बिहार में 'सत्ता परिवर्तन' का काउंटडाउन ! 10 अप्रैल तक नीतीश की विदाई, शर्तों पर फंसा पेंच !

बिहार में 'सत्ता परिवर्तन' का काउंटडाउन ! 10 अप्रैल तक नीतीश की विदाई, शर्तों पर फंसा पेंच !

जयपुरः बिहार में 'सत्ता परिवर्तन' का काउंटडाउन शुरू हो गया है. 10 अप्रैल तक नीतीश की विदाई हो सकती है. वहीं सूत्रों के मुताबिक 8 से 12 अप्रैल के बीच बिहार में सत्ता की कमान बदल जाएगी. नीतीश की पसंद और बीजेपी समीकरणों के आधार पर सम्राट चौधरी का नाम CM पद के लिए सबसे ज्यादा चर्चा में है. सम्राट चौधरी के जरिए बीजेपी 'कोइरी-कुर्मी-धानुक' समीकरण को साधना चाहती है. 

भाजपा RJD के वोट बैंक को चुनौती देने की बड़ी रणनीति पर काम कर रही है. नीतीश चाहते बीजेपी का सीएम बनने पर गृह मंत्रालय JDU के पास रहे. 
लेकिन बीजेपी इस बार यह अहम विभाग छोड़ने को तैयार नहीं है. JDU की विधानसभा स्पीकर पद की भी मांग,जिस पर दोनों दलों के बीच सहमति नहीं बनी है. सूत्रों के मुताबिक भाजपा 2015 का फॉर्मूला चाहती है. बीजेपी चाहती कि पुरानी व्यवस्था लागू हो. जबकि जदयू अपने भविष्य को सुरक्षित करने के लिए मजबूत विभागों पर अड़ी. 

वहीं नीतीश के बेटे निशांत के लिए ऐसे मंत्रालय की तलाश की जा रही जिससे उनकी राजनीतिक पारी की प्रभावशाली शुरुआत हो सके. हरिवंश के रिटायर होने के बाद JDU राज्यसभा उपसभापति पद को लेकर असमंजस में JDU नेता संजय झा की केंद्र में कैबिनेट मंत्री बनने की इच्छा है. सूत्रों के मुताबिक बिहार की सत्ता सौंपने के बदले JDU केंद्र में हिस्सेदारी बढ़ाने की मांग कर रही है. लेकिन कुछ राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार यह सारी चर्चाएं बेमानी है. मोदी-शाह-नीतीश के बीच पहले ही सारी डील फाइनल हो चुकी है. उसके बाद ही राज्यसभा का पर्चा नीतीश कुमार ने भरा था. सूत्रों के मुताबिक नीतीश कुमार अपनी नई पॉलिटिकल जर्नी को लेकर काफी उत्साहित और खुश है.