हनुमानगढ़ ACB टीम की कार्रवाई,आबकारी कार्यालय के लेखाधिकारी और वरिष्ठ सहायक रिश्वत लेते गिरफ्तार

हनुमानगढ़ ACB टीम की कार्रवाई,आबकारी कार्यालय के लेखाधिकारी और वरिष्ठ सहायक रिश्वत लेते गिरफ्तार

हनुमानगढ़: भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) हनुमानगढ़ की टीम ने मंगलवार को आबकारी विभाग के सहायक लेखाधिकारी द्वितीय (एएओ) और वरिष्ठ सहायक (एसए) को 2 हजार रुपए की रिश्वत लेते दबोचा. ट्रेप की इस कार्रवाई को टाउन स्थित आबकारी विभाग के कार्यालय में अंजाम दिया गया. एएओ की ओर से रिश्वत राशि में से कुछ रुपए कार्यालय के कैशियर के लिए भी मांगने की बात को लेकर एसीबी टीम ने कार्यालय के कैशियर से भी पूछताछ की. हालांकि अभी तक रिश्वत मांगने के मामले में कैशियर की भूमिका सामने नहीं आई थी.

ट्रेप की यह कार्रवाई एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गणेशनाथ सिद्ध के निर्देशन में पुलिस निरीक्षक सुभाषचन्द्र की ओर से टीम के साथ अंजाम दी गई. एएसपी गणेशनाथ सिद्ध ने बताया कि पीलीबंगा के वार्ड नम्बर 5 निवासी गोरीशंकर सोनी की वर्ष 2019-2020 के लिए पीलीबंगा में शराब दुकान थी. गोरीशंकर सोनी की ओर से शराब दुकान की 8 प्रतिशत राशि आबकारी विभाग में सिक्योरिटी के रूप में जमा करवाई गई थी जो उसे दुकान की अवधि पूर्ण होने के बाद अप्रैल माह में वापस मिलनी थी, लेकिन कोविड-19 के चलते लगाए गए लॉकडाउन के कारण सिक्योरिटी राशि अप्रेल में नहीं मिल पाई.

गोरीशंकर को उक्त सिक्योरिटी राशि जून माह में मिलनी थी. इसके लिए गोरीशंकर ने पत्रावली तैयार कर जिला आबकारी अधिकारी कार्यालय हनुमानगढ़ में जमा करवा दी. इस सम्बन्ध में गोरीशंकर सोनी ने जिला आबकारी अधिकारी कार्यालय में सम्पर्क किया तो कार्यालय के सहायक लेखाधिकारी द्वितीय (एएओ) मोहनलाल  सिंधी निवासी प्रेमनगर, वार्ड नम्बर 39, टाउन की ओर से सिक्योरिटी राशि जारी करवाने के एवज में रिश्वत की मांग की गई. इस पर गोरीशंकर सोनी ने सोमवार को एसीबी कार्यालय हनुमानगढ़ में शिकायत की.

एएसपी सिद्ध के मुताबिक सोमवार को ही शिकायत का सत्यापन करवाया गया तो एएओ मोहनलाल की ओर से खुद के लिए 500 रुपए, कार्यालय के वरिष्ठ सहायक सुरेन्द्र सिंह (35) पुत्र पदमसिंह राजपूत निवासी हुड़को कॉलोनी, जंक्शन के लिए 1000-1500 रुपए जबकि कैशियर इकबाल सिंह के लिए 500 रुपए की रिश्वत मांगी गई. इस पर सोमवार को ही ट्रेप का आयोजन कर शराब ठेकेदार गोरीशंकर सोनी को टाउन स्थित जिला आबकारी अधिकारी कार्यालय भेजा लेकिन एएओ मोहनलाल कार्यालय में नहीं मिला. 

तब वरिष्ठ सहायक सुरेन्द्रसिंह ने 1000 रुपए की मांग की लेकिन गोरीशंकर ने उसे रिश्वत नहीं दी. इस पर मंगलवार को ब्यूरो टीम ने गोरीशंकर सोनी को अदृश्य रंग लगे 2000 रुपए देकर आबकारी अधिकारी कार्यालय भेज ट्रेप की कार्रवाई के लिए जाल बिछाया.मंगलवार को जैसे ही गोरीशंकर सोनी ने 2000 की रिश्वत के रूप में अदृश्य रंग लगे नोट सहायक लेखाधिकारी मोहनलाल को थमाए तो घात लगाकर बैठी एसीबी की टीम ने इशारा मिलते ही मौके पर पहुंच एएओ मोहनलाल को रिश्वत राशि सहित रंगे हाथ दबोच लिया.

...फर्स्ट इंडिया के लिए कपिल शर्मा की रिपोर्ट

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