जयपुरः विधानसभा में सीएम भजनलाल शर्मा ने अशोक गहलोत पर बिना नाम लिए पलटवार किया. कहा कि गांधी का अनुयायी बताने वाले नेता गांधीजी की जीवनी फिर से पढ़ें. प्रदेश के युवाओं को निराशा में क्यों धकेला'? विपक्ष के एक बड़े नेता जो तीन बार से लगातार सदन में नहीं आ रहे हैं. मैं इंतजार कर रहा था लेकिन नहीं आए. मैं विपक्ष के उन बड़े नेता जो स्वयं को महात्मा गांधी का अनुयायी बताते हैं.
मैं सलाह देता हूं कि वह महात्मा गांधी की आत्मकथा सत्य के साथ प्रयोग दोबारा पढ़े. और फिर सोचे कि आपके रहते हुए प्रदेश की युवाओं पर क्या-क्या बीती'? बापू ने कहा था कि सत्य ही ईश्वर है. तो आप में साहस हो तो इस सदन में आकर वह सत्य बताइए कि कैसे आपने प्रदेश के युवाओं का हक मारा और उन्हें निराशा में धकेल दिया.
पेपरलीक करने वालों को सलाखों के पीछे भेजाः
हमने पेपरलीक करने वालों को सलाखों के पीछे भेजा है. और प्रदेश के युवाओं में आत्मविश्वास लौटाया है. सीएम ने पांच साल बनाम दो साल पर कांग्रेस की बहस की चुनौती स्वीकारी. वह सदन में बहस को तैयार. विपक्ष ने पांच साल बनाम दो साल पर बहस की चुनौती दी थी. मैं चुनौती स्वीकार करता हूं. इसके लिए दस्तावेज सदन में रख रहा हूं. स्पीकर से कहा इस पर बहस का समय तय कर दीजिए.
कांग्रेस विधायकों ने हंगामा कियाः
विपक्ष के नेताओं ने बहस की चुनौती दी थी. सीएम के जवाब के दौरान सदन में हंगामा हुआ. सीएम के जवाब के दौरान कांग्रेस ने दो बार हंगामा किया. पहले SIR को लेकर सीएम ने विपक्ष के आरोपों को गलत बताया. तो कांग्रेस विधायकों ने हंगामा किया. इसके बाद दो साल बनाम पांच साल पर बहस को लेकर हंगामा हुआ.