जयपुर Rajasthan Agriculture Budget 2022: दूध पर अनुदान राशि 5 रुपए करने की बड़ी घोषणा, उद्योगों के लिए अब 5 साल तक विभागों की मंजूरी की जरूरत नही

Rajasthan Agriculture Budget 2022: दूध पर अनुदान राशि 5 रुपए करने की बड़ी घोषणा, उद्योगों के लिए अब 5 साल तक विभागों की मंजूरी की जरूरत नही

Rajasthan Agriculture Budget 2022: दूध पर अनुदान राशि 5 रुपए करने की बड़ी घोषणा, उद्योगों के लिए अब 5 साल तक विभागों की मंजूरी की जरूरत नही

जयपुर: आज बजट के बाद मुख्यमंत्री अशोक गहलोत अब कृषि बजट पेश कर रहे हैं. सीएम गहलोत ने अपने पिछले साल के बजट भाषण में अलग से कृषि बजट पेश करने की घोषणा की थी. मुख्यमंत्री ने मंत्रियों और अधिकारियों ने किसानों, पशुधन श्रमिकों, डेयरी संघ के अधिकारियों और आदिवासी क्षेत्रों के किसानों के साथ भी बातचीत की है. किसानों की आय में वृद्धि और कम लागत पर अधिक उत्पादन कैसे करें. साथ ही, बजट में प्राकृतिक आपदाओं का सामना करने वाले किसानों की मदद कैसे की जाए, इस पर भी ध्यान दिया जाएगा. 

कृषि बजट में CM गहलोत की घोषणा:-
- रीको क्षेत्र में विकास शुल्क नहीं बढ़ेगा
- दूध पर अनुदान राशि ₹2 से ₹5 करने की बड़ी घोषणा
- उद्योगों के लिए अब 5 साल तक विभागों की मंजूरी की जरूरत नही
- RIPS का लाभ एक साल बढ़ाया
- राजसमंद जिले में 30 करोड़ की लागत से मिल्क प्लांट खोला जाएगा
- कृषि उत्पादों के निर्यात के लिए टेस्टिंग लैब स्थापित किए जाएंगे. 5 हजार किसानों को प्याज भंडारण के लिए 44 करोड़ का अनुदान मिलेगा.
- 2 साल में ग्राम पंचायत मुख्यालय पर gss स्थापना होगी
- ऊंट सरक्षण विकास नीति आएगी
- 5000 नए डेयरी बूथ खोले जाएंगे
- मिनी फूड पार्क और मिनी एग्रो पार्क बनाए जाने की बड़ी घोषणा
- नए कृषि कॉलेज खोलने की घोषणा
- सौर ऊर्जा आधारित सिंचाई परियोजनाओं पर विशेष ध्यान रहेगा. माही परियोजनाओं की नई वितरिकाओं पर 547 करोड़ खर्च होंगे. ग्रीन हाउस खेती के लिए 400 करोड़ की घोषणा.
- इंदिरा गांधी नहर की सभी पुरानी मोटरों की क्षमता विकसित होगी.
- पूर्वी राजस्थान नहर निगम के गठन की घोषणा
- 100 वाटर हार्वेस्टिंग एनिनिकट के काम होंगे
- बांसवाड़ा में बांधों का जीर्णोद्धार करवाया जाएगा
- पीपलखूंट हाई कैनाल परियोजना का चरण शुरू होगा
- 31 दिसंबर 12 से विद्युत कनेक्शन की 9 वर्ष से अधिक की पेंडेंसी को लगभग 338000 विद्युत कनेक्शन आवेदन एक साथ खत्म करने के लिए आगामी 22 फरवरी से तक के सभी आवेदन  विद्युत कनेक्शनों को 2 साल में जारी किया जाएगा
- अनार के लिए बाड़मेर, जालौर; संतरे के लिए झालावाड़, भीलवाड़ा; टमाटर, आंवले के लिए जयपुर, अलवर, धौलपुर, करौली में प्रोसेसिंग यूनिट शुरू की जाएंगी इसमें 50 फ़ीसदी तक अनुदान दिया जाना प्रस्तावित है. 
- आगामी 3 साल में 1 लाख किसानों को 60% अनुदान मिलेगा जिसमें 500 करोड़ खर्च होंगे
- 50 करोड़ का अनुदान मिलेगा किसानों को मधुमक्खी पालन के लिए
- 1000 ड्रोन उपलब्ध कराए जाएंगे जिसमें ₹40 हजार करोड़ का खर्च प्रस्तावित
- किसानों को ड्रोन तकनीक के इस्तेमाल के लिए तैयार किया जाएगा
- किसानों को महंगे यंत्र मुहैया कराने की दृष्टि से जी एस एस और  एफ पी ओ के जरिए 1500 कस्टम हायर सेंटर स्थापित करने की घोषणा.
- 400 करोड़ रुपए की राशि से अगले 2 सालों में किसानों को 150 करोड़ का अनुदान दिया जाएगा.
- Fpo को 1000 ड्रोन दिए जाएंगे टिड्डियों के लिए
- समस्त बकाया बिजली कनेक्शन दिए जाएंगे
- 60000 किसानों को कृषि यंत्रों पर अनुदान मिलेगा
- एक लाख किसानों को सोलर पम्प के लिए 500 करोड़ का अनुदन मिलेगा
- राजस्थान भूमि उर्वरकता मिशन शुरू होगा
- इसमें 15000 किसानों को लाभान्वित करने के लिए 100 करोड़ की लागत से 2 साल में फल बगीचे विकसित करने के लिए किसानों को अनुदान दिया जाएगा
- 3 लाख पशुपालकों को हरा चारा के बीज मिनिकिट उपलब्ध कराए जाएंगे
- औषधीय पौधों की बढ़ोतरी को विकसित किया जाएगा
- मसाला फसलों का 3000 हेक्टेयर क्षेत्र में विकास करवाया जाएगा
- 7 हजार किसानों को कृषि सयंत्रों पर 150 करोड़ का अनुदान मिलेगा
- कृषि सयंत्र खरीदने के लिए हर साल 5 हजार रुपए दिए जाएंगे
- मुख्यमंत्री जैविक खेती मिशन शुरू होगा
- राजस्थान ऑर्गेनिक फार्मिंग मिशन शुरू होगा
- संभाग मुख्यालयों पर माइक्रो इरिगेशन का सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनेगा
- मुख्यमंत्री कृषक योजना 2000 करोड़ से 5000 करोड़ की होगी
- एमएस स्वामीनाथन के कथन के साथ की शुरुआत
 

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