फरीदाबाद हरियाणा में डेढ़ लाख से अधिक LIC एजेंट एक दिन की हड़ताल पर, निजीकरण का विरोध

हरियाणा में डेढ़ लाख से अधिक LIC एजेंट एक दिन की हड़ताल पर, निजीकरण का विरोध

हरियाणा में डेढ़ लाख से अधिक LIC एजेंट एक दिन की हड़ताल पर, निजीकरण का विरोध

 
फरीदाबाद: देश में इन दिनों एक मुद्दा चर्चा का विषय बना हुआ है वो है निजीकरण. ऐसे में सरकार बार बार निजीकरण नही करने केवल लोगों को सुविधाएं मिले के लिए निजी हाथों में देने की बात कह रही है. इसी को लेकर अब LIC के निजीकरण को लेकर भी का विरोध शुरू हो गया है. हरियाणा में LIC एजेंट एक दिन की हड़ताल कर विरोध जता रहे है.

सरकार बेच रही है ऑनलाइन पॉलिसी:
लाइफ इंश्योरेंस एजेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया के आह्वान पर हरियाणा के डेढ़ लाख से अधिक LIC एजेंट एक दिन की हड़ताल पर हैं. एजेंटों ने अपनी-अपनी शाखाओं में कामकाज बंद करके विरोध प्रदर्शन किया और सरकार पर शोषण करने का आरोप लगाया. उनका कहना है कि सरकार ऑनलाइन पॉलिसी बेचकर एजेंटों काे आर्थिक हानि पहुंचाने का काम कर रही है. कमीशन को दिन प्रतिदिन कम किया जा रहा है.

एजेंटों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए की नारेबाजी:
ग्रेजुएटी देने को सरकार तैयार नहीं है. मंगलवार को फरीदाबाद की 5 शाखाओं नीलम बाटा रोड, सेक्टर 31 शॉपिंग सेंटर, सेक्टर 16 ओल्ड फरीदाबाद, सेक्टर 12 हुडा कांप्लेक्स और स्टेट बैंक कांप्लेक्स बल्लभगढ़ में कार्यरत करीब 10 हजार एजेंटों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी की. एसोसिएशन के महासचिव ओमवीर सिंह एवं पवन पांचाल ने बताया कि अकेले फरीदाबाद में करीब 80 से एक लाख पॉलिसी होल्डर हैं.

LIC प्रबंधन पॉलिसी होल्डरों के डॉटा लेकर बेच रहा ऑनलाइन पॉलिसी:
अब LIC प्रबंधन सभी एजेंटों से पॉलिसी होल्डरों का डॉटा लेकर उनको ऑनलाइन नई-नई पॉलिसी बेचने में जुटा है. एजेंटों के बोनस साल दर साल कम किए जा रहे हैं. ग्रेजुएटी नहीं दी जा रही है. सरकार LIC को बेचकर निजीकरण को बढ़ावा देने में जुटी है. एसोसिएशन की मांग है कि ऑनलाइन पॉलिसी बेचना बंद किया जाए. महंगाई के हिसाब से एजेंट को बोनस मिले.

12 लाख एजेंटों के परिवार भुखमरी के कगार पर पहुंच जाएंगे:
ग्रेजुएटी और ग्रुप टर्म इंश्योरेंस पॉलिसी की व्यवस्था की जाए और निजीकरण को बंद किया जाए. देशभर में करीब 12 लाख एजेंट काम कर रहे हैं. यदि सरकार ने ऑनलाइन पॉलिसी बेचने को बढ़ावा दिया तो 12 लाख एजेंटों के परिवार भुखमरी के कगार पर पहुंच जाएंगे. 

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