राजस्थान की उम्मीदों का बजट, पेयजल को लेकर बड़ी घोषणा की सरकार ने, देखिए खास रिपोर्ट

जयपुरः प्रदेश के बजट में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को और अधिक सशक्त एवं आधुनिक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाये गए है . बजट में जल संसाधनों के संरक्षण, पाइपलाइन विस्तार, नई पेयजल परियोजनाओं तथा ग्रामीण क्षेत्रों में सतत जल उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए पर्याप्त प्रावधान किए गए हैं. इससे विशेष रूप से दूरस्थ एवं जल संकटग्रस्त क्षेत्रों को राहत मिलेगी. 

राज्य सरकार ने “हर घर स्वच्छ जल” के लक्ष्य को शीघ्रता से प्राप्त करने का लक्ष्य बजट में परिलक्षित किया गया है. बजट में की गई घोषणाओं से अधूरी परियोजनाओं को गति मिलेगी और नई योजनाओं के माध्यम से शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में जल वितरण तंत्र को आधुनिक तकनीक से जोड़ा जाएगा. आइये एक नजर डालते है पेयजल के लिए की गई प्रमुख घोषणा पर 

3,000 संविदा कर्मियों की नियुक्ति का ऐलान किया गया है

विभाग की परिचालन क्षमता और सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार होगा

“अमृत 2.0” योजना के तहत 3 लाख नए घरों में पेयजल कनेक्शन उपलब्ध कराने की घोषणा

जयपुर में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना के लिए 10 करोड़ रुपये की घोषणा की गई है.

बजट में घोषित 160 करोड़ रुपये के पेयजल संबंधी कार्यों को तेजी से लागू किया जाएगा

सूरजरपुरा से चाकसू तक ट्रांसमिशन लाइन संबंधी कार्यों के लिए 650 करोड़ रुपये की घोषणा

मुख्यमंत्री जल जीवन मिशन (शहरी) योजना का दायरा बढ़ाया जाएगा 

प्रदेश के समस्त शहरों के मास्टर प्लान में दर्शाये गये peri- urban area के 6 हजार 245 (छह हजार दो सौ पैंतालीस) गाँवों को सम्मिलित किया जायेगा

मुख्यमंत्री जल जीवन मिशन (शहरी) द्वितीय चरण के अन्तर्गत 2 हजार 530 करोड़ रुपये खर्च होंगे 

बीकानेर, जोधपुर, जालोर, सांचोर एवं बालोतरा शहरों में 

जलापूर्ति अंतराल को सतत रूप से कम किये जाने हेतु स्रोत निर्माण, उच्च/स्वच्छ जलाशय, पम्प लाइन सम्बन्धी कार्य करवाये जायेंगे

देशनोक-बीकानेर में 24×7 पेयजल उपलब्ध करवाया जाना प्रस्तावित है

इस हेतु 750 करोड़ रुपये का व्यय किया जायेगा.

नगरीय पेयजल योजना जैसलमेर के लिए मोहनगढ़ से गजरूप सागर तक अतिरिक्त पाइप लाइन व 30 MLD फिल्टर प्लांट तथा डिग्गी का निर्माण लगभग 196 करोड़ रुपये की लागत से करवाया जायेगा.

20. प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में पेयजल उपलब्ध करवाने के लिए 160 करोड़ (एक सौ साठ करोड़) रुपये से अधिक के कार्य करवाये जायेंगे. ये कार्य हैं-

लूणी-जोधपुर के विभिन्न गांवों को पेयजल सप्लाई में सुधार हेतु तख्त सागर से कुड़ी होद की पाइपलाइन को बदलने एवं अन्य सुदृढ़ीकरण के कार्य होंगे 

जैसलमेर, बाड़मेर एवं बालोतरा के 851 गांवों में पेयजल उपलब्धता में सुधार के लिए बाड़मेर लिफ्ट पेयजल परियोजना के मोहनगढ़ स्थित हैडवर्क्स पर सुदृढ़ीकरण के कार्य होंगे. 

 

राजगढ़ शहर की पेयजल व्यवस्था के सुदृढ़ीकरण कार्य होंगे 

श्रीमाधोपुर व अजीतगढ़ में विभिन्न पेयजल योजनाओं एवं विभिन्न ट्यूबवैल / टंकी व पाइप लाइनों के कार्य होंगे 

नालबड़ी, भानीपुरा से नोखादया, बदरासर, छतरगढ़ जल योजना के सुधार एवं सुदृढ़ीकरण कार्य होंगे 

सांगोद के समस्याग्रस्त ग्रामों में पेयजल समस्या समाधान हेतु राजगढ़ सहित विभिन्न ग्रामों में नवीन नलकूप, पेयजल पाइप लाइन के कार्य होंगे 

ग्रीष्म ऋतु में पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराये जाने की दृष्टि से 

आगामी वर्ष 600 ट्यूबवेल व एक हजार 200 हैंडपंप लगाये जाएँगे 

प्रत्येक जिला कलक्टर को एक करोड़ रुपये की राशि उपलब्ध करवायी जायेगी

प्रदेश के दूरदराज राज क्षेत्रों में जल गुणवत्ता परीक्षण हेतु Mobile Water Testing Labs का संचालन किया जायेगा