अहमदाबाद उंगली की चोट के बाद वाशिंगटन सुंदर की वापसी, बोले- चुनौतियां थी लेकिन मेरा एकमात्र लक्ष्य एक खिलाड़ी के तौर पर निखरना था

उंगली की चोट के बाद वाशिंगटन सुंदर की वापसी, बोले- चुनौतियां थी लेकिन मेरा एकमात्र लक्ष्य एक खिलाड़ी के तौर पर निखरना था

उंगली की चोट के बाद वाशिंगटन सुंदर की वापसी, बोले- चुनौतियां थी लेकिन मेरा एकमात्र लक्ष्य एक खिलाड़ी के तौर पर निखरना था

अहमदाबाद: ऊंगली की चोट के कारण पांच महीने क्रिकेट से दूर रहना वाशिंगटन सुंदर के लिये कष्टकारी था लेकिन तमिलनाडु के इस आफ स्पिनर ने कहा कि जबरन मिले इस ब्रेक का इस्तेमाल उन्होंने एक खिलाड़ी के तौर पर खुद को निखारने के लिये किया . सुंदर टी20 विश्व कप नहीं खेल सके थे लेकिन सीमित ओवरों में रविचंद्रन अश्विन के औसत फॉर्म और टीम से बाहर किये जाने के बाद उनकी वापसी हुई . उन्होंने वेस्टइंडीज के खिलाफ पहले वनडे में 30 रन देकर तीन विकेट लिये .

सुंदर ने मैच के बाद प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि काफी चुनौतियां थी लेकिन मैं वही कर सकता था जो मेरे हाथ में था . मैं एक खिलाड़ी और इंसान के तौर पर बेहतर होना चाहता था . उन्होंने कहा कि बीते दो बरस में उन्हें अनुमान हो गया है कि गतिरोध आयेंगे लेकिन उनका सामना करना खुद सीखना होगा . टी20 विश्व कप से बाहर रहने के बाद कोरोना संक्रमण के कारण वह दक्षिण अफ्रीका दौरे से भी चूक गए . सुंदर ने कहा कि मैने पिछले दो साल में समझ लिया है कि चुनौतियां हमेशा रहेंगी लेकिन मुझे उनका सामना करना सीखना होगा . उन्होंने कहा कि इस साल के आखिर में टी20 विश्व कप और अगले साल वनडे विश्व कप होना है और उनका फोकस इन दोनों पर रहेगा . 

उन्होंने कहा कि विश्व कप खेलने का मौका गंवाना काफी निराशाजनक था लेकिन अगले 15 . 16 महीने में दो विश्व कप होने है और मेरा फोकस उन्हीं पर है . पहले वनडे के बारे में उन्होंने कहा कि विजय हजारे ट्रॉफी में पावरप्ले के ओवरों में गेंदबाजी का उन्हें फायदा मिला . उन्होंने कहा कि पिछले कुछ साल से मैं यह कर रहा हूं . अब नयी गेंद से पावरप्ले में गेंद डालने में मजा आ रहा है . विजय हजारे ट्रॉफी से अलग अलग हालात में गेंदबाजी करने में मदद मिली . सोर्स- भाषा

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