निर्भया के दोषियों की फांसी का रास्ता साफ, जानें मामले में क्या हुआ अब तक

Nizam Kantaliya Published Date 2020/01/14 17:48

नई दिल्ली: निर्भया गैंगरेप और हत्या के केस में सुप्रीम कोर्ट ने दोषी विनय और मुकेश की ओर से दायर क्यूरेटिव पिटिशन को खारिज कर दिया. इसके साथ ही इस मामले में दोषी घोषित किए जा चुके चारों दोषियों की फांसी की सजा का रास्ता साफ हो चुका है. जस्टिस एनवी रमना की अध्यक्षता में 5 सदस्य बैंच ने ये फैसला सुनाया है. बैंच में जस्टिस रमन्ना के साथ जस्टिस अरुण मिश्रा, जस्टिस रोहिंटन फली नरीमन, जस्टिस आर. भानुमति और जस्टिस अशोक भूषण शामिल रहे. 

गौरतलब है की पटियाला हाउस कोर्ट ने निर्भया गैंगरेप केस के चारों दोषियों का डेथ वारंट जारी किया था. कोर्ट ने इस मामले में चार दोषियों को 22 जनवरी की सुबह सात बजे फांसी देने का समय तय किया है. बीते दिनों तिहाड़ जेल में डमी ट्रायल भी हुआ. दोषियों को उत्तर प्रदेश का पवन जल्लाद फांसी के फंदे पर लटकाएगा.

मामले में क्या हुआ अब तक:
16 दिसंबर, 2012 को निर्भया के साथ बेहरमी से गैंगरेप किया गया था. इलाज के दौरान निर्भया की मौत हो गई थी. इसके बाद सभी छह आरोपियों को गिरफ्तार कर दुष्कर्म और हत्या का मामला दर्ज किया गया था. आरोपियों में से एक नाबालिग था, जोकि एक किशोर (जुवेनाइल) अदालत के सामने पेश किया गया. वहीं एक अन्य आरोपी ने तिहाड़ जेल में आत्महत्या कर ली थी. बाकी बचे चार दोषियों को सितंबर 2013 में एक ट्रायल कोर्ट ने मौत की सजा सुनाई थी और मार्च 2014 में दिल्ली हाईकोर्ट ने भी इस सजा को बरकरार रखा. इसके बाद मई 2017 में सुप्रीम कोर्ट ने भी सजा में कोई बदलाव नहीं किया और अदालत ने दोषियों की पुनर्विचार याचिकाओं को भी खारिज कर दिया था. 

First India News से जुड़े अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करे!
हर पल अपडेट रहने के लिए अभी डाउनलोड करें First India News Mobile Application
लेटेस्ट वीडियो के लिए हमारे YOUTUBE चैनल को विजिट करें

और पढ़ें

Most Related Stories

Stories You May be Interested in