राज्यसभा की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित, सत्र में हुआ 90 फीसदी कामकाज 

राज्यसभा की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित, सत्र में हुआ 90 फीसदी कामकाज 

 राज्यसभा की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित, सत्र में हुआ 90 फीसदी कामकाज 

नई दिल्ली: राज्यसभा की कार्यवाही बृहस्पतिवार को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गई तथा बजट सत्र के दौरान उच्च सदन में कुल 90 प्रतिशत कामकाज हुआ. राष्ट्रीय अवसंरचना और विकास वित्त-पोषण बैंक विधेयक, 2021 पारित होने और सेवानिवृत्त हो रहे तीन सदस्यों को विदाई देने के बाद सभापति एम वेंकैया नायडू ने सदन की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित किए जाने की घोषणा की. इससे पहले, बजट सत्र के दौरान राज्यसभा में हुए कामकाज का लेखाजोखा प्रस्तुत करते हुए नायडू ने कहा कि सत्र में सदन में 90 प्रतिशत कामकाज हुआ जबकि व्यवधान के चलते लगभग 21 घंटे बर्बाद हुए.

उन्होंने बताया कि सत्र के पहले चरण में कामकाज 99.6 फीसदी रहा जबकि दूसरे चरण में यह 85 फीसदी रहा. उन्होंने बताया कि इस दौरान वित्त और विनियोग विधेयक सहित कुल 19 विधेयक पारित हुए. नायडू ने कहा कि जून 2019 के बाद से सदन के कामकाज में वृद्धि हुई है. इसके परिणमस्वरूप पिछले चार सत्रों के दौरान कुल 94 प्रतिशत कामकाज हुआ. इसके लिए उन्होंने सदस्यों का धन्यवाद किया और कहा कि बगैर उनके सहयोग के यह संभव नहीं था.

इस अवसर पर सभापति ने समिति की बैठकों में सदस्यों की अनुपस्थिति का भी जिक्र किया और सभी दलों के नेताओं से सदस्यों की उपस्थिति सुनिश्चित करने व समिति की बैठकों को गंभीरता से लेने का आग्रह किया. एक बार फिर कोविड-19 के बढ़ते मामलों पर चिंता जताते हुए उन्होंने सदस्यों और देश की जनता से संबंधित दिशा-निर्देशों का पालन करने का अनुरोध किया. साथ ही उन्होंने पात्र लोगों से टीका लगवाने का भी आग्रह किया. उन्होंने कहा कि यह राज्यसभा का दूसरा सत्र है जो कोविड-19 महामारी के साए में और बचाव के सारे उपायों के साथ संपन्न हुआ.

सभापति ने बताया कि राष्ट्रपति के अभिभाषण और बजट पर सदन में गुणवत्तापूर्ण चर्चा हुई. अभिभाषण पर चार दिनों तक चली चर्चा में 50 सदस्यों ने हिस्सा लिया जबकि बजट पर तीन दिनों तक चर्चा चली और कुल 45 सदस्यों ने भागीदारी की. सदन की कार्यवाही के दौरान शून्य काल के दौरान लोक महत्व के कुल 273 मुद्दे उठाए गए. बजट सत्र के दूसरे चरण की बैठक आठ अप्रैल तक प्रस्तावित थी और इस दौरान कुल 33 बैठकें होनी थी लेकिन निर्धारित समय से पहले ही आज सत्रावसान हो रहा है. इस दौरान कुल 23 बैठकें हुई.

उल्लेखनीय है कि बजट सत्र की शुरुआत 29 जनवरी को राष्ट्रपति के अभिभाषण से हुई थी और एक फरवरी को आम बजट पेश किया गया था. बजट सत्र का पहला हिस्सा 27 फरवरी को संपन्न होना था किंतु यह 12 फरवरी को संपन्न हुआ. बजट सत्र का दूसरा चरण 8 मार्च से शुरू हुआ और यह 8 अप्रैल को समाप्त होना निर्धारित किया गया था लेकिन इसे आज ही अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दिया गया. इस सत्र में 19 विधेयकों को चर्चा कर पारित किया गया. इनमें वित्त विधेयक, 2021, खान और खनिज (विकास और विनियमन) संशोधन विधेयक, 2021, संविधान (अनुसूचित जातियां) आदेश संशोधन विधेयक, 2021, बीमा (संशोधन) विधेयक, 2021, दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र शासन (संशोधन) विधेयक, 2021 और नौचालन के लिए सामुद्रिक सहायता विधेयक, 2021 प्रमुख हैं. सत्र के दौरान राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा की गई. साथ ही आम बजट 2021-22 तथा जम्मू कश्मीर एवं पुडुचेरी से जुड़ी अनुदान की मांगों को चर्चा के बाद लोकसभा को लौटा दिया गया. (भाषा)

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