डीडवाना: डीडवाना जिले के केराप गांव में खेलने गए चार बच्चो की गांव के तालाब में डूबने से दर्दनाक मौत हो गई. चारों ही बच्चे कल रविवार की छुट्टी के दौरान तालाब के पास खेलने गए थे, इस दौरान वे नहाने के लिए तालाब में उतर गए, लेकिन तैरना नहीं जानने से चारों ही बच्चे तालाब में डूब गए, जिससे चारों की मौत हो गई. एक साथ चार बच्चों की मौत के बाद गांव में शोक की लहर व्याप्त हो गई, वहीं सूचना पर पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंची और सर्च ऑपरेशन चलाया. इस दौरान नागौर से एसडीआरएफ की टीम भी बुलाई गई, जिसने रात करीब एक बजे दो बच्चों के शव ढूंढ निकाले. इसके करीब दो घंटे बाद दो अन्य बच्चों के शव भी पानी से निकाल लिए गए. जिन्हें रात को ही डीडवाना के राजकीय बांगड़ जिला अस्पताल लाया गया. जहां चिकत्सकों ने चारों बच्चों को मृत घोषित कर दिया.
जानकारी के मुताबिक केराप गांव में कल रविवार की छुट्टी होने की वजह से चारो बच्चे गांव के तालाब किनारे खेलने गए थे. चारों बच्चे जब शाम तक घर नहीं लौटे तो चारों के परिजनों की चिंता बढ़ गई और उन्होंने आसपास बच्चों की तलाश की. बाद में परिजनों को जानकारी मिली की बच्चे तालाब किनारे खेलने गए थे, तब परिजन और ग्रामीण रात को तालाब किनारे पहुंचे तो वहां चारों बच्चों के चप्पल तालाब के किनारे पड़े मिले, लेकिन बच्चे नजर नहीं आए.
परिजनों ने घटना की जानकारी गांव के सरपंच सुशील कुमार रोलण को दी, जिस पर सरपंच ने जिला कलक्टर बाल मुकुंद असावा को घटना की जानकारी दी. जिला कलक्टर ने एसडीआरएफ की टीम के साथ साथ तहसीलदार और एएसपी हिमांशु शर्मा को मौके पर भेजा. देर रात दो बजे तक तालाब में एसडीआरएफ की टीम और गोताखोर ने सर्च ऑपरेशन चलाया गया तो चारों बच्चों के शव तालाब में गहरे दलदल में फंसे हुए मिले. चारों बच्चों की शिनाख्त केराप गांव के भूपेश लुहार, शिवराज लुहार, साहिल मिरासी और विशाल जाट के रूप में हुई है. परिजनों के आने के बाद मृत बच्चों के शवों का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सुपुर्द किया जाएगा.