पेट्रोल, डीजल अभी जीएसटी के दायरे में नहीं आएंगे, बायोडीजल पर लगेगा 5 प्रतिशत कर: सीतारमण

पेट्रोल, डीजल अभी जीएसटी के दायरे में नहीं आएंगे, बायोडीजल पर लगेगा 5 प्रतिशत कर: सीतारमण

 पेट्रोल, डीजल अभी जीएसटी के दायरे में नहीं आएंगे, बायोडीजल पर लगेगा 5 प्रतिशत कर: सीतारमण

लखनऊ: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को कहा कि माल एवं सेवा कर (जीएसटी) परिषद ने पेट्रोल और डीजल को फिलहाल जीएसटी के दायरे में नहीं लाने का निर्णय किया है. जीएसटी परिषद की यहां हुई 45वीं बैठक के बाद संवाददाता सम्मेलन में उन्होंने यह भी कहा कि डीजल में मिलाये जाने वाले बायोडीजल पर जीएसटी दर को 12 प्रतिशत से घटाकर पांच प्रतिशत कर दिया गया है.

सीतारमण ने जीएसटी परिषद की बैठक में किये गये फैसलों की जानकारी देते हुए कहा कि जीएसटी परिषद का मानना है कि यह समय पेट्रोलियम पदार्थों को माल एवं सेवा कर के दायरे में लाने का नहीं है. उन्होंने कहा कि जीएसटी परिषद ने कोविड उपचार में उपयोग होने वाली दवाओं पर लागू रियायती जीएसटी दरों का समय 31 दिसंबर, 2021 तक बढ़ा दिया है. परिषद ने कैंसर के इलाज में इस्तेमाल की जाने वाली दवाओं पर कर दर को 12 प्रतिशत से घटाकर पांच प्रतिशत करने का भी निर्णय किया है.

इसके अलावा, माल ढुलाई वाहनों के परिचालन के लिये राज्यों द्वारा वसूले जाने वाले राष्ट्रीय परमिट शुल्क से छूट देने का फैसला किया गया है.सीतारमण ने कहा कि परिषद ने जूता-चप्पल और कपड़ों पर एक जनवरी, 2022 से उल्टा शुल्क ढांचे (कच्चे माल पर कम और तैयार माल पर अधिक शुल्क) को ठीक करने को लेकर सहमति जताई है. उन्होंने कहा कि कलम पर 18 प्रतिशत की एकल दर से जीएसटी जबकि विशिष्ट नवीकरणीय ऊर्जा उपकरणों पर 12 प्रतिशत माल एवं सेवा कर लगाने का निर्णय किया गया है. परिषद  द्वारा लिये गये एक अन्य फैसले में कहा गया है कि स्विगी और जोमैटो जैसी ई-वाणिज्य इकाइयां उनके जरिये आपूर्ति की जाने वाली रेस्तरां सेवा पर जीएसटी का भुगतान करेंगी, यह कर डिलिवरी बिंदु पर वसूला जाएगा.

और पढ़ें