Live News »

जानिए हमारे शरीर के लिए क्यों बेहद जरूरी है विटामिन 'सी'

जानिए हमारे शरीर के लिए क्यों बेहद जरूरी है विटामिन 'सी'

नई दिल्ली। शरीर की मूलभूत रासायनिक क्रियाओं में विटामिन 'सी' ऊर्जा का निर्माण और मांसपेशियों को जोड़े रखने का काम करता है। वैसे तो हम सब जानते हैं कि विटामिन की ज़रूरत मनुष्य शरीर को बेहद होती है। खासकर जब बात हमारे त्वचा की परेशानी की हो तो विटामिन सी ही एक मात्र ऐसा विटामिन है, जिसके सेवन राहत मिलती है। साथ ही साथ विटामिन 'सी' पेट की परेशानियों से भी निजात दिलाता है। 

विटामिन सी से भरपूर आहार

आंवला

आंवला में भरपूर मात्रा में विटामिन सी होता है। इसके सेवन से आप शरीर में हो रही बालों और त्वचा की परेशानियों से मुक्त हो सकते हैं। साथ ही साथ यह आपके पाचन तंत्र का भी ख्याल रखेगा। 

संतरा

संतरा गुणों की 'खान' होता है। इसमें आपको प्रचुर मात्रा में फाइबर व विटामिन सी मिलेगा। संतरे में एंटीऑक्सीडेंट्स पाया जाता है, जिससे आप कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी से बच सकते है। 

अंगूर

अंगूर खाने में जितना आसान होता है, उतना ही पोषक मान जाता है। यह हर तरीके से आपको फायदा करता है, क्योंकि इसमें फाइबर और विटामिन सी के साथ साथ केलोरीज़ भी होती है। जो शरीर के विकास में मदद करती है व रक्त विकार और पायरिया जैसी बिमारियों से छुटकारा भी देता है। 

पालक

पालक में भरपूर मात्रा में विटामिन सी और आयरन पाया जाता है। शरीर में खून बनाने में पालक बहुत मदद करता है। साथ ही साथ इसमें पाया जाने वाला फोलिक एसिड और मैग्नासियम कैंसर जैसी बिमारियों से लड़ता है। 

कच्चा केला

कच्चे केले का सेवन करके हम शरीर से विटामिन सी की कमी पूरी कर सकते है। विटामिन सी हमारे शरीर से काफी बिमारियों को दूर रखता है। केला शरीर के लिए ठंडा माना जाता है जिससे हम शरीर में हो रहे स्किन इन्फेक्शन्स को मिटा सकते है। साथ ही साथ इसके सेवन से एनीमिया, मसूड़ों की समस्या और हार्ट प्रॉब्लम से भी राहत पा सकते हैं।  
 

और पढ़ें

Most Related Stories

Covid -19 : बाजार में बढ़ रही सैनिटाइजर की मांग के बीच ऐसे करें असली की पहचान

Covid -19 : बाजार में बढ़ रही सैनिटाइजर की मांग के बीच ऐसे करें असली की पहचान

जयपुर: दुनियाभर में इस समय कोरोना वायरस की दहशत फैली हुई है. कोरोना वायरस से बचने के लिए सरकार बार बार एडवाइजरी जारी कर साबुन से हाथ धोना और सैनिटाइजर से हाथ को विसंक्रमित करने की अपील कर रही है. ऐसे में इस समय लोग बाजार में उपलब्ध कई तरह के सैनिटाइजर का इस्तेमाल कर रहे हैं. लेकिन इस बीच सबसे बड़ा सवाल तो यह खड़ा होता है कि हम जो सैनिटाइजर इस्तेमाल कर रहे हैं वो असली है या नकली. तो ऐसे में हम आपको असली सैनिटाइजर की पहचान के बारें में बता रहे हैं...

VIDEO- Rajasthan Corona Update: प्रदेश में पिछले 12 घंटे में 4 नए मरीज और आए सामने, कुल पॉजिटिव संख्या पहुंची 83 

सैनिटाइजर चिपचिपा भी नहीं होता:
आपको बता दें कि जो सैनिटाइजर सही होगा वह थोड़ा हाथ पर ठंडा सा लगेगा और जल्द ही सूख भी जाएगा. इसके साथ ही वह चिपचिपा भी नहीं होगा. वायरस वैक्टीरिया को मारने के लिए ज्यादातर अल्कोहल से तैयार सैनिटाइजर अच्छे होते हैं. 

 Rajasthan Corona Update: दौसा में 11 संदिग्धों के भागने का प्रकरण, सभी रोगियों पर एफआईआर दर्ज 

आप साबुन से भी हाथ धो सकते हैं:
वहीं अगर आपकों बाजारा में सैनिटाइजर नहीं भी मिल रहा तो घबराने की आवश्यकता नहीं है. आप साबुन से भी हाथ धो सकते हैं. बस हाथ धोते समय यह सावधानी रखें की हाथ पूरी तरह से रगड़ कर साबुन से साफ करना है. 


 

गर्म पानी पीने से दूर होंगी कई बीमारियां, नियमित करें सेवन

गर्म पानी पीने से दूर होंगी कई बीमारियां, नियमित करें सेवन

जयपुर: सुबह उठते ही गर्म पानी पीने से हम कई बीमारियों से बच सकते हैं. इस समय महामारी बन चुका कोरोना वायरस से बचने के लिए भी डॉक्टर यही सलाह दे रहे हैं. डॉक्टरों के अनुसार गर्म पानी पीने के कई फायदे होते हैं. गर्म पानी पीने से मूत्र के जरिए जहरीले तत्व बाहर निकल जाते हैं. नींबू और शहद मिलाकर भी इस पानी का सेवन किया जा सकता है. तो आइए हम आपको गर्म पानी पीने के कुछ फायदें बता रहे हैं...

VIDEO: राजस्थान में कोरोना की बढ़ती जा रही दस्तक, रामगंज में दो और पॉजिटिव मिलने की सूचना 

- गर्म पानी पीने का सबसे बड़ा फायदा यह होता है कि पेट आसानी से साफ हो जाता है.

- गर्म पानी पाचन क्रिया को आसान बनाता है.

- गर्म पानी का नियमित सेवन किया जाए तो नाक और मुंह पर होने वाले किसी भी अटैक से बचा जा सकता है.

-  वजन कम करने का बेहतरीन उपाय है गर्म पानी में नींबू और शहद मिलाकर सेवन करना.

- गर्म पानी महिलाओं को पीरियड्स में होने वाली ऐंठन का भी इलाज करता है. 

- गर्म पानी का सेवन करने से मोटोपा कम होता है. 

 Coronavirus Updates: प्रदेश में बढ़ती जा रही कोरोना की दस्तक, कुल मरीजों की संख्या हुई 60 

बेहद गुणकारी है बादाम, अगर करेंगे सेवन तो होगा वजन कंट्रोल 

 बेहद गुणकारी है बादाम, अगर करेंगे सेवन तो होगा वजन कंट्रोल 

जयपुर: हमारी सेहत के बादाम बेहद गुणकारी होते है, अगर हम बादाम का हर रोज सेवन करेंगे तो इससे शरीर को कई सारे फायदे मिलते है. आप हर रोज सुबह खाली पेट बादाम खाएंगे. तो इससे आपका दिमाग, सेहत और त्वचा ठीक रहेगी. इनमें मौजूद एंटी-ऑक्सीडेंट तत्व शरीर के लिए बहुत तरीके से फायदेमंद हैं. चलिए जानते है बादाम खाने के सेहत लाभ के बारे में...

ये घरेलू नुस्खे अपनाएं, दूर भगाएं एसिडिटी

होगा वजन कंट्रोल: 
अगर आप भी वजन कंट्रोल करने की सोच रहे है तो आप बादाम का सेवन कीजिए. लेकिन ध्यान रखे आप दिन में नहीं, बल्कि रात्रि विश्राम से पहले एक गिलास दूध और 5 से 6 बादाम का सेवन कीजिए. आप बादाम के साथ-साथ 3-4 अखरोट भी खा सकते हैं. अगर आपको खाना खाने के बाद भी भूख सताए तो आप ओर कुछ खाने की बजाए बादाम का सेवन कीजिए. इससे आपका वजन कंट्रोल होगा. 

