Jaisalmer: राजनीति में सरहद के सुल्तान कहे जाने वाले गाजी फकीर का इंतकाल, सीएम गहलोत ने जताया दुख

Jaisalmer: राजनीति में सरहद के सुल्तान कहे जाने वाले गाजी फकीर का इंतकाल, सीएम गहलोत ने जताया दुख

जैसलमेर: प्रदेश में कोरोना (Covid) संकट के बीच राजस्थान कांग्रेस के लिए फिर दुखद सूचना आई है. राजनीति में सरहद के सुल्तान कहे जाने वाले मुस्लिम समाज (Muslim society) के धर्म गुरु हाज़ी गाजी फकीर (Ghazi Fakir) का इंतकाल हो गया. गाजी फकीर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता थे. वह कैबिनेट मंत्री सालेह मोहम्मद (Shale Mohammad) के पिता हैं. आज सुबह 11 बजे झाबरा गांव में उन्हें सुपुर्द-ए-ख़ाक किया जाएगा. बताया जा रहा है कि वो लंबे समय से बीमार चल रहे थे. उनका निधन जोधपुर के शुभम हॉस्पिटल में हुआ है. 

मुस्लिम समाज के धर्मगुरु गाजी फकीर के इंतकाल की सूचना के बाद पश्चिमी राजस्थान में शोक की लहर छा गई. लंबी बीमारी के बाद कल दे रात जोधपुर के शुभम अस्पताल में उन्होंने अंतिम सांस ली. कोविड गाइडलाइंस (Covid Guidelines) की पालना के साथ झाबरा गांव में उन्हें सुपुर्द-ए-ख़ाक किया जाएगा. 

CM गहलोत ने भी दुख जताया:
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और गहलोत सरकार में अल्पसंख्यक और वक्फ मंत्री शाले मोहम्मद के पिता के निधन पर CM गहलोत ने भी दुख जताया है. मुख्यमंत्री ने ट्वीट करते हुए कहा कि अल्पसंख्यक और वक्फ मंत्री शाले मोहम्मद जी के वालिद ए मोहतरम जनाब गाजी फकीर के इंतकाल का समाचार जानकर गहरा दुःख हुआ. परवरदिगार मरहूम को मगफिरत के साथ जन्नतुल फिरदौस में आला मकाम अता फरमाए. साथ ही घर वालों और उनके अजीज ओ अकरब को सब्र ए जमील अता फरमाए. 

सिंधी-मुस्लिम समाज में खास पहचान:
आपको बता दें कि गाजी फकीर सिंधी मुस्लिम धर्मगुरु थे. ऐसे वो सिंधी मुस्लिम समाज में खास पहचान रखते थे. उनके जाने से जैसलमेर जिले और मुस्लिम समुदाय में शोक की लहर है. यहां लोग उनके द्वारा किए गए कार्यों को याद कर रहे हैं. 

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