मेरा लक्ष्य तो अर्जुन की तरह भाजपा को हराने का है: सचिन पायलट

FirstIndia Correspondent Published Date 2018/08/02 04:51

जयपुर। लीडरशिप के विवाद को लेकर पिछले दिनों कांग्रेस के दिग्गजों ने अपने बयानों से चुनाव से ठीक पहले पार्टी की खूब फजीहत कराई। लेकिन सीएम फेस विवाद पर पीसीसी चीफ सचिन पायलट का सीधा और सुलझा हुआ बयान आया है। पायलट ने कहा कि पार्टी में मुझे बहुत कम वक्त में बहुत कुछ मिला है। पार्टी किसी एक नेता के दम पर आगे नहीं बढी है इसमें सबका सामूहिक रोल रहा है। पायलट के कहा कि जब पार्टी 21 सीटों पर सिमट गई थी तब राहुल ने उस मुश्किल दौर में जिम्मेदारी दी थी। जबकी उस वक्त कईं बड़े बड़े नेता मौजूद थे। पायलट ने कहा कि मेरा लक्ष्य अर्जुन की तरह कांग्रेस की जीताना है। 

लालचंद कटारिया के अशोक गहलोत को सीएम फेस घोषित करने के बयान से मचा बवाल अब थमने के कगार पर है। हर कोई विदेश यात्रा से लौटते ही मामले में प्रदेशाध्यक्ष सचिन पायलट के रिएक्शन के इंतजार में था। पायलट ने मीडिया में तमाम घटनाक्रम पर बेहद ही सुलझे हुए नेता की तरह साफ और सुथरी प्रतिक्रिया देते हुए तमाम अटकलों पर ब्रेक लगाने की कोशिशें की। पायलट ने कहा कि मुझे तब पीसीसी चीफ बनाकर राहुल गांधी ने भेजा जब राजस्थान में आजादी के बाद कांग्रेस 21 सीटों पर सिमट गई थी। उस वक्त औऱ भी बड़े बड़े नेता थे लेकिन राहुल गांधी ने उन पर भरोसा नहीं जताते हुए मुझे यह जिम्मेदारी दी। अब मुझे तो इसका निर्वहन करना है। चाहे राह में कितनी ही अड़चने औऱ चुनौतियां आए। 

पायलट ने किसी का नाम लिए बगैरे स्पष्ट शब्दों में मैसेज देते हुए कहा कि जो आज बड़े बड़े नेता है। जिनको पार्टी में देश औऱ प्रदेश में बड़ी जगह मिली वो पार्टी के बदौलत मिली है। तो उन्हें पार्टी के हित में सोचना चाहिक क्योंकि आज जनता चाहती है कि कांग्रेस की सरकार बने। लिहाजा उन सब नेताओं को सकारात्मक भूमिका अब निभानी चाहिए। पायलट ने कहा कि 130 साल पुरानी कांग्रेस किसी एक व्यक्ति औऱ किसी एक नेता की पार्टी नहीं है। इसमें तमाम नेताओं का सामूहिक योगदान रहा है। सबने मिलकर काम किया तब जाकर पार्टी मजबूत हुई है। 

पायलट ने कहा कि रही बात किसी पद को तो कांग्रेस ने मुझे बहुत कम समय में मुझे बहुत कुछ दिया है। 26 की उम्र में मैं सांसद बन गया। 31 साल की आय़ु में सोनिया गांधी औऱ मनमोहन सिंह ने केन्द्र में मंत्री बना दिया। 35 साल में राज्य के पीसीसी चीफ की जिम्मेदारी दे दी। वो भी ऐसे वक्त जब राजस्थान में कांग्रेस हाशिए पर चल गई थी। लिहाजा अब मेरा लक्ष्य तो अर्जुन की तरह एकमात्र कांग्रेस पार्टी को जीताना औऱ भाजपा को हराने का है। अब वक्त पार्टी को देने का है। 

जाहिर सी बात है कि सचिन पायलट ने ऐसी बयान देकर अब इस विवाद को एक तरीके से दी एंड करने की कोशिश की है। साफ औऱ स्पष्ट शब्दों में सबको मैसेज भी दे दिया है कि आलाकमान औऱ पार्टी की क्या सोच है। बगैर किसी नेता के नाम लिए और सधी हुई टिप्पणी से पायलट ने सबकुछ क्लीयर कर दिया है। अब देखना होगा कि पायलट के बयान के क्या मायने निकाले जाएंगे औऱ अन्य नेता इसे किस तरह लेगी। 


 

First India News से जुड़े अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करे!
हर पल अपडेट रहने के लिए अभी डाउनलोड करें First India News Mobile Application
लेटेस्ट वीडियो के लिए हमारे YOUTUBE चैनल को विजिट करें

और पढ़ें

Most Related Stories

Stories You May be Interested in

राजस्थान में किसका दम ? | Big Fight

Rahul expresses regret in Supreme Court over his remarks on Rafale verdict^
क्या लाख कमाने के पश्चात भी आपके घर में बरकत नहीं रहती है ?... करें ये चमत्कारी उपाय
Sri Lanka: 8 serial blasts at Colombo hotels and churches kill more than 200
CM Gehlot addressed the public in support of Banaskantha Lok Sabha Congress candidate Prithvi Bhai
Multiple explosions rock Sri Lanka churches and hotels
जानिए मूलांक अनुसार आपका भविष्य | Good Luck Tips
Politicians, Industrialists attend Ramoji Rao granddaughter Keerthi Sohana's wedding