NCB के इरादे दुर्भावनापूर्ण हैं, लोगों को फंसाने के लिए चुनिंदा जानकारी लीक की जा रही: नवाब मलिक

NCB के इरादे दुर्भावनापूर्ण हैं, लोगों को फंसाने के लिए चुनिंदा जानकारी लीक की जा रही: नवाब मलिक

NCB के इरादे दुर्भावनापूर्ण हैं, लोगों को फंसाने के लिए चुनिंदा जानकारी लीक की जा रही: नवाब मलिक

मुंबई: महाराष्ट्र के मंत्री एवं राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के प्रवक्ता नवाब मलिक ने स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (एनसीबी) द्वारा कुछ हाई-प्रोफाइल लोगों के खिलाफ की गई छापेमारियों की पृष्ठभूमि में बृहस्पतिवार को आरोप लगाया कि एनसीबी के इरादे दुर्भावनापूर्ण है और वह लोगों को फंसाने के लिए चुनिंदा जानकारी लीक कर रहा है.

मलिक ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि उनके दामाद समीर खान एनसीबी द्वारा लगाए गए आरोप खारिज करने का अनुरोध करने के लिए उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाएंगे. खान को मादक पदार्थ संबंधी एक मामले में नौ महीने बाद हाल में जमानत दी गई. खान को कथित रूप से मादक पदार्थ के एक मामले में इस साल जनवरी में एनसीबी ने गिरफ्तार किया था. उन्हें पिछले महीने जमानत पर रिहा किया गया.

एनसीबी ने पिछले शनिवार मुंबई तट के पास एक क्रूज पर छापा मारा था और वहां से प्रतिबंधित मादक पदार्थ बरामद करने का दावा किया था. इस मामले में बॉलीवुड अभिनेता शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान को गिरफ्तार किया गया था. इसके अलावा एनसीबी ने पिछले साल अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की हत्या से जुड़े मादक पदार्थों के एक मामले और हाई-प्रोफाइल लोगों की संलिप्तता वाले मादक पदार्थों संबंधी कई मामलों में जांच की थी.मलिक ने पिछले सप्ताह आरोप लगाया था कि दो अक्टूबर को मुंबई के तट के पास क्रूज पोत पर एनसीबी की छापेमारी फर्जी थी और इस दौरान कोई नशीला पदार्थ नहीं मिला था.

मंत्री ने बुधवार को कहा था, एनसीबी के इरादे दुर्भावनापूर्ण हैं और वह लोगों को फंसाने के लिए केवल चुनिंदा जानकारी लीक कर रहा है.उन्होंने बताया कि एनसीबी की जांच को लेकर सवाल उठाने के बाद उन्हें धमकियां मिलने लगीं, जिसके बाद उनकी सुरक्षा बढ़ाई गई है.मलिक ने अपने दामाद खान की संलिप्तता वाले मामले में एनडीपीएस (राष्ट्रीय स्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ) की एक अदालत द्वारा दिए गए जमानत संबंधी आदेश का जिक्र करते हुए कहा कि नशीले पदार्थों के गिरोह का प्रथमदृष्ट्या कोई सबूत नहीं मिला है.

एनसीपी नेता ने कहा कि यह आश्चर्यजनक है कि एनसीबी जैसी एजेंसी स्वापक औषधि और मन-प्रभावी पदार्थ अधिनियम (एनडीपीएस) और तम्बाकू संबंधी सामग्रियों के अंतर्गत आने वाले मादक पदार्थों के बीच अंतर समझ नहीं सकती. राकांपा नेता ने कहा कि एनसीबी ने कहा कि (समीर खान की संलिप्तता वाले मामले में) गांजा जब्त किया गया था, लेकिन ऐसा कुछ नहीं था. मुझे जमानत संबंधी आदेश के बाद आज चीजें स्पष्ट करनी थी, क्योंकि भाजपा (भारतीय जनता पार्टी) क्रूज पार्टी को लेकर एनसीबी के फर्जी मामले पर मेरे सवाल उठाने के बाद से मेरे दामाद को लेकर मुझे निशाना बना रही है. मलिक ने आरोप लगाया कि एनसीबी के कारण उनके परिवार को भी मुश्किलों का सामना करना पड़ा है.(भाषा) 

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