नई दिल्ली Market Update: SEBI ने ESG Rating एजेंसियों के नियमन के लिए रूपरेखा प्रस्ताव पेश किया

Market Update: SEBI ने ESG Rating एजेंसियों के नियमन के लिए रूपरेखा प्रस्ताव पेश किया

Market Update: SEBI ने ESG Rating एजेंसियों के नियमन के लिए रूपरेखा प्रस्ताव पेश किया

नई दिल्ली: बाजार नियामक सेबी ने पर्यावरण, सामाजिक एवं कामकाज के संचालन (ईएसजी) से संबंधित रेटिंग देने वाली फर्मों के नियमन के लिए सोमवार को एक प्रारूप प्रस्ताव पेश किया. सेबी ने अपने परामर्श पत्र में कहा कि 10 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य वाली क्रेडिट रेटिंग एजेंसियां एवं विश्लेषक फर्में ही ईएसजी रेटिंग सेवा प्रदाता (ईआरपी) के तौर पर स्वीकार्य मानी जाएंगी.

ईएसजी रेटिंग प्रदाताओं को कंपनी के संबंधित क्षेत्र का भी उल्लेख करना चाहिए: 

किसी भी सूचीबद्ध कंपनी को ईएसजी मानकों पर अपनी रेटिंग हासिल करने के लिए सिर्फ मान्यता प्राप्त ईआरपी से ही सेवा लेनी जरूरी होगी. इसके अलावा सेबी ने यह भी कहा है कि ईएसजी रेटिंग प्रदाताओं को कंपनी के संबंधित क्षेत्र का भी उल्लेख करना चाहिए. मसलन, कार्बन जोखिम रेटिंग का उल्लेख ईएसजी रेटिंग के तौर पर नहीं किया जाना चाहिए.

 ईआरपी को हमेशा ही उचित शब्दावली का प्रयोग करना चाहिए:

परामर्श पत्र के मुताबिक, ईआरपी को कम-से-कम एक रेटिंग उत्पाद की पेशकश जरूर करनी चाहिए. हितधारकों के बीच किसी भी तरह के संदेह से बचने के लिए यह प्रस्ताव भी रखा गया है कि ईआरपी को हमेशा ही उचित शब्दावली का प्रयोग करना चाहिए.  सोर्स- भाषा

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