सवाई माधोपुर: कृषि मंत्री डॉ.किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि सवाई माधोपुर में जल्द ही 600 करोड़ के काम होंगे. कृषि मंत्री ने 4 महीने तक नहीं आने के लिए लोगों से माफी मांगी. कृषि मंत्री डॉ.किरोड़ी लाल मीणा ने अपने संबोधन में कहा कि सवाई माधोपुर में 11 हजार हेक्टेयर में अमरूद हो रहा है. अमरूद से अकेले सवाई माधोपुर को 700 करोड़ का कारोबार होता है. इस कारोबार को डेढ़ हजार करोड़ तक पहुंचाना है. देश में अमरूद का सबसे बड़ा आयोजन सवाई माधोपुर में किया जा रहा. सवाई माधोपुर में डेढ़ सौ करोड़ रुपए की प्रोसेसिंग यूनिट लगाई जाएगी. हर कैपिसिटी का प्लांट लगेगा और किसान की आय चार गुना हो जाएगी.
कृषि मंत्री डॉ.किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि यह धरती मेरे लिए शुभ है और पहली बार में यहां से मंत्री बना. हमने 11800 विक्रेताओं के नकली खाद बीज के सैंपल लिए. आज एक मुठ्ठी नकली खाद बीज नहीं मिलेगा.कृषि मंत्री डॉ.किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि अबकी बार PKC-ERCP से सवाई माधोपुर को पानी मिलेगा. कुछ लोग इस मामले में भी राजनीति कर रहे है.
कृषि मंत्री डॉ.किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि हमारे यहां सबसे ज्यादा कैपिसिटी का डूंगरी बांध बनेगा. 60 साल में पहली बार दिल्ली से मुंबई एक्सप्रेसवे बना. जो गांधी जी राम का नाम लेते थे इसी लिए ग्रामीण विकास का नाम जीरामजी कर दिया. अभी तक प्रधानमंत्री फसल बीमा में 6415 करोड़ रुपए का बीमा बांट चुके.कृषि मंत्री डॉ.किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि सवाई माधोपुर में जल्द ही 600 करोड़ के काम होंगे. कृषि मंत्री ने 4 महीने तक नहीं आने के लिए लोगों से माफी मांगी.
आपको बता दें कि अमरूद महोत्सव एवं कृषि तकनीकी मेला–2026 आज से शुरू हो गया.लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने दो दिवसीय मेले का शुभारंभ किया. सवाई माधोपुर के 263वें स्थापना दिवस पर अमरूद महोत्सव मनाया जा रहा है. देशभर के किसान, वैज्ञानिक और विशेषज्ञ शामिल हो रहे है. अमरूद महोत्सव में राजस्थान सहित देश के विभिन्न राज्यों से ICAR, कृषि विश्वविद्यालयों, सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, केवीके, वैज्ञानिकों, किसानों, FPO, व्यापारियों और संस्थानों की भागीदारी रहेगी. प्रतिदिन लगभग 10 हजार किसान इस महोत्सव में शामिल होंगे. महोत्सव में अमरूद से बने जूस, चिप्स, कैंडी, फ्रूट बार, जैली, बर्फी, लड्डू, शरबत, पल्प, RTS, चटनी, आचार, पाउडर और डिहाइड्रेट अमरूद जैसे उत्पादों का प्रदर्शन होगा. साथ ही स्वाद चखने के साथ-साथ इनके निर्माण की तकनीक का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा.