राजस्थान के नेताओं पर आलाकमान का विश्वास, सियासी चाणक्य दिखा रहे राज्य से बाहर अपना दम !

राजस्थान के नेताओं पर आलाकमान का विश्वास, सियासी चाणक्य दिखा रहे राज्य से बाहर अपना दम !

जयपुर: राजस्थान के नेताओं का अपना मान और सम्मान है, अपने सियासी चातुर्य से ये राज्य से बाहर अपना लोहा मनवाने में कामयाब हो जाते हैं. आज हम बात कर रहे हैं उन राजनेताओं की जो अपने राज्य से बाहर अपना सियासी दमखम दिखा रहे हैं. जो इन दिनों सियासत के चाणक्य साबित हो रहे है और बढ़ा रहे राजस्थान का मान और सम्मान...

ऐसा शायद पहली बार है कि राजस्थान के राजनीतिज्ञों के भरोसे बीजेपी और कांग्रेस के आलाकमान अपनी अपनी सियासी नैया पार कराने में जुटे हैं. राजस्थान के यह कूटनीतिक और रणनीतिक चेहरे "चाणक्य" के सिद्धांतों को अपनाते हुये अलग राज्यों में अपना लोहा मनवा रहे हैं. इनमें से कुछ ऐसे है जिन्होंने देश के सियासी और अहम राज्य उत्तर प्रदेश और बिहार में अपना लोहा मनवाया है. राजस्थान के यह दिग्गज राजनेता केवल भरोसेमंद ही नहीं बल्कि उस चातुर्य में भी माहिर होते है जिसके जरिए चुनाव जीताने की रणनीति बनाई जा सके.

---कांग्रेस के दिग्गज---

---डॉ रघु शर्मा, चिकित्सा और स्वास्थ्य मंत्री---
- कांग्रेस आलाकमान ने जताया भरोसा
- गुजरात का इंचार्ज बनाना बड़ी बात
- गांधी परिवार के वफादार
- यूथ कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष पद से लेकर कई पदों पर रह चुके
- गुजरात से सटे राजस्थान के बड़े कांग्रेस नेता
- ब्राह्मण चेहरे के तौर पर प्रदेश व्यापी पहचान

प्लस पाइंट- तेज तर्रार नेता, सधी राजनीति, दो टूक बात, युवा राजनीति के समर्थक, कांग्रेस के थिंक टैंक

---हरीश चौधरी, राजस्व मंत्री---
- गहलोत सरकार में मंत्री, पंजाब के इंचार्ज
- पंजाब में बदलाव के रणनीतिकार
- राहुल गांधी के हरावल दस्ते के सिपाही
- कांग्रेस के युवा थिंक टैंक
- जाट राजनीति के युवा चेहरे

प्लस पाइंट- कूल पॉलिटिशियन, कूटनीति बनाने में माहिर, संगठनकर्ता

---भंवर जितेंद्र सिंह, राष्ट्रीय महासचिव एआईसीसी---
- असम के इंचार्ज
- कुशल रणनीतिकार और संगठनकर्ता
- गांधी परिवार के बेहद नजदीक
- पूर्व केंद्रीय मंत्री और पूर्व सांसद और पूर्व विधायक

प्लस प्वाइंट- लो प्रोफाइल होकर काम को अंजाम तक पहुंचाना

---भाजपा के दिग्गज---

---भूपेन्द्र यादव, केंद्रीय मंत्री---
- राजस्थान से राज्यसभा सांसद
- मोदी सरकार में कैबिनेट मंत्री
- अमित शाह के करीबी
- महाराष्ट्र के चुनावी प्रबंधन का जिम्मा संभालेंगे
- पेशे से वकील यादव है भाजपा के कूटनीतिक चेहरे

प्लस पाइंट- एक हाथ से दूसरे हाथ को पता नहीं चलने देते, वॉर रुम के सिद्धहस्त

---गजेंद्र सिंह शेखावत, केंद्रीय मंत्री---
- मोदी सरकार में कैबिनेट मंत्री
- जोधपुर से सांसद
- पंजाब का चुनावी प्रभारी बनाया
- अमित शाह की टीम में शुमार
- पंजाब में मुकाबला होगा मारवाड़ के ही हरीश चौधरी से

प्लस प्वाइंट- ऊर्जा से लबरेज रहने वाले नेता, संगठनकर्ता

---अर्जुन सिंह मेघवाल, केंद्रीय मंत्री---
- यूपी में बीजेपी का सह चुनाव प्रभारी बनाया
- बीकानेर से लोकसभा सांसद
- राष्ट्र व्यापी दलित चेहरा
- पीएम मोदी की पसंद

प्लस पॉइंट- चुनावी रणनीति बनाने में माहिर, प्रवास और प्रचार में माहिर

---सुनील बंसल---
- आर एस एस से भाजपा में पहुंचे
- अमित शाह के विश्वस्तों में से एक
- यूपी जीत की में रणनीतिक योगदान था, अब फिर बना रहे रणनीति
- यूपी से पहले देश नहीं जानता था
- एबीवीपी को शीर्ष तक पहुंचाने में योगदान
- कभी डीयू छात्रसंघ चुनावों में लहराई थी भगवा पताका
- पहली बार बंसल का प्रयोग किया गया महाराष्ट्र चुनावों में

प्लस पाइंट- शानदार संगठनकर्ता, कठिन चुनौतियों में धैर्य नहीं खोना, चुनावी मैनेजमेंट में माहिर

चाणक्य की कोई बराबर नहीं कर सकता है लेकिन उनकी बताये राजनीतिक मार्ग पर चलने वालों को चाणक्य शब्द की उपमा दी जा सकती है. राजस्थान के यह कूटनीतिक चेहरे भी साम, दाम, दंड और भेद के सियासी सिद्धांतों को अपनाकर ही अपनी पार्टी में आगे बढ़े हैं. राजनीति में भाग्य का साथ होना भी जरुरी है, साथ मिलते ही सियासी बुलंदिया हासिल हो जाती है. आलाकमान से मिले चुनावी टास्क पर खरा उतरना आसान नहीं होता और जब जंग अपने ही प्रदेश के लोगों से हो तो वाकई कौटिल्य के राजनीति सिद्धांतो की आवश्यकता पड़ती है. चाणक्य की सीख मौजूदा राजनीति में भी प्रासंगिक है और मरुभूमि के राजनेता इसी पर चलकर अपने राज्य से बाहर खुद का लोहा मनवा रहे हैं. 

...फर्स्ट इंडिया के लिये योगेश शर्मा की रिपोर्ट

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