चेन्नई जसप्रीत बुमराह ने जताई अपनी पीड़ा, कहा- लार पर प्रतिबंध से गेंद की चमक बरकरार रखना मुश्किल

जसप्रीत बुमराह ने जताई अपनी पीड़ा, कहा- लार पर प्रतिबंध से गेंद की चमक बरकरार रखना मुश्किल

जसप्रीत बुमराह ने जताई अपनी पीड़ा, कहा- लार पर प्रतिबंध से गेंद की चमक बरकरार रखना मुश्किल

चेन्नई: भारतीय तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह ने शुक्रवार को यहां कहा कि लार पर प्रतिबंध लगाने से गेंदबाज पंगु बन गए हैं क्योंकि गेंद को चमकाने में पसीना प्रभावशाली नहीं है. इंग्लैंड ने चेपक की बेजान पिच पर भारत के खिलाफ पहले टेस्ट क्रिकेट मैच के शुरुआती दिन तीन विकेट पर 263 रन बनाए. कप्तान जो रूट ने अपने 100वें टेस्ट मैच में शतक जड़ा और वह 128 रन बनाकर खेल रहे हैं. एसजी गेंद 40 ओवर के बाद नरम पड़ने लग गयी थी.

 

उपाय तलाशने की कर रहे कोशिशः 
बुमराह ने पहले दिन का खेल समाप्त होने के बाद वर्चुअल संवाददाता सम्मेलन में कहा कि गेंद कुछ समय बाद नरम पड़ने लगी थी जबकि विकेट सपाट था और उससे उछाल नहीं मिल रही थी. आपके पास (गेंद को चमकाने के लिए) बहुत कम विकल्प हैं. हम सीमित विकल्पों के बीच उपाय तलाशने की कोशिश कर रहे हैं.  भारत की तरफ से दो विकेट लेने वाले बुमराह ने स्वीकार किया कि गेंद की चमक बनाए रखना मुश्किल है क्योंकि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद ने कोविड-19 महामारी के कारण लार के उपयोग पर प्रतिबंध लगा रखा है.

गेंद की चमक बनाए रखना बेहद मुश्किलः
बुमराह ने कहा कि हां यह तब मुश्किल बन जाता है जब गेंद नरम हो जाती है और कोविड-19 के नियमों के कारण आप उसे चमका नहीं सकते हो. हम लार का उपयोग नहीं कर सकते हैं और तब गेंद की चमक बनाए रखना बेहद मुश्किल होता है. उन्होंने कहा कि गेंद से रिवर्स स्विंग पाने के लिए पसीना अच्छा विकल्प नहीं है जो कि लार की तरह प्रभावी नहीं होता है. उन्होंने कहा कि भारत में गेंद आसानी से खुरदुरी हो जाती है. इसलिए आपको उसका एक हिस्सा चमकाना पड़ता है लेकिन पसीने से ऐसा संभव नहीं है. आप पसीने से एक हिस्से को भारी नहीं कर सकते और इससे फायदा नहीं होता है. लेकिन यह नियम हैं और हमें परिस्थितियों के अनुसार ही आगे बढ़ना होगा. 

चेपक की विकेट को बताया गेंदबाजों के प्रतिकूल: 
बुमराह ने कहा कि चेपक का विकेट निश्चित तौर पर गेंदबाजों के अनुकूल नहीं है.उन्होंने कहा कि यहां यह मेरा पहला मैच है. विकेट सपाट है और गेंद को खास मूवमेंट नहीं मिल रहा है. यह मुश्किल परिस्थिति है लेकिन हम विकेट को लेकर शिकायत करने की कोशिश नहीं कर रहे हैं बल्कि समाधान ढूंढने का प्रयास कर रहे हैं. 

कुलदीप यादव को टीम में जगह न मिलने पर उठ रहे सवालः
सपाट पिच पर कुलदीप यादव को टीम में नहीं रखने पर भारतीय टीम प्रबंधन पर सवाल उठाए जा रहे हैं, इस पर बुमराह ने कहा कि काफी अगर मगर हो सकते हैं लेकिन हम इस टीम के प्रत्येक खिलाड़ी का पक्ष लेते हैं. आप मैच के बाद इस पर टिप्पणी कर सकते हैं लेकिन अभी काफी खेल बचा है. हम अपने खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाने पर ध्यान दे रहे हैं. मैच के बाद हम इस पर चर्चा कर सकते हैं. 

बुमराह ने की जो रूट की तारीफः
बुमराह ने रूट की प्रशंसा की और कहा कि उनकी सफलता का कारण स्पिनरों का सामना करते हुए गेंद का अच्छी तरह से अनुमान लगाना रहा. वह यह भी नहीं बताना चाहते हैं कि अगले दो दिनों में पिच का व्यवहार कैसा होगा. उन्होंने कहा कि इससे आज बहुत अधिक स्पिन नहीं मिल रही थी. जब तक दोनों टीमें एक एक बार गेंदबाजी नहीं कर लेती तब तक इसका आकलन करना मुश्किल है. कल हमारा ध्यान अधिक मौके और दबाव बनाने पर होगा.
सोर्स भाषा

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