इंदौर उदयपुर, अमरावती के मामले कांग्रेस सरकारों की तुष्टिकरण की नीति का परिणाम- शिवराज सिंह चौहान

उदयपुर, अमरावती के मामले कांग्रेस सरकारों की तुष्टिकरण की नीति का परिणाम- शिवराज सिंह चौहान

उदयपुर, अमरावती के मामले कांग्रेस सरकारों की तुष्टिकरण की नीति का परिणाम- शिवराज सिंह चौहान

इंदौर: उदयपुर के दर्जी कन्हैयालाल और अमरावती के केमिस्ट उमेश कोल्हे की हत्या के मामलों की ओर साफ इशारा करते हुए मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोमवार को आरोप लगाया कि ये बहुचर्चित घटनाएं कांग्रेस सरकारों की तुष्टिकरण की नीति का नतीजा हैं. चौहान ने नगर निगम चुनाव को लेकर इंदौर में भाजपा की एक सभा में कहा कि कांग्रेस ने हमेशा तुष्टिकरण किया है और उसी का परिणाम है कि राजस्थान में आतंकवादियों ने एक व्यक्ति की गर्दन काटकर हत्या कर दी. वहां (राजस्थान) कांग्रेस की सरकार है.’’

उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में भी एक व्यक्ति को गर्दन काटकर मार डाला गया. वहां (इस वारदात के वक्त) कांग्रेस और शिवसेना की सरकार थी. यह घटना तुष्टिकरण के कारण हुई है. चौहान ने कहा कि भाजपा सभी धर्मों का आदर करती है, लेकिन आतंकवादियों को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और उन्हें कुचल कर रख दिया जाएगा. उन्होंने कहा कि हम देशभक्त और राष्ट्रवादी हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश आगे बढ़ रहा है, लेकिन कई लोगों को यह बात पसंद नहीं आती. गौरतलब है कि भाजपा ने नगर निगम चुनावों के प्रचार के आखिरी दिन देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर में मुख्यमंत्री चौहान को मैदान में उतारा जहां उन्होंने शहर भर में रोड शो किया और कई सभाओं को संबोधित किया. 

मुख्यमंत्री ने इंदौर के मतदाताओं को लुभाते हुए कहा कि शहर की अवैध कॉलोनियों को वैध किया जाएगा और हर गरीब को भूखंड या पक्का मकान प्रदान किया जाएगा. उन्होंने इंदौर को ‘‘मध्यप्रदेश के विकास का इंजन’’ बताते हुए मतदाताओं से वादा किया कि भाजपा इस शहर को संवारेगी और इसे महिलाओं के लिए सुरक्षित बनाएगी. चौहान ने कांग्रेस को ‘‘गयी-गुजरी पार्टी’’ करार दिया और आरोप लगाया कि कांग्रेस अपने शासन के दौरान इंदौर के विकास में नाकाम रही. इंदौर में बुधवार को नगर निगम चुनाव के लिए मतदान होना है जिसके जरिये 18.35 लाख मतदाता महापौर और 85 वॉर्डों के पार्षद चुनेंगे. सोर्स- भाषा

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