जेडीए नए साल में राजधानी को देगा विकास की नई सौगातें, 1000 करोड़ रुपए की लागत से शुरू होंगे कई प्रोजेक्ट

जेडीए नए साल में राजधानी को देगा विकास की नई सौगातें, 1000 करोड़ रुपए की लागत से शुरू होंगे कई प्रोजेक्ट

जयपुरः मौजूदा वर्ष का अधिकतर हिस्सा भले ही कोरोना काल में बीत गया हो लेकिन आने वाला नया वर्ष राजधानी जयपुर के लिए कई सौगातें लेकर आएगा. इससे ना केवल शहर का आधारभूत ढांचा सुदृढ़ होगा बल्कि नियोजित विकास को भी मदद मिलेगी

नए साल में करीब 1000 करोड़ रुपए की लागत से शुरू किए जाएंगे 9 नए प्रोजेक्टः
जानकारी के अनुसार शहर के विकास के लिए जिम्मेदार जयपुर विकास प्राधिकरण की ओर से नए साल में करीब 1000 करोड़ रुपए की लागत के नए प्रोजेक्ट शुरू किए जाएंगे. जानकारी के अनुसार वर्ष 2021में करीब 700 करोड़ रुपए की लागत वाले कुल 9 प्रोजेक्ट शुरू किए जाएगे. इसके तहत बी-2 बायपास चौराहा, लक्ष्मी मंदिर तिराहा, ओटीएस चौराहा, चौमूं सर्किल, रामबाग सर्किल चौराहा और जेडीए सर्किल पर अंडरपास फ्लाईओवर और क्लोवरलीफ का निर्माण शुरू किया जाएगा. बताया जा रहा है कि यह जंक्शन ट्रैफिक सिग्नल फ्री हो सकेंगे. इसके अलावा जवाहर सर्किल का सौंदर्यन और शहर में विभिन्न स्थानों पर सौंदर्य व पर्यटन सुविधाओं के विस्तार का काम होगा. वहीं करीब 100 करोड़ रुपए की लागत रामनिवास बाग पार्किंग विस्तार प्रोजेक्ट का शिलान्यास किया जाएगा. इस प्रोजेक्ट से 1500 चौपहियां वाहनों की पार्किंग के लिए जगह उपलब्ध हो सकेगी. वहीं नई साल में सिविल लाइन फाटक पर 75 करोड़ रुपए  की लागत वाले रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण शुरू किया जाएगा. इस ओवरब्रिज के निर्माण से जमनालाल बजाज मार्ग से अजमेर रोड जाने वाले वाहनों का आवागमन सुगम होगा. आनंद विहार, खेड़ा जगन्नाथपुरा और सूर्य नगर योजनाओं में आर्थिक दृष्टि से कमजोर वर्ग के लोगों के लिए 74 करोड़ की लागत से 1448 फ्लैट्स का निर्माण किया जाएगा.

यूडीएच मंत्री धारीवाल की मॉनिटरिंग और जेडीए आयुक्त की प्रतिबद्धता के चलते कोरोना काल में भी जारी रहे इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्सः
मौजूदा वर्ष में मार्च से ही कोरोना संक्रमण के चलते लॉकडाउन लागू किया गया था. इसके बाद चरण वार लॉकडाउन में छूट दी गई. अब भी प्रदेश के कई जिलों में नाइट कर्फ्यू लागू है. लेकिन इन सबके बावजूद यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल की लगातार मॉनिटरिंग और जेडीए आयुक्त गौरव गोयल की प्रतिबद्धता के चलते इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स का काम जारी रहा. यही कारण है कि नए साल में जयपुर विकास प्राधिकरण की ओर से करीब 600 करोड़ रुपए के नए प्रोजेक्ट्स जनता को समर्पित किए जाएंगे. 

ये प्रोजेक्ट्स होंगे जनता को समर्पितः
जानकारी के अनुसार नई साल में करीब 250 करोड़ की लागत से बन रही सोडाला एलिवेटेड रोड का काम नए वर्ष में 30 जून तक पूरा होगा. इस रोड के निर्माण से भवानी सिंह रोड से अजमेर रोड के बीच यातायात का आवागमन सुगम होगा. करीब 108 करोड़ रुपए की लागत से बन रहे झोटवाड़ा रेलवे ओवरब्रिज कम एलिवेटेड रोड का काम नए साल के अंत तक पूरा होगा. इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से झोटवाड़ा और कालवाड क्षेत्र  जाने वाले वाहनों को जाम से निजात मिलेगी. वहीं 76 करोड़ रुपए की लागत से बन रहे जाहोता ओवर ब्रिज का काम लगभग पूरा हो गया है. इसका लोकार्पण नए साल के पहले महीने में ही किया जा सकता है. जयपुर सीकर रेलवे लाइन पर बन रहे इस आरओबी से स्वप्नलोक योजना क्षेत्र और जयपुर से सीकर आने-जाने वाले यातायात को सुविधा होगी. 116 करोड़ रुपए की लागत से निर्माणाधीन सीतापुरा रेलवे ओवरब्रिज का काम 31 जनवरी तक पूरा होने का लक्ष्य है. इसके बनने से रीको इंडस्ट्रियल एरिया, महात्मा गांधी अस्पताल और जगतपुरा के लोगों को वैकल्पिक मार्ग मिलेगा. बस्सी में 33.36 करोड़ रुपए की लागत से बन रहे रेलवे ओवरब्रिज का काम अगले वर्ष 28 फरवरी तक पूरा करने का लक्ष्य है. इस ओवरब्रिज के निर्माण से बस्ती से तुंगा जाने वाले लोगों को बार-बार बंद होने वाले रेलवे फाटक का सामना करना नहीं पड़ेगा.

नए प्रोजेक्ट्स के लिए धन जुटाने की जेडीए के सामने बड़ी चुनौतीः
जेडीए की माली हालत फिलहाल संतोषजनक है. लेकिन नए प्रोजेक्ट्स के लिए धन जुटाना इसके सामने एक बड़ी चुनौती है. जेडीए की वर्षों से लंबित कई पुरानी योजनाओं के विवाद नए साल में खत्म होने के आसार हैं. सरकार के स्तर पर इन विवादों का जेडीए की सिफारिश के मुताबिक हल निकाला गया तो जेडीए को करीब ढाई हजार करोड़ रुपए की आय हो सकेगी.
फर्स्ट इंडिया न्यूज से अभिषेक श्रीवास्तव की रिपोर्ट

और पढ़ें