औरंगाबाद हालिया घटनाक्रम से दुखी, पर शिवसेना को और मजबूत बनाऊंगा- उद्धव ठाकरे

हालिया घटनाक्रम से दुखी, पर शिवसेना को और मजबूत बनाऊंगा- उद्धव ठाकरे

हालिया घटनाक्रम से दुखी, पर शिवसेना को और मजबूत बनाऊंगा- उद्धव ठाकरे

औरंगाबाद: शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने कहा है कि वह कुछ सदस्यों को लाभ मिलने के बावजूद पार्टी छोड़ता देख ‘आहत’ हैं और जल्द मराठवाड़ा क्षेत्र के हिंगोली का दौरा करेंगे. शिवसेना नेताओं ने मंगलवार को यह जानकारी दी. उद्धव की यह प्रतिक्रिया हिंगोली जिले के एक शिवसेना विधायक संतोष बांगर के महाराष्ट्र विधानसभा में विश्वास मत पर मतदान से कुछ देर पहले एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाले बागी गुट में शामिल होने के एक दिन बाद आई है.

दिलचस्प बात यह है कि हिंगोली जिले के कलामनुरी से विधायक बांगर को हाल ही में विद्रोह के शुरुआती दिनों के वीडियो में रोते हुए बागियों से शिवसेना में लौटने की अपील करते हुए देखा गया था. बांगर के सोमवार को शिंदे गुट में शामिल होने और विश्वास मत के पक्ष में मतदान करने के बाद हिंगोली के सरकारी गेस्ट हाउस में मंगलवार को जिले के शिवसेना नेताओं की एक बैठक आयोजित की गई थी. शिवसेना नेता रमेश शिंदे ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि उद्धव ने बैठक में शामिल पार्टी कार्यकर्ताओं से फोन पर बात की और कहा कि वह जल्द हिंगोली का दौरा करेंगे. शिंदे के मुताबिक, उद्धव ने शिव सैनिकों से कहा कि उन विधायकों और मंत्रियों को अपना साथ छोड़ते देखना बेहद तकलीफदेह है, जिन्होंने शिवसैनिकों की वजह से जीत दर्ज की और सब कुछ हासिल किया. बैठक से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहा है, जिसमें उद्धव कह रहे हैं, “लेकिन, जिन लोगों को कुछ हासिल नहीं हुआ, वे मेरे साथ हैं. मैं आप लोगों से मिलने के लिए जल्द हिंगोली आऊंगा. शिंदे ने कहा कि शिव सैनिक बांगर को आखिरी समय में बागी गुट से जुड़ता देख स्तब्ध थे.

उन्होंने कहा कि शिवसेना स्थिर है. जिन शिव सैनिकों को बैठक के बारे में सूचित किया गया था, वे इसमें शामिल हुए. इससे पहले, बांगर को एक वीडियो में रोते हुए और यह कहते हुए देखा गया था कि महाराष्ट्र में माहौल खराब हो गया है और शिंदे के साथ सभी असंतुष्टों को पार्टी में वापस आ जाना चाहिए, क्योंकि उद्धव ठाकरे उन्हें निश्चित रूप से माफ कर देंगे. बांगर ने छत्रपति शिवाजी महाराज और बाल ठाकरे के अनुयायी के रूप में शिवसेना की तारीफ भी की थी और कहा था कि हिंदुत्व के भगवा ध्वज को बिना किसी दाग ​​के ऊंचा रखना सभी का कर्तव्य है. शिंदे ने सोमवार को महाराष्ट्र विधानसभा के दो दिवसीय विशेष सत्र के अंतिम दिन महत्वपूर्ण शक्ति परीक्षण में जीत हासिल की थी. 288 सदस्यीय सदन में 164 विधायकों ने विश्वास प्रस्ताव के पक्ष में, जबकि 99 ने इसके खिलाफ मतदान किया था. बांगर के आने से शिंदे गुट में शामिल होने वाले शिवसेना विधायकों की संख्या 40 पर पहुंच गई है. सोर्स- भाषा

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