VIDEO: देश में व्यक्ति ने खुद को श्रेष्ठ और भगवान को दुर्बल बना दिया है : भैयाजी जोशी 

FirstIndia Correspondent Published Date 2018/12/29 06:09

जयपुर (ऐश्वर्य प्रधान)। देश में व्यक्ति ने खुद को श्रेष्ठ और भगवान को दुर्बल बना दिया है। ये कहना है राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरकार्यवाहक सुरेश भैयाजी जोशी का। भैयाजी ने छुआछूत-अस्पृश्यता का विरोध करते हुए हिन्दू जीवन पद्धति पर अपने विचार रखे। उन्होंने विश्व कल्याण का मार्ग हिन्दू जीवन पद्धति को बताया। एक रिपोर्ट-

आज जयपुर में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ की ओर से आयोजित प्रबुद्ध जन सम्मेलन को आरएसएस के सरकार्यवाह सुरेश भैयाजी जोशी ने संबोधित किया।  सम्मेलन का विषय 'विश्व कल्याण का मार्ग हिन्दू जीवन पद्धति' रहा। भैयाजी जोशी ने इस दौरान जाति प्रथा को दूर करने पर जोर तो दिया ही, साथ ही ये भी कहा कि धर्म को लेकर कोई भ्रांतियां नहीं फैलाई जानी चाहिए। भगवान के मंदिर में कोई अछूत नहीं है। हालांकि इस दौरान भैया जी ने मानव जीवन पर कटाक्ष करते हुए कहा कि आजकल व्यक्ति ने खुद को श्रेष्ठ और भगवना को दुर्बल बना दिया है। जोशी ने कहा घर के सभी लोग भी एक मूर्ति की पूजा नहीं करते है। कोई लक्ष्मी को पूजता है तो कोई बजरंगबली को। ईश्वर के रूप भिन्न है, लेकिन ईश्वर एक है, ईश्वर नाम की चैतन्य शक्ति सभी में व्याप्त है। हम समग्र चिंतन के हम धनी हैं।

वसुधैव कुटुंबकम पृथ्वी पर रहने वाले सभी एक परिवार हैं। वहीं हिंदुत्व पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि हिंदुत्व के आधार पर जीवन शैली में परस्पर प्रेम का भाव है और हिंदू पद्धति में अद्वेष का भाव है। सकारात्मक सोच रखने का प्रयास हिन्दू जीवन पद्धति है। उन्होंने कहा कि हमारे यहां दुर्योधन की दृष्टि का सम्मान नहीं होता, वरन दृष्टि धर्मराज वाली जिसमें किसी में बुराई न दिखे। उसी का सम्मान भी होता है। मनुष्य जीवन को प्रकृति के साथ तालमेल करके चलने का भी कहा। साथ ही कहा कि हम सभी वनस्पति जगत को जीवन का हिस्सा मानते है। हम पशुओं की वनस्पतियों की भी पूजा करते है। हिदू पेड़ों की भी पूजा करता है, ताकि जिसकी पूजा की जाए उनका विनाश नहीं हो। 

भैयाजी ने कहा कि वर्तमान में पूजा सिर्फ कर्मकांड रह गई है। नदियों की पूजा करेंगे, लेकिन उसे गंदा भी करते हैं। भूमि की पूजा करेंगे लेकिन रसायनों से नुकसान पहुंचाते हैं। जोशी ने इस दौरान कहा कि मनुष्य को हीनता की ग्रंथी को समाप्त करने की आवश्यकता है और भारत को किसी का अनुकरण नहीं करके भारत को भारत बनाए रखना है। इस दौरान भैयाजी ने कन्या भ्रूण हत्या का प्रुमख कारण दहेज प्रथा को बताया। सम्मेलन में जयपुर प्रान्त के संघ चालक डॉ रमेश चंद्र अग्रवाल, जयपुर महानगर के संघ चालक कर्नल गोयल, संघ प्रचारक दुर्गादास,निम्बाराम,ओमप्रकाश आर्य समेत कई प्रचारक और सैंकड़ो प्रबुद्धजन मौजूद रहे।

भले ही भैयाजी जोशी का उद्बोधन प्रबुध्दजनों  के लिए रहा लेकिन जयपुर के पूर्व और वर्तमान विधायकों की गैर मौजूदगी को लेकर राजनैतिक गलियारों में चर्चा इस बात की रही कि जहां एक और लोकसभा चुनाव करीब है, तो ऐसे में क्या उन्हें संघ ने ही नहीं बुलाया या फिर वो खुद नहीं आये। बहरहाल सांगानेर विधायक लाहोटी की गैरमौजूदगी भी चर्चा में रही।


First India News से जुड़े अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करे!
हर पल अपडेट रहने के लिए अभी डाउनलोड करें First India News Mobile Application
लेटेस्ट वीडियो के लिए हमारे YOUTUBE चैनल को विजिट करें

और पढ़ें

Most Related Stories

Stories You May be Interested in