चीनी पर मण्डी टैक्स को लेकर होगी आर-पार, आक्रोशित चीनी कारोबारी करेंगे 20 जुलाई को महासम्मेलन

FirstIndia Correspondent Published Date 2019/07/09 10:21

जयपुर: देश में केवल राजस्थान ही एक मात्र राज्य है, जहां चीनी पर 1.6% की दर से मण्डी शुल्क लागू है. बड़े स्तर पर चीनी की खपत वाले अनेक ग्राहक जैसे मिठाई, बताशे, टॉफी निर्माता मण्डी शुल्क से बचने के लिए राज्य के बाहर के कारोबारियों से चीनी की सीधी खरीद कर रहे हैं. जिससे न केवल राज्य सरकार को GST व मण्डी शुल्क के रूप में 350 करोड़ रुपए का राजस्व की चपत लग रही है, बल्कि राज्य के कारोबारियों का व्यापार भी चौपट हो रहा है. 

आक्रोशित चीनी कारोबारी करेंगे 20 जुलाई को महासम्मेलन
जयपुर में राज्य भर से आए चीनी कारोबारियों की एक बैठक में इस मुद्दे पर जयपुर में 20 जुलाई को एक महा सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा. इस सम्मेलन में राज्य बजट में कारोबारियों की चीनी पर मण्डी टैक्स समाप्त करने की करीब 14 वर्ष पुरानी मांग पर सरकार के निर्णय के बाद आगे आंदोलन की रणनीति तय होगी. बैठक में मौजूद राजस्थान खाद्य पदार्थ व्यापार संघ के अध्यक्ष बाबूलाल गुप्ता ने चीनी कारोबारियों की मांग का समर्थन किया और कहा कि मण्डी टैक्स के कारण न केवल कारोबारी परेशान है बल्कि उनमें अब आक्रोश भी उभर रहा है. 20 जुलाई को होने वाले सम्मेलन में राज्य भर से आने वाले करीब 1200 कारोबारी आगामी रणनीति पर चर्चा करेंगे. जिसमें आंदोलन भी शामिल है. 

...विमल कोठारी, फर्स्ट इण्डिया न्यूज, जयपुर
 

First India News से जुड़े अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करे!
हर पल अपडेट रहने के लिए अभी डाउनलोड करें First India News Mobile Application
लेटेस्ट वीडियो के लिए हमारे YOUTUBE चैनल को विजिट करें

और पढ़ें

Most Related Stories

Stories You May be Interested in