पुजारी की मौत का मामलाः सरकार से मांगों पर सहमति के बाद पूजारी शिंभू शर्मा पंचतत्व में विलीन

जयपुर/दौसाः दौसा जिले के महुआ के पुजारी की मौत के मामले में भाजपा नेताओं और अन्य संगठनों की सरकार से वार्ता के बाद मामला चार दिनों से चल रहा धरना रविवार को समाप्त हुआ. प्रशासन के मांगे माने जाने के बाद रविवार को पुजारी के शव को महुआ ले जाया गया, जहां उनका अंतिम संस्कार किया गया. इस दौरान वहां पुख्ता पुलिस जाब्ता लगाय गया.

पूजारी शिंभू शर्मा के भांजे ने दी मुखाग्निः
पूजारी शिंभू शर्मा की शव यात्रा में राज्यसभा सांसद किरोड़ीलाल मीणा, जयपुर सांसद रामचरण बोहरा,  पूर्व विधायक ज्ञानदेव आहूजा, दौसा जिलाध्यक्ष रतन तिवाड़ी सहित बड़ी संख्या में सर्वसमाज के लोग व महिलाएं भी अंतिम संस्कार में शामिल हुई. टीकरी में हाईवे किनारे स्थित 2 बीघा भूमि में पुजारी का अंतिम संस्कार किया गया. पूजारी शिंभू शर्मा की चिता को उनके भांजे गजानंद ने मुखाग्नि दी. वहीं अंत्येष्टि के दौरान पुलिस प्रशासन की रही माकूल व्यवस्था नजर आई.

तमाम मांगों पर सहमति के बाद भाजपा का धरना समाप्तः
आपको बता दे कि पूजारी शिंभू शर्मा की मौत के मामले को लेकर पिछले दिनों से पहले महुआ और फिर जयपुर में शव के साथ धरना-प्रदर्शन किया जा रहा था.  भाजपा नेता व राज्यसभा सांसद किरोडी मीणा सहित विभिन्न कई संगठन धरने पर बैठे हुए थे. पुजारी की मौत प्रकरण की जांच संभागीय आयुक्त करेंगे और 30 अप्रैल तक वह अपनी रिपोर्ट पेश करेंगे, इस संबंध दर्ज दो मामलों की जांच पुलिस महानिरीक्षक करेंगे, संभागीय आयुक्त की जांच की रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने, मंदिर माफी की जमीन को लेकर एक कमेटी बनाने जो सरकार को सुझाव देगी कि क्या कानून में बनाया जाए आदि मांगों के मांगों पर रविवार को सरकार के बीच सहमति बनने के बाद धरना समाप्त कर दिया गया.

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