पाकिस्तान के खिलाफ सरहदी गांव के ग्रामीणों में आक्रोश

Suryaveer Singh Tanwar Published Date 2019/02/20 03:31

जैसलमेर। पुलवामा में आतंकी हमले में जवानों की शहादत के बाद उपजे तनाव और सरहद पर सैन्य हलचल से सरहदी ग्रामीण क्षेत्रों भी अछूते नहीं है, यहां तैनात जवानों की जुबा खामोश है लेकिन आंखों में आग है। सीमा सुरक्षा बल के जवान तारबंदी के उस पार मामूली हलचल पर भी पैनी नजर कड़ाई है। लेकिन सरहद पर बसे सभी ग्रामीण अब आर-पार की लड़ाई के मूड में है। 

सरहदी गांव के लोग कहते हैं कि इस बार वह सेना के कंधे से कंधा मिलाकर युद्ध करने को तैयार हैं और युद्ध हुआ तो पीछे नहीं हटेंगे। पुलवामा आतंकी हमले के बाद देश की पश्चिमी सीमा के आखिरी गांव तक आंखों में गुस्सा है। सामने पाकिस्तान की ओर देख कर कहते हैं कि इसकी तो अकल ठिकाने लगाने चाहिए युद्ध की किसको परवाह है।

वर्ष 1965 और 1971 में पाक को घर में घुसकर मारा था। हम ना हारे हैं और ना हारेंगे सीमावर्ती गांव के ग्रामीणों का इन दिनों यही कहने को मिल रहा है ग्रामीणों का कहना है कि भारत का जवाब अब सिर्फ दो टूक में देना चाहिए। 

First India News से जुड़े अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करे!
हर पल अपडेट रहने के लिए अभी डाउनलोड करें First India News Mobile Application
लेटेस्ट वीडियो के लिए हमारे YOUTUBE चैनल को विजिट करें

और पढ़ें

Most Related Stories

Stories You May be Interested in

KESARI WEEKEND BOX OFFICE COLLECTION | FIRST INDIA NEWS^

सोनिया गांधी के आवास पर CEC की बैठक
जेट एयरवेज के चेयरमैन नरेश गोयल और उनकी पत्नी ने बोर्ड की सदस्यता से दिया इस्तीफा
राहुल गाँधी की घोषणा \'हर गरीब को मिलेंगे 72 हजार रुपये\'
कांग्रेस ने जारी की 40 स्टार प्रचारकों की सूची, सूची में गहलोत, पायलट और विश्वेन्द्र सिंह शामिल
दिल्ली में कांग्रेस वर्किंग कमेटी की बैठक संपन्न, कई अहम मुद्दों को लेकर हुई चर्चा
बीजेपी कोर कमेटी की दिल्ली में बैठक, राजस्थान में बची 9 सीटों पर मंथन
यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ का मथुरा दौरा, योगी ने किए बांके बिहारी जी के दर्शन