जयपुर: विधानसभा का बजट सत्र शुरू होने के साथ ही प्रदेश का जलदाय महकमा भी एक्टिव मोड में आ गया है. जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी ने विधानसभा में पहले दिन की कार्यवाही पूरी होने के बाद विभाग की मैराथन बैठक ली. इस दौरान मंत्री ने अधिकारियों की क्लास भी लगाई और योजनाओं की समीक्षा की. मंत्री ने साफ कहा कि जल जीवन मिशन में अनियमितता एवं भ्रष्टाचार करने वाले अधिकारियों के विरूद्ध शत-प्रतिशत कार्यवाही की जाएगी एवं लम्बित दोषी अधिकारियों को आरोप पत्र जारी किए जाए.
जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी ने आज जलदाय विभाग की समीक्षा बैठक ली. बैठक के लिए कुल सात एजेंडे तय थे, लेकिन मंत्री ने एजेंडे के अलावा भी अधिकारियों से विस्तृत चर्चा की. बैठक के दौरान मंत्री ने कभी गरम रुख दिखाया, तो कभी नरम दिखाए पड़े. सबसे पहले उन्होंने जल जीवन मिशन में अनियमितता एवं भ्रष्टाचार करने वाले अधिकारियों तथा उनको बचाने वाले अधिकारियों को आड़े हाथ लिया. मंत्री ने कहा कि जल जीवन मिशन में अनियमितता एवं भ्रष्टाचार करने वाले अधिकारियों के विरूद्ध शत-प्रतिशत कार्यवाही की जाएगी एवं लम्बित दोषी अधिकारियों को आरोप पत्र जारी किए जाए. उन्होंने कहा कि आरोप पत्र देरी से जारी करने वाले अधिकारियों के विरूद्ध भी कार्यवाही की जाएगी.
जिन अधिकारियों को सीसीए 16 एवं 17 में आरोप पत्र जारी किए है उनमें भी आवश्यक कार्रवाई करते हुए शीघ्र कार्यवाही की जाए. उन्होंने विभागीय बजट घोषणा 2024-25 एवं 2025-26 की समीक्षा करते हुए कहा कि जिन घोषणाओं की निविदाएं अभी तक प्रक्रियाधीन है उन्हें 15 फरवरी तक कार्य आदेश देने की कार्रवाई की जाए. वरना इस कार्य में विलंब करने वाले अधिकारियों की जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की जाएगी. बैठक में जल जीवन मिशन के मिशन निदेशक डॉ. रविंद्र गोस्वामी, मुख्य अभियंता एवं अतिरिक्त सचिव संदीप शर्मा, नीरज माथुर, राजवीर चौधरी , के.डी गुप्ता, मनीष बेनीवाल सहित अन्य अतिरिक्त मुख्य अभियंता उपस्थित रहे.
जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी की सख्त चेतावनी
-जल जीवन मिशन में भ्रष्टाचार पर शत-प्रतिशत कार्रवाई के निर्देश
-दोषी अधिकारियों को तुरंत आरोप पत्र जारी करने के आदेश
-आरोप पत्र में देरी करने वाले अफसरों पर भी होगी कार्रवाई
-सीसीए 16 और 17 के मामलों में शीघ्र निर्णय के निर्देश
-बजट घोषणाओं की निविदाएं 15 फरवरी तक जारी करने का अल्टीमेटम
-काम में देरी पर संबंधित अधिकारियों की तय होगी जिम्मेदारी
-समीक्षा बैठक में मंत्री का कभी सख्त, कभी नरम रुख
करीब तीन घंटे तक चली इस बैठक में जलदाय मंत्री ने शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में की जा रही जल आपूर्ति की समीक्षा करते हुए कहा कि नवसृजित नगर पालिका क्षेत्रों में शहरी मापदण्डों के अनुसार 100 एलपीसीडी के अनुसार योजनाए क्रियान्वित करें ताकि भविष्य में पेयजल को लेकर किसी भी प्रकार की समस्या नहीं रहें. उन्होंने सतही जल से लाभान्वित जिलों में ग्रीष्मकाल से पूर्व पर्याप्त भण्डारण की व्यवस्था किए जाने के निर्देश दिए. बकाया घरेलू कनेक्शनों को निर्धारित लक्ष्य के अनुसार पूर्ण करने के निर्देश दिए ताकि राष्टीय जल जीवन मिशन को पूर्णता रिपोर्ट भिजवाई जा सकें. उन्होंने कहा कि मिशन के तहत की जा रही निविदाओं में अनावश्यक देरी नहीं की जाए, और आगामी 15 दिवस में बकाया निविदाएं पूर्ण की जाए. जलदाय मंत्री ने अमृत 2.0 के अन्तर्गत स्वीकृत कार्य एवं निविदाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि शहरी क्षेत्रों के नजदीकी जो एरिया शामिल हुए है उन्हें इसी स्कीम में शामिल करते हुए लाभान्वित किये जाने के लिए आवश्यक कार्यवाही की जाए.. उन्होंने अमृत 2.0 तहत बकाया 8.50 लाख कनेक्शनों को शीघ्र जोड़ने के निर्देश दिए.