आएंगी अच्छी नींद:
अगर आपको भी रात को नींद नहीं आती है, तो आप बादाम का सेवन कीजिए, इससे अच्छी नींद आएंगी. आप रात को सोने से पहले 4-5 बादाम जरुर खाएं, ऐसा करने से आपको नींद बहुत अच्छी आएगी.

नियमित करेंगे लहसुन का सेवन, तो होगा कोलेस्ट्रॉल लेवल कम

शुगर होगा कंट्रोल:
इसके अलावा शुगर कंट्रोल करने के लिए भी सोने से पहले बादाम खाना फायदेमंद माना जाता है. जिन लोगों को बादाम नहीं पचते, वो उसका छिलका उतारकर खाएं, फिर परेशानी नहीं होगी. मगर यदि ऐसी कोई परेशानी नहीं है तो छिलके के साथ ही बादाम खाएं, बादाम के छिलके में फाइबर काफी मात्रा में पाया जाता है.वैसे तो बादाम के बहुत सारे सेहत फायदे है, अगर आप इस्तेमाल करेंगे तो सेहत को कई फायदे मिलेंगे.

Holi festival 2020: हर्बल गुलाल और बिंदास होकर खेलिए होली, यहां पर महिलाओं ने बनाया प्राकृतिक गुलाल

Holi festival 2020: हर्बल गुलाल और बिंदास होकर खेलिए होली, यहां पर महिलाओं ने बनाया प्राकृतिक गुलाल

कोटड़ा(उदयपुर): उदयपुर जिले के आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र कोटड़ा में राजीविका से जुड़ी महिलाएं अभी हर्बल गुलाल बनाने में लगी हुई है. होली के त्योहार को देखते हुए इन महिलाओं ने रोजाना एक क्विंटल से अधिक हर्बल गुलाल बनाया. इस गुलाल को बाजार में दो सौ रुपये किलो की दर से बेचा जा रहा है. कोटड़ा तहसील के गोगरुद में राजीविका महिला सर्वांगीण सहकारी समिति लिमिटेड की महिलाएं आगामी होली के त्योहार को लेकर फूलों से हर्बल गुलाल बना रही है.

holi Festival 2020: यहां जलाई जाती है उदयपुर संभाग की सबसे ऊंची होली, बेटी की तरह दी जाती है विदाई

स्वंय सहायता समूह की साठ महिलाये पिछले माह 27 फरवरी से यह हर्बल गुलाल बना रही है और प्रतिदिन एक क्विंटल से अधिक मात्रा में गुलाल का निर्माण कर रही है. वर्तमान में यह महिलाएं एक हजार किलो से अधिक गुलाल का निर्माण कर चुकी है. इस गुलाल को समिति द्वारा बाजार में दो सौ रुपये प्रति किलो की दर से बेचा जा रहा है. महिलाओं द्वारा बनाये गए इस गुलाल की डिमांड हिमाचल प्रदेश,दिल्ली,कोलकाता,बिहार,महाराष्ट्र सहित राजस्थान के विभिन्न जिलों से आ चुकी है. 

ऐसे बनता है हर्बल गुलाल..
हर्बल गुलाल बनाने के लिए महिलाएं आस पास के जंगल से पलाश के फूल,रजके के पत्ते व अन्य फूलों की पत्तियां इकट्ठा करके लाती है. इसके बाद इनको साफ पानी से धोया जाता है और पानी में उबाला जाता है. इस मिश्रण को छानकर ठंडा करते है फिर इनमें अरारोट मिलाकर सुखाया जाता है और गुलाल का स्वरूप दिया जाता है. तीन दिन की इस प्रक्रिया में एक दिन फूल व पत्तियां बीनने में लगता है दूसरे दिन इन्हें पानी मे उबालकर तैयार करने में और तीसरा दिन इसे सुखाने में. यह गुलाल पूर्णतः प्राकृतिक होता है जो कि शरीर पर किसी प्रकार का नुकसान नही पहुंचाता है, जबकि बाजार में मिलने वाला गुलाल केमिकल युक्त होता है जो कि शरीर के लिए हानिकारक होता है.

