VIDEO: प्रमुख सचिव माइंस टी. रविकान्त ने ली बैठक, 30 हजार करोड़ से अधिक के MoU धरातल पर उतरना शुरू, देखिए ये खास रिपोर्ट

जयपुर : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के प्रभावी मार्गदर्शन में खान विभाग मुख्य भूमिका में नजर आ रहा है. राइजिंग राजस्थान के तहत खान एवं पेट्रोलियम सेक्टर में 1 लाख 80 हजार करोड़ से ज्यादा के निवेश प्रस्ताव पर हस्ताक्षर किए गए थे.. उनमें से 30 हजार करोड़ से अधिक के प्रस्ताव धरातल पर आना शुरू हो गए हैं. माना जा रहा है कि खान विभाग के अधिकारियों के संबंध प्रयासों से जल्द ही अन्य एमओयू भी साकार होते दिखाई देंगे. 

राइजिंग राजस्थान के दौरान माइनिंग सेक्टर से जुड़े 30 हजार करोड रु. से अधिक के एमओयू धरातल पर उतरना आरंभ हो गए हैं. प्रमुख सचिव माइंस एवं पेट्रोलियम टी. रविकान्त के नेतृत्व राइजिंग राजस्थान के दौरान माइनिंग सेक्टर के किए गए एमओयू में 100 करोड़ रुपए से अधिक के 45 एमओयू है. इनमें एक हजार करोड़ रुपए से अधिक के 20 एमओयू है वही 100 करोड़ रु. से एक हजार करोड़ रु. तक के 25 एमओयू है. विभागीय अधिकारियों को प्रोएक्टिव रोल निभाते हुए निवेश करारों को तय समयसीमा में धरातल पर उतारने के कदम उठाने के निर्देश दिए हैं. प्रमुख सचिव माइंस टी. रविकान्त आज सचिवालय में राइजिंग राजस्थान इंवेस्टमेंट समिट के दौरान माइनिंग प्री समिट व अन्य अवसरों पर हुए एमओयू की प्रगति समीक्षा कर रहे थे. 

उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री श्री भजन लाल शर्मा जो स्वयं खान मंत्री भी है के नेतृत्व व मार्गदर्शन में माइनिंग सेक्टर में बड़े स्तर पर निवेश प्रस्ताव हस्ताक्षरित हुए. एक हजार करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्तावों की प्रगति समीक्षा स्वयं मुख्यमंत्री श्री भजन लाल शर्मा द्वारा की जा रही है वहीं एक सौ करोड़ से एक हजार करोड़ तक के निवेश करारों का रिव्यू मुख्य सचिव स्तर पर किया जा रहा है. टी. रविकान्त ने बताया कि विभाग द्वारा सीधे निवेशकों से संवाद कायम करने के साथ ही जिला स्तर के अधिकारियों से नियमित वर्चुअली समीक्षा की जाएगी. स्तर के निवेश करारों के संबंध में फील्ड अधिकारियों को निर्देशित किया  गया है कि वे स्थानीय स्तर पर निवेशकों से समन्वय बनाते हुए उन्हें एमओयू करारों को धरातल पर उतारने में सहयोग करें. स्थानीय स्तर पर आ रही समस्याओं का संभव निराकरण कराते हुए आवश्यक सहयोग प्रदान करें. 

 

संयुक्त सचिव माइंस आशु चौधरी ने बताया कि विभाग द्वारा राइजिंग राजस्थान के दौरान किए करारों को वर्गीकृत कर लिया गया है. नोडल अधिकारी अतिरिक्त निदेशक माइंस महावीर प्रसाद मीणा और सह प्रभारी अधीक्षण भूवैज्ञानिक जयपुर  संजय सक्सेना ने राइजिंग राजस्थान के दौरान हुए निवेश करारों की जानकारी देते हुए बताया कि विभाग द्वारा नियमित मोनेटरिंग और फील्ड अधिकारियों से समन्वय बनाया जा रहा है. बैठक में अधीक्षण भूवैज्ञानिक सचिवालय सुनील वर्मा ने भी हिस्सा लिया.

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