नई दिल्ली IBBI ने ऋणदाताओं समिति के लिये आचार संहिता का प्रस्ताव किया, लोगों से मांगे सुझाव

IBBI ने ऋणदाताओं समिति के लिये आचार संहिता का प्रस्ताव किया, लोगों से मांगे सुझाव

IBBI ने ऋणदाताओं समिति के लिये आचार संहिता का प्रस्ताव किया, लोगों से मांगे सुझाव

नई दिल्ली: दिवाला मामलों में और पारदर्शिता लाने के उद्देश्य से भारतीय दिवाला एवं ऋण शोधन अक्षमता बोर्ड (आईबीबीआई) ने शुक्रवार को ऋणदाताओं की समिति के लिये आचार संहिता का प्रस्ताव किया है.

दिवाला एवं ऋण शोधन अक्षमता संहिता (आईबीसी) को लागू करने में आईबीबीआई की अहम् भूमिका है. बोर्ड ने परिसमापन प्रक्रिया के नियामकीय ढांचे को और मजबूत करने के लिये और उपायों का भी प्रस्ताव किया है. आईबीबीआई ने कार्पोरेट दिवाला समाधान प्रक्रिया (सीआईआरपी) और परिसमापन प्रक्रिया को लेकर जारी परिचर्चा पत्र पर सार्वजनिक टिप्पणियां और सुझाव मांगे हैं. 

सीआईआरपी पर जारी परिचर्चा पत्र में तीन मुद्दे शामिल हैं.  ऋणदाताओं की समिति (COC) के लिये आचार संहिता, समाधान योजना के लिये अनुरोध और स्विस चैलेंज प्रणाली के इस्तेमाल पर प्रतिबंध, जीवित बैंक गारंटी और रिण सुविधा का दावे के तौर पर उपचार. सार्वजनिक टिप्पणी और सुझाव देने के लिये 17 सितंबर तक का समय दिया गया है. (भाषा) 

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