ओम बिरला बोले, सदन में लोकतांत्रिक,नैतिक मानदंडों व नियमों का कड़ाई से अनुपालन सभी सदस्यों का दायित्व

ओम बिरला बोले, सदन में लोकतांत्रिक,नैतिक मानदंडों व नियमों का कड़ाई से अनुपालन सभी सदस्यों का दायित्व

नई दिल्ली: लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने शनिवार को कहा कि सभी सदस्यों का यह दायित्व है कि सदन में लोकतांत्रिक और नैतिक मानदंडों तथा नियमों का कड़ाई से अनुपालन किया जाए क्योंकि सभी का लक्ष्य लोकतंत्र को सुदृढ़ करना है. संसद के बजट सत्र का पहला हिस्सा पूरा होने पर बिरला ने संवाददाताओं से कहा कि बजट सत्र, 2021 के पहले चरण के दौरान लोक सभा ने 50 घंटे की निर्धारित अवधि की तुलना में 49 घंटे और 17 मिनट बैठकें कीं.

अंतत: हमारा लक्ष्य लोकतंत्र को सुदृढ़ करना:
सदन में व्यवधान के कारण कार्यवाही बाधित होने को लेकर एक सवाल के जवाब में लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि अंतत: हमारा लक्ष्य लोकतंत्र को सुदृढ़ करना है. इसलिए यह सुनिश्चित करना सभी सदस्यों का दायित्व है कि सदन में लोकतांत्रिक और नैतिक मानदंडों तथा नियमों का कड़ाई से अनुपालन किया जाए. उन्होंने कहा कि व्यवधान के कारण व्यर्थ हुए समय की भरपाई करने के लिए लोकसभा ने निर्धारित समय से अधिक घंटों तक बैठकें कीं. उल्लेखनीय है कि बजट सत्र के पहले हिस्से में शुरूआती सप्ताह में चार दिन तीन कृषि कानूनों को रद्द करने की मांग को लेकर विपक्षी दलों के शोर शराबे के कारण कामकाज बाधित रहा था.

राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा 16 घंटे 39 मिनट चली:
बिरला ने कहा कि राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा 16 घंटे 39 मिनट चली और इस चर्चा में 130 सदस्यों ने भाग लिया. लोकसभा अध्यक्ष ने बताया कि केंद्रीय बजट, 2021-2022 पर आम चर्चा के लिए नियत 10 घंटों की तुलना में निचले सदन ने इस मद पर 14 घंटे 40 मिनट चर्चा की. उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट, 2021-2022 पर आम चर्चा में 117 सदस्यों ने भाग लिया. 173 सदस्यों ने शून्य काल की चर्चाओं में भाग लिया. उन्होंने कहा कि शून्य काल के दौरान सदस्यों ने अविलंबनीय लोक महत्व के अनेक मामले उठाए और व्यवधान के कारण लोसभा के केवल 43 मिनट बर्बाद हुए.

बजट पर चर्चा में 49 महिला सांसदों ने लिया भाग:
बिरला ने कहा कि राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव और बजट पर चर्चा में 49 महिला सांसदों ने भाग लिया. लोकसभा अध्यक्ष ने सभा की कार्यवाहियों में महिला सांसदों की भागीदारी और उनके उत्साह की सराहना की. उन्होंने कहा कि बजट सत्र, 2021 का पहला चरण बहुत ही कार्योत्पादक रहा. गौरतलब है कि संसद के बजट सत्र का प्रथम हिस्सा 29 जनवरी से शुरू हुआ. लोकसभा की कार्यवाही 13 फरवरी तक चली. बजट सत्र का दूसरा हिस्सा 8 मार्च से शुरू होगा. (भाषा) 

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