वाशिंगटन अमेरिकी सीनेट ने बजट विधेयक को दी मंजूरी, उपराष्ट्रपति कमला हैरिस का वोट रहा निर्णायक

अमेरिकी सीनेट ने बजट विधेयक को दी मंजूरी, उपराष्ट्रपति कमला हैरिस का वोट रहा निर्णायक

अमेरिकी सीनेट ने बजट विधेयक को दी मंजूरी, उपराष्ट्रपति कमला हैरिस का वोट रहा निर्णायक

वाशिंगटन: अमरिका में संसद के ऊपरी सदन सीनेट ने शुक्रवार को बजट प्रस्ताव को मंजूरी दे दी और विधेयक को पारित कराने में उपराष्ट्रपति कमला हैरिस का वोट निर्णायक साबित हुआ. इस बजट में राष्ट्रपति जो बाइडन की 1.9 ट्रिलियन डॉलर की कोरोना वायरस राहत योजना का भी प्रावधान किया गया है. रिपब्लिकन पार्टी के सांसदों ने इसका समर्थन नहीं किया. 

विधेयक के पारित होने के बाद कोविड-19 राहत योजना का रास्ता साफः
उपराष्ट्रपति कमला हैरिस द्वारा तड़के साढ़े पांच बजे 50 मतों के मुकाबले 51 मतों से बजट प्रस्ताव को मंजूरी दिए जाने की घोषणा के बाद डेमोक्रेट सांसदों ने सदन में हर्ष व्यक्त किया. इससे पहले, रात्रिकालीन सत्र में इसके संशोधनों पर भी मतदान हुआ जिसमें कोविड-19 मदद विधेयक की रूपरेखा रखी गई. बजट को फिर से प्रतिनिधि सभा में पेश किया जाएगा जहां सीनेट में किए गए संशोधनों पर मंजूरी लेनी होगी. विधेयक के पारित होने के बाद देश में कोविड-19 राहत योजना का मार्ग प्रशस्त हो जाएगा.

बाइडन प्रशासन ने राहत पैकेज के लिए तेजी से कदम उठाएः
सीनेट में बहुमत के नेता चक शूमर ने देश को सुधार की दिशा में पटरी पर लाने के लिए इसे ‘‘पहला बड़ा कदम’’ बताया. डेमाक्रेटिक पार्टी का लक्ष्य इस योजना को मार्च तक लागू कर देना है क्योंकि उस समय तक कई लोगों के बेरोजगारी भत्ते और महामारी के संबंध में मदद की योजनाएं निलंबित हो जाएंगी. नए प्रशासन ने राहत पैकेज के लिए तेजी से कदम उठाए हैं.

प्रतिनिधि सभा की समितियों के अध्यक्षों के साथ मुलाकात करेंगे बाइडनः
बाइडन ने पैकेज पर चर्चा के लिए हालिया दिनों में कई सांसदों से मुलाकात की थी. वह शुक्रवार को व्हाइट हाउस में प्रतिनिधि सभा की समितियों के अध्यक्षों के साथ मुलाकात करेंगे. बाइडन अर्थव्यवस्था पर शुक्रवार को बयान भी जारी कर सकते हैं इससे संसद को उनके राहत पैकेज पर कदम उठाने के लिए दबाव बनेगा.

कोरोना महामारी के लिए राष्ट्रपति ने बनाया मार्च तक राहत पैकेज लागू कर देने का लक्ष्यः
कोरोना वायरस के कारण मौत के बढ़ते मामलों के बीच राष्ट्रपति ने मार्च तक राहत पैकेज लागू कर देने का लक्ष्य बनाया है. पैकेज के लागू होने से बेरोजगारों को सहायता मिल सकेगी और लोगों को अन्य भत्ते भी मिलेंगे. टीका के वितरण पर रकम का भी प्रावधान होगा और जरूरतमंद परिवारों को सीधे रकम हस्तांतरित की जाएगी. स्कूलों को खोलने और कारोबार को आगे बढ़ाने के लिए भी इससे मदद मिलेगी.
सोर्स भाषा

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