बीकानेर में होली मनाने का अंदाज सबसे अलग, चंग की थाप पर रसिये गा रहे हैं फाल्गुनी गीत 

गुलाल की लागत सौ रुपये प्रति किलो:
स्वय सहायता समूह द्वारा बनाए गए इस गुलाल की लागत सौ रुपये प्रति किलो  आती है. वहीं इस गुलाल को समिति द्वारा बाजार में दो सौ रुपये किलो की दर से बेचा जा रहा है. इस प्रकार प्रति किलो सौ रुपये की आय होती है. यह आय प्रगति महिला सर्वांगीण सहकारी समिति लिमिटेड गोगरुद में जमा होगी, जिसे सभी सदस्यों में समान भाग में विभाजित कर दिया जाएगा. वहीं फूल बीनने वाली महिलाओं को ढाई सौ से तीन सौ रुपए तक मजदूरी दी जाती है.

स्वर्ण प्राशन आयुर्वेद टीकाकरण कार्यक्रम, 16 वर्ष तक के बच्चों को लगाया टीका

स्वर्ण प्राशन आयुर्वेद टीकाकरण कार्यक्रम, 16 वर्ष तक के बच्चों को लगाया टीका

माउंटआबू: पुष्य नक्षत्र के मौके पर राजस्थान आयुर्वेद विभाग द्वारा नन्हे बच्चों के अंदर रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए इन दिनों कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें स्वर्ण प्राशन एक आयुर्वेदिक रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने का उपाय है. जिसमें शुद्ध स्वर्ण भस्म वह दूध शहद ब्राह्मी शंखपुष्पी आदि औषधि का मिश्रण होता है. बच्चों को पिलाने पर यह विशेष उपयोगी होता है वही प्रतिमाह पुष्प नक्षत्र के दिन इसे पिलाने से विशेष लाभ होता है. 

प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से जुड़े सवाल पर विधानसभा में हुआ जोरदार हंगामा

टीकाकरण अभियान का आगाज:
इसी कड़ी में आज माउंट आबू के अंबेडकर कॉलोनी स्थित राजकीय विद्यालय में टीकाकरण अभियान का आगाज किया गया, जिसमें प्रधान चिकित्सा प्रभारी अंजू वाधवा के अनुसार चिकित्सा बैंक में पद स्थापित चिकित्सा अधिकारी कांतिलाल माली एवं अन्य कर्मचारियों ने मिलकर माउंट आबू के इस विद्यालय में शिविर का आयोजन किया गया. 

जैसलमेर के जवाहर अस्पताल में एक संदिग्ध मौत, सर्दी जुकाम से पीड़ित था मरीज

बच्चों को पिलाई औषधि:
कार्यक्रम में बच्चों को औषधि पिलाई गई, वहीं राजकीय चिकित्सालय में भामाशाह मणि भाई एवं भामाशाह के सहयोग से आज सुवर्णप्राशन टीकाकरण औषधि पिलाई जिससे बच्चों का बौद्धिक विकास हो सके इसी उद्देश्य के साथ इस कार्यक्रम का आयोजन किया गया. 

भरतपुर में ऑर्गेनिक अबीर और गुलाल तैयार, महिलाओं को दी जा रही है ट्रेनिंग

 भरतपुर में ऑर्गेनिक अबीर और गुलाल तैयार, महिलाओं को दी जा रही है ट्रेनिंग

भरतपुर: रंगों के बिना होली का मजा अधूरा ही रहता है, लेकिन कई बार यह रंग आपके शरीर और जीवन को बदरंग भी कर देते हैं और अधिकांश लोग तो होली खेलने से इसलिए बचते हैं कि कहीं केमिकल से बने गुलाल व रंग से उनकी त्वचा खराब न हो जाए. इसी बात को देखते हुए अब भरतपुर में फल और सब्जियों से बने ऑर्गेनिक गुलाल और रंगों की बहार दिखाई दे रही है.

