल से बाहर आया तो दीप्ति के साथ मिलकर संदीप को मारने का प्लान बनाया और तभी से दोनों संदीप के मर्डर की प्लानिंग कर रहे थे. इसी का बदला लेने के लिए सुनिल खुद 19 सितंबर को नागौर पहुंचा और दिनदहाड़े 9 फायर कर गैंगस्टर संदीप को मौत के घाट उतार दिया.

पुलिस की त्वरित कार्रवाई के चलते हैं गिरफ्तार हुए मामले के सूत्रधार सुनील पंडित की बुधवार को पुलिस ने शिनाख्त परेड कराई अब पुलिस गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है दूसरी और पुलिस की विशेष टीमें मामले में बाकी आरोपी की तलाश में जगह-जगह दबिश दे रही है.

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