जयपुर: राजधानी जयपुर की द्रव्यवती नदी योजना और जेडीए के विभिन्न सामुदायिक केंद्रों को आमजन के लिए किस तरह और उपयोग बनाया जाए और कैसे जेडीए इनसे अपना राजस्व बढ़ाए, इसको लेकर विकास योजना तैयार करने का काम जेडीए के अभियंताओं ने शुरू कर दिया है.
जेडीए आयुक्त सिद्धार्थ महाजन का फोकस जेडीए का राजस्व बढ़ाने पर है. राजस्व बढ़ाने के लिए ऐसे स्त्रोत तलाशे जा रहे हैं, जिसने से जेडीए को नियमित रूप से आय हो. वर्तमान में जेडीए को अधिकतम राजस्व केवल जमीनों के आवंटन, नीलामी और उनके नियमन से ही मिलता है. जबकि जमीनें सीमित तौर पर ही उपलब्ध है. ऐसे में जरूरी है कि आय के वैकल्पिक स्त्रोत भी तलाशें जाएं. इसी कवायद में राजधानी की द्रव्यवती नदी योजना और जेडीए के सामुदायिक केंद्रों को लेकर जेडीए जल्द विकास योजना तैयार करेगा. आगामी पंद्रह दिन में योजना का प्रारूप तैयार करने के सभी अधिशासी अभियंताओं को निर्देश दिए गए हैं. इस योजना के तहत द्रव्यवती नदी आमजन के लिए पिकनिक स्पॉट के तौर तो उपलब्ध होगी ही साथ ही जेडीए को राजस्व भी मिलेगा, आपको सबसे पहले बताते हैं कि द्रव्यवती नदी को लेकर क्या है जेडीए की योजना-
राजधानी की द्रव्यवती नदी को लेकर बड़ी खबर
-नदी के दोनों तरफ दिखाई देगा मुंबई की चौपाटी जैसा नजारा
-आने वाले दिनों में नदी की पूरी लंबाई में दिखेंगी फूड वैन्स,
-बच्चों के लिए अलग से प्ले एरिया और गार्डन ओपन जिम
-जेडीए के अधिशासी अभियंता इस बारे में तैयार करेंगे कार्य योजना
-JDCसिद्धार्थ महाजन के निर्देश पर जारी किए आदेश
-जेडीए सचिव निशांत जैन ने इस बारे में जारी किए आदेश
-अधिशासी अभियंता आगामी 15 दिन में सौपेंगे योजना का प्रारूप
-JDC सिद्धार्थ महाजन को सौंपेंगे विकास योजना का प्रारूप
-योजना के तहत नदी की कुल लंबाई को किया जाएगा विभक्त
-बराबर लंबाई में अलग-अलग स्ट्रेज में किया जाएगा विभक्त
-हर स्ट्रेच में अस्थायी फूड वैन्स की उपलब्धता की जाएगी सुनिश्चित
-हर स्ट्रेच की फूड वैन्स का आकार व कलर होगा अलग
-दूसरे स्ट्रेच की फूट वैन्स के आकार व कलर से होगा अलग
-इसके बदले जेडीए इन वैन्स से वसूलेगा मासिक किराया
-हर स्ट्रेच में अस्थायी फूड वैन्स के अलावा होगा उपलब्ध
-बच्चों के लिए अलग से प्ले एरिया होगा उपलब्ध
-खेलकूद की गतिविधियों के लिए लगेंगे आधुनिक उपकरण
-गार्डन ओमन जिम का कराया जाएगा निर्माण
-योजना के तहत नीलामी योग्य भूमि भी की जाएगी चिन्हित
-योजना में पहले से उपलब्ध फूड कोर्ट और
-खाली कमर्शियल स्पेस को लेकर दी जाएगी जानकारी
-वर्तमान में नदी के दोनों तरफ वाक वे व उद्यान है निर्मित
शहर में विभिन्न स्थानों पर जेडीए की ओर से सामुदायिक केंद्र निर्मित हैं. जेडीए के अधिशासी अभियंता अपने-अपने क्षेत्रों में स्थित सामुदायिक केन्द्रों को लेकर विकास योजना का प्रारूप तैयार करेंगे. इसके कारण स्थानीय लोगों की विभिन्न जरूरतें सामुदायिक केंद्र से पूरी होंगी. विभिन्न गतिविधियों के लिए उद्यमियों को उचित किराए पर सामुदायिक केंद्र में स्थान उपलब्ध हो सकेगा. साथ ही जेडीए किराए के पेटे राजस्व मिलेगा.
सामुदायिक केन्द्रों से जेडीए का राजस्व बढ़ाने की तैयारी
-इस कवायद से ना केवल बढ़ेगा जेडीए का राजस्व
-बल्कि सामुदायिक केन्द्रों का हो सकेगा ऑप्टिमम यूज
-JDCसिद्धार्थ महाजन के निर्देश पर जारी किए निर्देश
-जेडीए सचिव निशांत जैन ने सभी EXEN को जारी किए निर्देश
-सभी सामुदायिक केंद्रों की विकास योजना तैयार करने के निर्देश
-इसके तहत सामुदायिक केंद्र में उपरी मंजिलों का किया जाएगा निर्माण
-बिल्डिंग बायलॉज में देय ऊंचाई तक निर्माण किया जाएगा प्रस्तावित
-भूतल पर बैक्वेंट हॉल,प्रथम तल पर दो पार्टी हॉल,
-द्वितीय तल पर को-वर्किंग स्पेस और
-तीसरी मंजिल पर रूफ टॉप रेस्टोंरेंट आदि किए जा सकते हैं प्रावधान
-भवन के विभिन्न हिस्सों को ऐसी सभी गतिविधियों के लिए दिया जाएगा
-जो गतिविधियां उस क्षेत्र में मास्टर प्लान के तहत हैं संभव
-इन विभिन्न गतिविधियों के बदल जेडीए वसूलेगा किराया
-जेडीए के अधिकतर सामुदायिक केंद्र हैं खस्ताहाल
-इसके चलते इनकी नहीं हो रही है बुकिंग
-विभिन्न आयोजनों के लिए आमजन नहीं कर रहे हैं बुकिंग
-पहले पांच सामुदायिक केंद्रों की बनेगी कार्य योजना
-इनके मल्टीपर्पज यूज की बनाई जाएगी कार्य योजना
-इनमें मालवीय नगर स्थित दो, वैशाली नगर का एक,
-विद्याधर नगर का एक और
-त्रिवेणी नगर का एक सामुदायिक केंद्र है शामिल