ऑर्गेनिक गुलाल रंग बनाने की ट्रेनिंग:
स्वयं सहायता समूह वर्ग द्वारा महिलाओं को ऑर्गेनिक अबीर व गुलाल बनाना सिखाया है, जो फलों और सब्जियों से तैयार किए जाते हैं. स्वयम सहायता समूहों की महिलाओं को विशेष कर होली के त्यौहार को देखते हुए ऑर्गेनिक गुलाल रंग बनाने की ट्रेनिंग दी गई है.

जोधपुर में सीज किया गया कोरोना वायरस पीड़ित इटालियन दंपत्ति का कमरा, चिकित्सा विभाग में मचा हड़कंप

केमिकल रहित गुलाल और रंग:
स्वर्ग संस्था के प्रबंधक बलवीर सिंह ने फर्स्ट इंडिया न्यूज़ को बताया इस बार उनकी संस्था ने होली के लिए रिसर्च किया है और केमिकल रहित गुलाल और रंग तैयार कराया है. उन्होंने कहा कि उन महिलाओं को रंग गुलाल बनाने की ट्रेनिंग दी है जो बेरोजगार हैं. उन्होंने बताया कि पालक से हरा चुकंदर से लाल हल्दी और चंदन से पीला गुलाल व रंग बनाया जा रहा है जिसमें केमिकल की मात्रा लेश मात्र भी नहीं है.

त्वचा पर नहीं होगा कोई नुकसान:
सिर्फ अरारोट का उपयोग इसमें किया गया है. प्रबंधक बलवीर सिंह ने बताया कि लोगों को अब होली खेलने से डरने की आवश्यकता नहीं है अगर वे ऑर्गेनिक गुलाल रंग से होली खेलेगे तो इससे उनकी त्वचा पर कोई नुकसान नहीं होगा.

कोरोना वायरस को लेकर भारत में अलर्ट, स्वास्थ्य मंत्री बोले- विदेश से आने वाले हर व्यक्ति की जांच की जाएगी

...फर्स्ट इंडिया न्यूज संवाददाता दीपक लवानिया की रिपोर्ट

ये घरेलू नुस्खे अपनाएं, दूर भगाएं एसिडिटी

ये घरेलू नुस्खे अपनाएं, दूर भगाएं एसिडिटी

जयपुर: एसिडिटी की समस्या ओवर इटिंग या फिर ज्यादा ऑयली खाने की वजह से होती है. इसी वजह से सीने में जलन होने लगती है.लेकिन इससे डरने की कोई जरूरत नहीं यह आम बात है. इसके अलावा अधिक दवाइयों का सेवन भी एसिडिटी का कारण है। वैसे बदलती जीवन शैली की वजह से एसिडिटी होना आम बात है. क्योंकि खाना सही वक्त पर ना खाने की वजह से भी कई बार एसिडिटी की समस्या उत्पन्न हो जाती है. चलिए आज हम आपको कुछ घरेलू टिप्स बताते है जिनकी सहायता से आप एसिडिटी की समस्या को दूर कर सकते है...

नियमित करेंगे लहसुन का सेवन, तो होगा कोलेस्ट्रॉल लेवल कम

कीजिए सौंफ का सेवन: 
अगर आप सौंफ का सेवन करेंगे तो इससे एसिडिटी की समस्या से छूटकारा पा सकते है. क्यों​कि सौंफ भोजन को पचाने में सहायता करती है. ऐसे में हर दोपहर और रात का खाना खाने के बाद एक चम्मच सौंफ जरुर खाना चाहिए. 

