जयपुर : प्रदेशभर के फार्मासिस्ट संवर्ग का पहली बार जॉब चार्ट और रेस्पोसिबिलिटी तय की गई है. निदेशक जनस्वास्थ्य डॉ रविप्रकाश शर्मा ने फार्मासिस्ट, सीनियर फार्मासिस्ट, सुप्रीटेंडेंट फार्मासिस्ट और डिप्टी डायरेक्टर फार्मासिस्ट के पद के लिए जॉब चार्ट जारी किया है, जिसमें ये तय किया गया है कि किस पद पर कार्मिक का क्या काम रहेगा और उसकी क्या-क्या जिम्मेदारी रहेगी.
दरअसल, चिकित्सा विभाग में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिनस्थ सेवा नियम 1665 के तहत 2011 में पहली बार फार्मासिस्ट का पद सृजित किया गया था. इससे पहले तक जिला स्तर पर फार्मासिस्ट कम कम्पाउण्डर का पद निर्धारित था. लेकिन पद के सृजन के बाद कैडर का गठन 2022 में किया गया. साथ ही 4088 पदों का वर्गीकरण भी किया. इसमें डिप्टी डायरेक्टर फार्मासिस्ट का एक,सुप्रीटेंडेंट फार्मासिस्ट के 40, सीनियर फार्मासिस्ट के 812 और फार्मासिस्ट 3230 पद वर्गीकृत किए गए. लेकिन इसके बावजूद पदवार जॉबचार्ट जारी नहीं होने से फार्मासिस्ट में असंतोष का भाव था. फार्मासिस्ट संवर्ग की पिछले लम्बे समय से मांग चल रही थी कि उसका जॉब चार्ट जारी किया जाए. राजस्थान फार्मासिस्ट कर्मचारी संघ एकीकृत समेत अन्य संगठनों से कई बार मांग उठाई, जिसके बाद अब चिकित्सा विभाग ने फार्मासिस्ट संवर्ग का पहली बार जॉब चार्ट और रेस्पोसिबिलिटी तय की गई है.
ये रहेगा पदवार काम और जिम्मेदारी
1. डिप्टी डायरेक्टर (फार्मासिस्ट) - मुख्यालय से नियंत्रण और प्रशासनिक कार्य
2. सुपरिंटेंडेंट फार्मासिस्ट - दवाओं की आपूर्ति श्रृंखला की निगरानी, नमूनों की गुणवत्ता जांच, जिला स्तर पर डीडीडब्ल्यू, डीडीसी का निरीक्षण एवं अन्य कार्य
3. सीनियर फार्मासिस्ट - फार्मासिस्ट कैडर के सभी कार्य, उप-भंडार और वैक्सीन डिपो का प्रबंधन,दवाओं की भौतिक सत्यापन और ऑडिटिंग, दवा एवं चिकित्सीय समिति में वार्षिक मांग तैयार करना एवं अन्य कार्य
4. फार्मासिस्ट - दवाओं का वितरण और डीडीसी का रखरखाव, दवा भंडार में दवाओं का आवंटन और रिकॉर्ड रखना, आपूर्ति श्रृंखला प्रबंधन में सहायता, मरीजों को दवाओं के दुष्प्रभावों पर परामर्श देना एवं अन्य कार्य
फार्मासिस्ट संवर्ग का जॉब चार्ट जारी करने पर राजस्थान फार्मासिस्ट कर्मचारी संघ एकीकृत के प्रदेश अध्यक्ष तिलकचंद शर्मा, संस्थापक महेश यादव, फार्मेसी काउंसिल के अध्यक्ष महावीर सौगानी, उपाध्यक्ष अजय अग्रवाल, फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया के सदस्य नवीन सांघी, विनोद मीणा ने सरकार का आभार जताया है. उनका कहना है कि इससे न सिर्फ दवाओं के मैनेजमेंट में सुधार होगा, बल्कि प्रशासनिक दृष्टि से भी बेहतर काम हो सकेंगे.