उन्होंने अमृत 2.0 के तहत शेष रही निविदाओं को 15 फरवरी तक पूर्ण करने के निर्देश दिए. जलदाय मंत्री ने बकाया राजस्व प्राप्ति के लिए समस्त फील्ड अधिकारियों को निर्देश दिए कि इसमें किसी भी तरह की देरी नहीं की जाए. उन्होंने उपभोक्तओं को मासिक बिल प्रति माह जारी करने के लिए निर्देश दिए ताकि उपभोक्ताओं को एक साथ पड़ने वाले वित्तीय भार से राहत मिल सके. जलदाय मंत्री ने गत एवं इस वर्ष समर कंटीजेंसी में स्वीकृत हैण्डपम्प एवं ट्यूबवेल जो अभी तक ड्रिल एवं कमीशन नहीं हो पाए हैं उन पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि इस कार्य को आगामी 15 फरवरी तक पूर्ण कर लिया जावे. उन्होंने कहा कि बकाया विद्युत कनेक्शनों के लिए संबंधित जिला कलक्टर से व्यक्तिगत मिलकर आवश्यक कार्यवाही करावे. जलदाय मंत्री ने कहा कि टैंकर के माध्यम से पेयजल परिवहन के लिए पहले से आवश्यक तैयारी पूर्ण कर ले, ताकि आगामी ग्रीष्म ऋतु में पेयजल समस्याग्रस्त क्षेत्रों में टैंकरों से निर्बाध आपूर्ति की जा सकें. उन्होंने पेयजल की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए.
जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी की 3 घंटे लंबी समीक्षा बैठक
-नवसृजित नगर पालिकाओं में 100 LPCD के अनुसार जल योजनाएं लागू करने के निर्देश
-ग्रीष्मकाल से पहले सतही जल वाले जिलों में पर्याप्त भंडारण के आदेश
-बकाया घरेलू कनेक्शन तय लक्ष्य के अनुसार जल्द पूरे करने के निर्देश
-जल जीवन मिशन की लंबित निविदाएं 15 दिन में पूरी करने का आदेश
-अमृत 2.0 के तहत स्वीकृत कार्यों और निविदाओं की गहन समीक्षा
-अमृत 2.0 में शहरी क्षेत्रों से जुड़े नए एरिया भी शामिल होंगे
-अमृत 2.0 के तहत बकाया 8.50 लाख कनेक्शन शीघ्र जोड़ने के निर्देश
-अमृत 2.0 की शेष निविदाएं 15 फरवरी तक पूरी करने का अल्टीमेटम
• बकाया राजस्व वसूली में देरी नहीं करने के निर्देश
• उपभोक्ताओं को मासिक बिल जारी करने पर दिया जोर
• समर कंटीजेंसी के लंबित हैंडपंप-ट्यूबवेल पर मंत्री की नाराजगी
• 15 फरवरी तक सभी हैंडपंप व ट्यूबवेल ड्रिल-कमीशन करने के आदेश
• बकाया विद्युत कनेक्शन के लिए जिला कलेक्टर से समन्वय के निर्देश
• ग्रीष्म ऋतु से पहले टैंकर व्यवस्था पूरी करने के आदेश
• पेयजल गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश