महाराष्ट्र बारिश: सातारा में लापता लोगों की तलाश जारी, मुंबई-बेंगलुरु राजमार्ग बाधित

महाराष्ट्र बारिश: सातारा में लापता लोगों की तलाश जारी, मुंबई-बेंगलुरु राजमार्ग बाधित

महाराष्ट्र बारिश: सातारा में लापता लोगों की तलाश जारी, मुंबई-बेंगलुरु राजमार्ग बाधित

पुणे: महाराष्ट्र के सातारा जिले में रविवार को बारिश की तीव्रता कम हुई और अधिकारियों ने भूस्खलन की घटनाओं के बाद लापता हुए लोगों की तलाश में अभियान चलाया है. वहीं, पड़ोसी कोल्हापुर के जलमग्न होने के कारण मुंबई-बेंगलुरु राजमार्ग पर यातायात ठप है.

मृतकों की संख्या बढ़कर शनिवार को 28 हुई:
अधिकारियों ने बताया कि पश्चिमी महाराष्ट्र के सातारा में बारिश से संबंधित घटनाओं में मृतकों की संख्या बढ़कर शनिवार को 28 हो गयी और कम से कम 14 लोग लापता हैं. उन्होंने बताया कि शनिवार रात तक अंबेघर गांव में भूस्खलन के बाद वहां से 11 शव बरामद किए गए, छह शव मीरगांव और चार शव ढोकावाले गांव से बरामद किए गए. इसके अलावा सातारा जिले में बारिश से संबंधित अन्य घटनाओं में सात लोगों की मौत हो गयी.

लापता लोगों की तलाश में अभियान सुबह से शुरू हुआ:
राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) और जिला प्रशासन के अनुसार, ढोकावाले में तलाश अभियान शनिवार रात को पूरा हो गया. सातारा के पुलिस अधीक्षक अजय कुमार बंसल ने कहा कि लापता लोगों की तलाश में अभियान सुबह से शुरू हो गया है. हम दोपहर तक अभियान पूरा कर लेंगे. गत शाम से कम बारिश के कारण राहत है जिससे तलाश अभियान तेज करने में मदद मिलेगी. 

राजाराम में पंचगंगा नदी में जल स्तर कम होकर 52 फुट तक आया:
स्थानीय प्रशासन के अनुसार, पिछले तीन दिनों में भारी बारिश के कारण जिले में 379 गांव प्रभावित हैं और 5,000 से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया है. पड़ोसी कोल्हापुर में भी बारिश कम हुई है और राजाराम में पंचगंगा नदी में जल स्तर कम होकर 52 फुट तक आ गया है लेकिन यह अब भी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है.

नडीआरएफ के छह और सेना की एक टुकड़ी बाढ़ग्रस्त इलाकों में बचाव अभियान चला रही:
कोल्हापुर के पुलिस अधीक्षक शैलेश बाल्कावाडे ने कहा कि शिरोली गांव के समीप सड़क के डूबे होने के कारण मुंबई-बेंगलुरु राजमार्ग पर यातायात अब भी ठप है. जिले के संरक्षक मंत्री सतेज पाटिल ने शनिवार को कहा कि बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों से 74,000 से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया है. एनडीआरएफ के छह दल और सेना की एक टुकड़ी बाढ़ग्रस्त इलाकों में बचाव अभियान चला रही है. पड़ोसी सांगली जिले में इर्विन ब्रिज पर कृष्णा नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है. (भाषा) 

और पढ़ें