Viral Video Case: जयपुर ग्रेटर नगर निगम में ACB की रेड, कई अधिकारी खंगाल रहे रिकॉर्ड 

Viral Video Case: जयपुर ग्रेटर नगर निगम में ACB की रेड, कई अधिकारी खंगाल रहे रिकॉर्ड 

Viral Video Case: जयपुर ग्रेटर नगर निगम में ACB की रेड, कई अधिकारी खंगाल रहे रिकॉर्ड 

जयपुर: राजाराम गुर्जर कथित वीडियो वायरल प्रकरण मामले में शुक्रवार को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने जयपुर ग्रेटर नगर निगम में रेड की. ACB के कई अधिकारी रिकॉर्ड खंगाल रहे है. निगम कमिश्नर से भी  ACB के अधिकारी मिले हैं. कथित डील प्रकरण को लेकर सबूत जुटा रहे  हैं. ACB ASP बजरंग सिंह नेतृत्व में कार्रवाई हुई है. कल ACB DG बीएल सोनी ने प्रसंज्ञान लिया था. 

ACB ने दर्ज की थी प्रारंभिक जांच की एक शिकायत:

इससे पहले राजस्थान में एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें जयपुर ग्रेटर नगर निगम की निलंबित महापौर सौम्या गुर्जर के पति राजाराम गुर्जर कथित तौर पर एक कंपनी को निगम की ओर से भुगतान की एवज में 10 प्रतिशत कमीशन पर बातचीत करते दिखाई दिए थे. इसके बाद भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने बृहस्पतिवार को प्रारंभिक जांच की एक शिकायत दर्ज की थी. मामला घर-घर कचरा संग्रहण में लगी बीवीजी कंपनी के भुगतान का है. नगर निगम की महापौर सौम्या गुर्जर और निगम के आयुक्त यज्ञमिश्र सिंह देव के बीच तकरार के पीछे मुख्य कारण भुगतान ही था. पिछले सप्ताह महापौर सौम्या गुर्जर के कक्ष में एक बैठक के दौरान कुछ पार्षदों द्वारा निगम के आयुक्त के साथ कथित तौर पर मारपीट की गई थी, जिसके बाद महापौर और तीन पार्षदों को अधिकारी के साथ दुर्व्यवहार और गालीगलोच के आरोप में निलंबित कर दिया गया था.

270 करोड़ रुपए के भुगतान का मामला:

बृहस्पतिवार को वायरल हुए वीडियो में कोई व्यक्ति जाहिर तौर पर बीवीजी कंपनी के प्रतिनिधि के रूप में कंपनी को 270 करोड़ रुपए का भुगतान जारी कराने की एवज में राजाराम को 10 प्रतिशत कमीशन की पेशकश करते हुए सुनायी दे रहा हैं. वीडियो अप्रैल में बनाया गया है. पीटीआई-भाषा इस वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है. भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के महानिदेशक बी एल सोनी ने बताया कि मामलें के एक प्रारंभिक जांच (पी ई) दर्ज की गई है. ब्यूरो में एफआईआर पंजीकृत होने से पूर्व सत्यापन के लिए प्रारंभिक जांच दर्ज की जाती है.

बीवीजी इंडिया लिमिटेड ने दिया स्पष्टीकरण:

वहीं दूसरी ओर बीवीजी इंडिया लिमिटेड ने स्पष्टीकरण देते हुए कहा कि कंपनी नगर निगम के भुगतान संबंधी ऐसी किसी बातचीत में शामिल नहीं हैं. कंपनी का दावा है कि इस वीडियो में दिखाई जा रही चर्चा सीएसआर फंड के तहत प्रताप गौरव केन्द्र को दिए जाने वाले सहयोग के बारे में हैं. उसी दौरान हुई बातचीत को गलत संदर्भ में जोड़ा जा रहा है. बीवीजी कंपनी के जयपुर परियोजना के प्रमुख ओंकार सप्रे ने कहा कि हमारा इस दौरान किसी संस्था या संस्था से जुड़े व्यक्ति के साथ लेन देन की कोई बात ना हुई ना कोई लेन देन हुआ. भाजपा नेताओं ने राजाराम गुर्जर का बचाव करते हुए कहा कथित वीडियो झूठा है. जयपुर सांसद रामचरण बोहरा सहित भाजपा नेताओं ने एक संयुक्त बयान में वायरल वीडियो की निंदा करते हुए कहा कि कांग्रेस की इस कुटिल चाल को राजस्थान की जनता कभी स्वीकार नहीं करेगी.

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