नई दिल्ली : तिरुपति लड़डू घी घोटाले पर CBI जांच में पर्दाफाश हुआ है. 5 साल तक तिरुपति मंदिर में नकली घी सप्लाई हुआ. उत्तराखंड की कंपनी ने 68 लाख किलो नकली घी सप्लाई किया. उत्तराखंड की कंपनी ने 250 करोड़ का नकली घी सप्लाई किया.
5 साल में 68 लाख किलो नकली घी सप्लाई हुआ. उत्तराखंड की भोले बाबा ऑर्गेनिक डेयरी से घी सप्लाई हुआ. भोले बाबा ऑर्गेनिक डेयरी ने कभी दूध, मक्खन नहीं खरीदा. बल्कि केमिकल्स से नकली घी तैयार किया. डेयरी में रासायनिक पदार्थों जैसे मोनोडाईग्लिसराइड्स और एसिटिक एसिड एस्टर का इस्तेमाल कर कृत्रिम घी तैयार किया गया.
CBI जांच के अनुसार इस डेयरी के संचालक पोमिल जैन और विपिन जैन ने नकली देशी घी यूनिट बनाई थी और दूध खरीद के झूठे रिकॉर्ड तैयार किए थे. 2022 में इस कंपनी को ब्लैकलिस्ट भी कर दिया गया था. लेकिन इन्होंने अन्य कंपनियों के नाम पर वैष्णवी डेयरी (तिरुपति), माल गंगा डेयरी (उत्तर प्रदेश) और एआर डेयरी फूड्स (तमिलनाडु) के जरिये नकली घी की सप्लाई जारी रखी.