Rajasthan Tourism: इन जगहों पर उठाएं मॉनसून का लुत्फ

Rajasthan Tourism: इन जगहों पर उठाएं मॉनसून का लुत्फ

Rajasthan Tourism: इन जगहों पर उठाएं मॉनसून का लुत्फ

जयपुर: सावन का महिना और राजस्थान के शाही महलों के राजसी ठाठ बाठ अपने आप में अनेक गहराईयां छुपाए हुए हैं. ऐसे में अगर आप भी मॉनसून में घूमने जाने का प्लान बना रहे है तो राजस्थान की खुबसुरती आपका मन मोह लेगी. यहां पर आपको घूमने के लिए कई बेहतरीन जगहें मिल जाएंगी. खासतौर से, यहां पर कई बेहतरीन मंदिर और किले मौजूद हैं, जो न सिर्फ भारतीयों को बल्कि विदेशी सैलानियों के भी आकर्षण का मुख्य केन्द्र हैं.

प्राकृतिक सुंदरता और महान इतिहास से समृद्ध भारत का राज्य राजस्थान पर्यटकों को अपनी ओर खींच ही लाता है. अगर आप भी इस बार मॉनसून में राजस्थान घूमने का मन बना रहे हैं, तो इन जगहों पर घूमना न भूलें− 

जयपुर:
राजस्थान राज्य की राजधानी जयपुर की स्थापना 1727 में कछवाहा राजपूत शासक सवाई जयसिंह द्वितीय द्वारा की गई थी, जो अंबर के शासक थे. इसकी इमारतों के गुलाबी रंग के कारण जयपुर को (पिंक सिटी ऑफ़ इंडिया के नाम से भी जाना जाता है. इस शहर की योजना वैदिक वास्तु शास्त्र (भारतीय वास्तुकला) के अनुसार की गई थी. 2008 के कॉनडे नास्ट ट्रैवलर रीडर्स चॉइस सर्वे में, जयपुर को एशिया में घूमने के लिए सर्वश्रेष्ठ स्थानों में से सातवां स्थान दिया गया था. 

जयपुर में घूमने की जगह: यहां आकर आप फेमस सिटी पैलेस, हवामहल, नाहरगढ़ का महल, आमेर का किला, जलमहल, पिंक सिटी का बाजार, बिरला मंदिर, मोती डुंगरी मंदिर, गोंविद देव जी मंदिर, जयगढ़ किला देखें. और जयपुर के खुबसुरत नजारों का आंनद ऊठाए. 

उदयपुर:
उदयपुर का झीलों का शहर भी कहा जाता है. यह शहर मेवाड़ के सिसोदिया राजपूतों की राजधानी था और अपने महलों के लिए प्रसिद्ध है जो राजपुताना शैली की वास्तुकला की भव्यता का प्रतीक है. उदयपुर की स्थापना 1553 में सिसोदिया राजपूत शासक महाराणा उदय सिंह द्वितीय ने की थी. आज यहां पर अधिकांश महलों को होटलों में बदल दिया गया है और दूर−दूर से लोग इन होटलों में आकर एक राजसी अनुभव करना चाहते हैं.

उदयपुर में घूमने की जगह हैं: सिटी पैलेस, पिछोला झील,  लेक पैलेस, लेक गार्डन पैलेस, रॉयल विंटेज कार संग्रहालय, बागोर की हवेली, सहेलियों की बाड़ी, जगदीश मंदिर, शिल्पग्राम, मोती मगरी. 

जोधपुर:
जोधपुर न सिर्फ राजस्थान का दूसरा सबसे बड़ा शहर है, बल्कि यह जयपुर के बाद राजस्थान का दूसरा सबसे अधिक आबादी वाला शहर भी है. शहर की स्थापना 1459 में राठौड़ राजपूत शासक, मारवाड़ के राव जोधा सिंह द्वारा की गई थी. जोधपुर को सन सिटी भी कहा जाता है. इसे पश्चिमी राजस्थान का सबसे महत्वपूर्ण शहर माना जाता है क्योंकि यह भारत−पाकिस्तान सीमा से केवल 250 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है. जोधपुर एक महत्वपूर्ण पर्यटन स्थल भी है. यहां पर आने वाले सैलानियों के लिए देखने के लिए बहुत कुछ है. 

जोधपुर के पर्यटन स्थल: मेहरानगढ़ का किला, उम्मेद भवन पैलेस, जसवंत थड़ा, मंडोर गार्डन, कायलाना झील, राव जोधा डेजर्ट रॉक पार्क ,घंटाघ, चामुंडा माता मंदिर, बालसमंद झील, मसुरिया हिल्स गार्डन आदि. 

बीकानेर:
बीकानेर शहर की स्थापना राठौर राजपूत शासक राव बीका द्वारा 1488 में की गई थी. राव बीका राठौड़ शासक राव जोधा के पुत्र थे जिन्होंने जोधपुर की स्थापना की थी. आज बीकानेर एक और प्रमुख पर्यटन स्थल है और अपनी मिठाइयों और स्नैक्स के लिए प्रसिद्ध है. यह स्थान मुख्यतरू रूप से अपने किलों और भोजन के लिए जाना जाता है. यदि आप राजस्थानी व्यंजनों का वास्तविक स्वाद उठाना चाहते हैं तो यह इस शहर में जरूर घूमने जाएं. बीकानेर में कई तरह के मेलों का आयोजन किया जाता है, जिसमंे शामिल होने के लिए सिर्फ भारत ही नहीं, दुनियाभर से आगंतुक आते हैं. 

बीकानेर की प्रसिद्ध जगह: जूनागढ़ का किला, लालगढ़ पैलेस, श्री लक्ष्मीनाथ मंदिर, गंगा सिंह संग्रहालय, सादुल सिंह संग्रहालय, जैन मंदिर, ताली जैन. 

अजमेर: 
अरावली पर्वतमाला से घिरा हुआ अजमेर शहर राजस्थान के खूबसूरत पर्यटक स्थलों में से एक हैं. अजमेर दक्षिण-पश्चिम से 130 किमी और पुष्कर शहर से सिर्फ 14 किमी दूर स्थित है. अपनी धार्मिक परंपराओं और संस्कृतिक महत्व को मजबूती से निभाता हुआ अजमेर शहर पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ हैं. अजमेर हिंदुओं और मुसलमानों दोनों के लिए एक तीर्थस्थल होने के अलावा, एक लोकप्रिय पर्यटक स्थल भी है जो सदियों से चली आ रही लोकाचार और शिल्प कौशल कला में पारंगत हैं. अजमेर में मनाए जाने वाले “उर्स त्यौहार” के दौरान संत मोइनुद्दीन चिश्ती की पुण्यतिथि के उपलक्ष्य के अवसर पर दुनिया भर से पर्यटक आते हैं. 

अजमेर में घुमने की जगह: अजमेर शरीफ की मजार, तारागढ़ फोर्ट, अढ़ाई दिन का झोपड़ा, किशनगढ़ किला, अकबरी मस्जिद अजमेर, अकबर का महल और संग्रहालय, फोर्ट मसूदा अजमेर, सोनी जी की नसियां अजमेर, नारेली जैन मंदिर अजमेर, फॉय सागर झील अजमेर, आनासागर झील अजमेर. 

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