अब सरकार की फाइलों में पहुंचा अकबर-प्रताप की महानता का विवाद

Madan Kalal Published Date 2019/01/24 06:16

जयपुर। प्रदेश में विधानसभा चुनाव के बाद सत्ता परिवर्तन होने और कांग्रेस की सरकार का गठन होने के बाद स्कूली शिक्षा के पाठ्यक्रम में महाराणा प्रताप और अकबर की महानता के संदर्भ में विवाद का जिन्न अब सरकारी फाइलों में पहुंच गया है। इस संदर्भ में अब शिक्षा विभाग की ओर से भाजपा की सरकार में पाठ्यक्रम में किए गए बदलाव का विवरण जुटाया जा रहा है, वहीं अफसर ये खंगालने में लगे हैं कि वास्तविक स्थिति क्या है। ऐसे में अब स्कूली पाठ्यक्रम की अन्य किताबें भी जांच के दायरे में आ रही है।

जानकारी के मुताबिक, स्कूली शिक्षा के पाठ्यक्रम में महाराणा प्रताप और अकबर को महान बताए जाने के संदर्भ ​में किए गए बदलाव को लेकर अब जब प्रदेश में सत्ता परिवर्तन हो गया है, तो नई सरकार इस बदलाव की समीक्षा में जुटी है। पाठ्यक्रम में अकबर-प्रताप की महानता को लेकर उपजे विवाद के चलते विभाग अब भाजपा राज में किताबों में हुए बदलाव का विवरण जुटा रहा है और वास्तविक स्थिति के बारे में जानने के प्रयास किए जा रहे हैं।

गौरतलब है कि सूबे की गत भाजपा सरकार में तत्कालीन शिक्षा मंत्री वासुदेव देवनानी ने महाराणा प्रताप को महान बताया और पाठ्यक्रम में कई बदलाव कर इस तरह के विवाद जन्म दिया था। प्रदेश में अब कांग्रेस की सरकार बनने के बाद यह विवाद एक बार फिर से उठ गया है। शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा का कहना है कि अब तक जो कुछ पढ़कर आप और हम इस काबिल बने हैं, उस पाठ्यक्रम में बदलाव किस कारण से किया गया, उसकी समीक्षा होना जरूरी है।

उल्लेखनीय है कि राजस्थान में पिछले साल स्कूली शिक्षा के पाठ्यक्रम में बदलाव करते हुए अकबर के आगे लगे महान शब्द को हटा दिया गया था। साथ ही महराणा प्रताप के नाम के आगे महान शब्द लगाया गया था। इसके अलावा यह भी लिखा गया था कि हल्दीघाटी के युद्ध में अकबर नहीं, बल्कि महराणा प्रताप जीते थे। अब सरकार बदली, तो राज्य के शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा ने कह दिया है कि पूरे पाठ्यक्रम की समीक्षा की जाएगी और यह देखा जाएगा कि महाराणा प्रताप और अकबर में कौन महान था।

First India News से जुड़े अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करे!
हर पल अपडेट रहने के लिए अभी डाउनलोड करें First India News Mobile Application
लेटेस्ट वीडियो के लिए हमारे YOUTUBE चैनल को विजिट करें

और पढ़ें

Most Related Stories

Stories You May be Interested in