कीजिए दालचीनी का सेवन:
क्या आप एसिडिटी की समस्या से परेशान है. तो आप दालचीनी का सेवन कीजिए. इससे एसिडिटी की समस्या दूर हो जाएगी. अगर आपको एसिडिटी की बहुत ज्यादा समस्या है तो खाने के 1 घंटे बाद आधे गिलास गुनगुने पानी में 1 चुटकी दालचीनी पाउडर मिलाकर पिएं. एसिडिटी के साथ-साथ दालचीनी का पानी आपके ब्लड शुगर लेवल को भी बैलेंस करने में सहायता करता है.

जितना नारियल पानी स्वादिष्ट, उतना ही सेहत के लिए फायदेमंद

एसिडिटी दूर भगाए गुड़: 
वैसे तो गुड़ हमारी सेहत के लिए बेहद लाभकारी होता है. अगर आप खाने के बाद गुड़ खाएंगे तो इससे खाना जल्दी पच जाता है. गुड़ का सेवन जहां आपके खाने को पचाने में आपकी सहायता करता है, वहीं एसिडिटी, पेट में दर्द और जलन जैसी समस्याओं से भी आपको बचाकर रखता है. खाने के बाद गुड़ का सेवन शरीर में खून की मात्रा ठीक बनाए रखता है. जिन बच्चों को भूख नहीं लगती उन्हें दिन में 1-2 बार गुड़ जरुर खिलाना चाहिए. इससे उन्हें भूख लगने लग जाएगी.

नियमित करेंगे लहसुन का सेवन, तो होगा कोलेस्ट्रॉल लेवल कम

नियमित करेंगे लहसुन का सेवन, तो होगा कोलेस्ट्रॉल लेवल कम

जयपुर: हमारी सेहत के लिए लहसुन बेहद उपयोगी होता है. अगर इसका आप रोजाना यूज करेंगे तो सेहत को कई फायदे मिलेंगे. लहसुन से इम्यूनिटी सिस्टम मजबूत बनता है. अगर लहसुन का नियमित रूप से सेवन किया जाए तो हमारे शरीर के आसपास कई बीमारियां नहीं भटकेगी. लहसुन एंटीबैक्टीरियल गुणों से भरपूर होता है. इसमें एंटी फंगल गुण भी पाए जाते है. चलिए जानते हैं लहसुन के सेहत लाभ के बारे में....

होगा कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल:
अगर आप नियमित रूप से लहसुन का सेवन करेंगे तो इससे कोलेस्ट्रॉल का लेवल कम होता है. साथ ही हार्ट से जुड़ी समस्याएं भी दूर होती है. इसका सेवन करने से शरीर का फैट तेजी से बर्न होता है जिससे आपका वजन कम होने लगता है. 

बढ़ेगा स्टेमिना:
वैसे तो लहसुन के कई फायदे है, अगर आप रात को सोने से पहले एक कच्चा लहसुन खाएंगे तो इससे आपके शरीर में स्टेमिना बढ़ता है.जिससे आपकी बॉडी की तमाम कमजोरी दूर होगी. 

जितना नारियल पानी स्वादिष्ट, उतना ही सेहत के लिए फायदेमंद

निकलेंगे विषाक्त तत्व:
अगर आप रात को सोने से पहले भुने हुए लहसुन का सेवन करेंगे तो इससे   यूरिन के माध्यम से शरीर के मौजूद विषाक्त तत्व बाहर निकलते हैं.

हड्डियां होगी मजबूत:
आप हर रोज लहसुन का सेवन करेंगे तो इससे हड्डियां मजबूत बनेगी. अगर आप रात को सोने से पहले लहसुन खाएंगे तो इससे शरीर की हड्डियां मजबूत बनती है. साथ ही जोड़ों और घुटनों का दर्द दूर होगा. 

कीजिए लहसुन और शहद का यूज:
अगर आप लहसुन की कली और शहद का सेवन करेंगे. तो इससे कैंसर से बचाव हो सकता है. लहसुन और शहद विशेष रूप से व्यक्ति के पेट में होने वाले कैंसर के खतरों को कम करने का काम करता है.

कीजिए गाजर का सेवन, होगा लिवर का फैट कम

Open Covid-19